{"_id":"65e9a23fdcf40a5dc4056144","slug":"seeing-opd-locked-patients-returned-without-treatment-mandi-news-c-90-1-ssml1025-121282-2024-03-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Mandi News: ओपीडी में ताला देख बिना इलाज लौटे मरीज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Mandi News: ओपीडी में ताला देख बिना इलाज लौटे मरीज
विज्ञापन
नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर में बाधित रहीं सेवाएं
पांच प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में भी भटकते रहे मरीज
संवाद न्यूज एजेंसी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। चिकित्सकों की सामूहिक हड़ताल से नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर की आपात सेवाएं भी बाधित रहीं। मुख्य ओपीडी पर ताला देखकर उपचार करवाए बिना ही कई मरीज लौट आए। वीरवार को जोगिंद्रनगर उपमंडल के पांच प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और तीन बड़े अस्पतालों में चिकित्सकों की हड़ताल का असर देखने को मिला।
सौ बिस्तरों वाले नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर की आपात सेवाओं में तैनात विशेषज्ञ चिकित्सक डॉ. विजेंद्र ने गंभीर मरीजों को उपचार दिलाया, लेकिन सामान्य बीमारी से ग्रस्त मरीज भी ओपीडी में सुबह से शाम तक आते रहे। नागरिक अस्पताल लडभड़ोल में उपचार के लिए मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ी। सामुदायिक अस्पताल चौंतड़ा की आपात सेवाओं में तैनात डॉ. अंशुल ने गंभीर मरीजों का उपचार किया। वीरवार को चिकित्सकों की हड़ताल से हर वर्ग के मरीजों को परेशान होना पड़ा। कई किलोमीटर का सफर करने के बाद जब अस्पताल पहुंचे तो ओपीडी पर ताला लटका हुआ देखकर कुछ मरीजों ने रोष भी व्यक्त किया।
रोगी वार्ड में दाखिल मरीजों को भी चिकित्सा परामर्श हासिल करने के लिए दिक्कतें झेलनी पड़ीं। बाल रोगी वार्ड में दाखिल मरीज भी विशेषज्ञ चिकित्सकों की राह देखते रहे। अस्पताल के एसएमओ डॉ. रोशन लाल कौंडल ने बताया कि अपनी मांगों को लेकर प्रदेशभर के चिकित्सकों ने सामूहिक हड़ताल का निर्णय लिया है। हालांकि स्थानीय अस्पताल की आपात सेवाओं में फिर भी चिकित्सकों ने हर वर्ग के मरीजों को प्राथमिक देकर राहत प्रदान की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
पांच प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में भी भटकते रहे मरीज
संवाद न्यूज एजेंसी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। चिकित्सकों की सामूहिक हड़ताल से नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर की आपात सेवाएं भी बाधित रहीं। मुख्य ओपीडी पर ताला देखकर उपचार करवाए बिना ही कई मरीज लौट आए। वीरवार को जोगिंद्रनगर उपमंडल के पांच प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और तीन बड़े अस्पतालों में चिकित्सकों की हड़ताल का असर देखने को मिला।
सौ बिस्तरों वाले नागरिक अस्पताल जोगिंद्रनगर की आपात सेवाओं में तैनात विशेषज्ञ चिकित्सक डॉ. विजेंद्र ने गंभीर मरीजों को उपचार दिलाया, लेकिन सामान्य बीमारी से ग्रस्त मरीज भी ओपीडी में सुबह से शाम तक आते रहे। नागरिक अस्पताल लडभड़ोल में उपचार के लिए मरीजों को परेशानी झेलनी पड़ी। सामुदायिक अस्पताल चौंतड़ा की आपात सेवाओं में तैनात डॉ. अंशुल ने गंभीर मरीजों का उपचार किया। वीरवार को चिकित्सकों की हड़ताल से हर वर्ग के मरीजों को परेशान होना पड़ा। कई किलोमीटर का सफर करने के बाद जब अस्पताल पहुंचे तो ओपीडी पर ताला लटका हुआ देखकर कुछ मरीजों ने रोष भी व्यक्त किया।
विज्ञापन
रोगी वार्ड में दाखिल मरीजों को भी चिकित्सा परामर्श हासिल करने के लिए दिक्कतें झेलनी पड़ीं। बाल रोगी वार्ड में दाखिल मरीज भी विशेषज्ञ चिकित्सकों की राह देखते रहे। अस्पताल के एसएमओ डॉ. रोशन लाल कौंडल ने बताया कि अपनी मांगों को लेकर प्रदेशभर के चिकित्सकों ने सामूहिक हड़ताल का निर्णय लिया है। हालांकि स्थानीय अस्पताल की आपात सेवाओं में फिर भी चिकित्सकों ने हर वर्ग के मरीजों को प्राथमिक देकर राहत प्रदान की है।
विज्ञापन