{"_id":"583085884f1c1b3929900630","slug":"no-cash-in-banks-senior-citizen-angry","type":"story","status":"publish","title_hn":"दस हजार रुपये की पर्ची भरी, बैंक प्रबंधन ने दिए पांच हजार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दस हजार रुपये की पर्ची भरी, बैंक प्रबंधन ने दिए पांच हजार
मंडी
Updated Sat, 19 Nov 2016 10:32 PM IST
विज्ञापन
note
- फोटो : ani
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मंडी। जिला के अधिकतर बैंकों में बुजुर्गों को नोट एक्सचेंज न होने से परेशानी का सामना करना पड़ा। कैश की कमी से शहर की अधिकतर बैंक शाखाओं में मांग के अनुसार बुजुर्गों को कैश नहीं मिल सका। शहर की कुछेक बैंक शाखाओं में नोट एक्सचेंज करने की बजाए बुजुर्गों को अपने खातों में ही पैसा जमा करवाना पड़ा। कैश जमा करवाने के बाद बुजुर्गों ने बैंक खाते से पैसा निकाला।
विज्ञापन
एसबीआई मंडी की मेन ब्रांच में शनिवार को नोट एक्सचेंज करवाने आए दीनानाथ ने कहा कि बैंक कर्मियों ने उन्हें नोट एक्सचेंज करने की बजाए बैंक खाते में कैश जमा करवाने की हिदायत दी। बैंक कर्मियों का कहना था कि सीधे तौर पर नोट एक्सचेंज करने की सुविधा महज उन लोगों के लिए है, जिनके बैंक खाते नहीं है।
विज्ञापन
जिस कारण अधिकतर बुजुर्गों को 500 व एक हजार रुपये के नोट अपने खाते में जमा करवाने पड़े। इसके बाद बुजुर्गों ने अपने खातों से पैसा निकाला। केंद्र सरकार के एक सप्ताह में 24 हजार तक बैंक से पैसा निकालने के निर्देशों का बैंक प्रबंधक पालन नहीं कर रहे हैं। जिस कारण सैकड़ों किमी का सफर कर बैंक पहुंच रहे बुजुर्गों, महिलाओं तथा अन्य उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पीएनबी बैंक शाखा मोती बाजार में बुजुर्गों को मांग के मुताबिक अपने खातों से कैश नहीं मिल पाया।
विज्ञापन
शनिवार को सरकार ने बैंकों में सीनियर सिटीजन के लिए नोट एक्सचेंज का दिन घोषित किया था। लेकिन, शहर के अधिकतर बैंकों में बुजुर्गों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। बैंक शाखाओं में कैश की कमी होने के कारण इस बैंक शाखा में 5000 रुपये तक ही कैश उपभोक्ताओं को प्रदान किया गया। माधोप्रसाद शर्मा (74) ने कहा कि वह पीएनबी बैंक शाखा मोती बाजार में पैसा निकालने गए थे। उन्हें दस हजार रुपये की जरूरत थी। लेकिन, उनको अपने खाते से महज पांच हजार रुपये तक ही मिला। उन्होंने कहा कि बैंक में अधिकतर उपभोक्ताओं को मांग के अनुसार कैश नहीं मिला। सभी बुजुर्गों ने सरकार के आदेशों की पालना की मांग उठाई है। हालांकि, बैंक में तैनात बैंक कर्मी उपभोक्ताओं की हर कार्य को बेहतर तरीके से कर रहे हैं। लेकिन, बैंक प्रबंधन के निर्देशों के कारण बैंक कर्मियों व उपभोक्ताओं दोनों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। एसबीआई बैंक मंडी मेन ब्रांच के मुख्य प्रबंधक प्यार सिंह ने कहा कि नोट एक्सचेंज की सुविधा महज उन लोगों के लिए है। जिनके बैंक खाते नहीं है। जिन लोगों के बैंक खाते हैं, उनको नोट एक्सचेंज करवाने की बजाए बैंक खातों में पैसा जमा करवाना होगा।