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Mandi News: आरसीएफसी को बचाने के लिए केंद्र के 37 सवालों पर मंथन शुरू
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जोगिंद्रनगर पहुंची जांच टीम, 31वें दिन भी जारी रहा क्रमिक अनशन
दिल्ली में जवाब दाखिल होने के बाद संस्थान को मिलेगी संजीवनी
संवाद न्यूज एजेंसी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। क्षेत्रीय सह सुविधा केंद्र (आरसीएफसी) बचाओ संघर्ष समिति के प्रयासों के बाद संस्थान को पुनर्जीवित करने की कवायद तेज हो गई है। समिति ने हाल ही में आयुष मंत्री यादविंदर गोमा से मुलाकात कर प्रोजेक्ट मैनेजमेंट कमेटी को विशेष निर्देश जारी करवाए थे। राष्ट्रीय औषधीय पादप बोर्ड द्वारा पूछे गए 37 सवालों के पूर्व जवाबों से असंतुष्ट केंद्र के बाद अब कमेटी ने नए सिरे से तथ्य और साक्ष्य जुटाकर जवाब तैयार करने का काम शुरू कर दिया है। कमेटी के चेयरमैन एवं आयुर्वेदिक कॉलेज पपरोला के प्राचार्य प्रो. विजय चौधरी के निर्देश पर सेक्शन ऑफिसर ने जोगिंद्रनगर स्थित आरसीएफसी कार्यालय पहुंचकर प्रक्रिया शुरू करवाई। जल्द ही पांच सदस्यीय कमेटी की बैठक में जवाबों को अंतिम रूप देकर दिल्ली भेजा जाएगा, ताकि केंद्रीय ग्रांट बहाल हो सके।
उधर, संस्थान को बचाने और किसानों की लंबित सुविधाएं बहाल करने की मांग को लेकर आंदोलन 31वें दिन भी जारी रहा। शनिवार को पूर्व भाजयुमो जोगिंद्रनगर महामंत्री नीतीश ठाकुर, अभिषेक कुमार, निखिल कुमार और करण सिंह क्रमिक अनशन पर बैठे। धरना स्थल पर जिला परिषद सदस्य कुशाल भारद्वाज, जोगिंद्रनगर ट्रक यूनियन प्रधान अजय ठाकुर समेत अन्य लोगों ने आंदोलन को समर्थन दिया। संघर्ष समिति को उम्मीद है कि सही तथ्य दिल्ली भेजे जाने के बाद संस्थान को केंद्रीय सहायता मिलेगी और किसानों की सुविधाएं बहाल होंगी।
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दिल्ली में जवाब दाखिल होने के बाद संस्थान को मिलेगी संजीवनी
संवाद न्यूज एजेंसी
जोगिंद्रनगर (मंडी)। क्षेत्रीय सह सुविधा केंद्र (आरसीएफसी) बचाओ संघर्ष समिति के प्रयासों के बाद संस्थान को पुनर्जीवित करने की कवायद तेज हो गई है। समिति ने हाल ही में आयुष मंत्री यादविंदर गोमा से मुलाकात कर प्रोजेक्ट मैनेजमेंट कमेटी को विशेष निर्देश जारी करवाए थे। राष्ट्रीय औषधीय पादप बोर्ड द्वारा पूछे गए 37 सवालों के पूर्व जवाबों से असंतुष्ट केंद्र के बाद अब कमेटी ने नए सिरे से तथ्य और साक्ष्य जुटाकर जवाब तैयार करने का काम शुरू कर दिया है। कमेटी के चेयरमैन एवं आयुर्वेदिक कॉलेज पपरोला के प्राचार्य प्रो. विजय चौधरी के निर्देश पर सेक्शन ऑफिसर ने जोगिंद्रनगर स्थित आरसीएफसी कार्यालय पहुंचकर प्रक्रिया शुरू करवाई। जल्द ही पांच सदस्यीय कमेटी की बैठक में जवाबों को अंतिम रूप देकर दिल्ली भेजा जाएगा, ताकि केंद्रीय ग्रांट बहाल हो सके।
उधर, संस्थान को बचाने और किसानों की लंबित सुविधाएं बहाल करने की मांग को लेकर आंदोलन 31वें दिन भी जारी रहा। शनिवार को पूर्व भाजयुमो जोगिंद्रनगर महामंत्री नीतीश ठाकुर, अभिषेक कुमार, निखिल कुमार और करण सिंह क्रमिक अनशन पर बैठे। धरना स्थल पर जिला परिषद सदस्य कुशाल भारद्वाज, जोगिंद्रनगर ट्रक यूनियन प्रधान अजय ठाकुर समेत अन्य लोगों ने आंदोलन को समर्थन दिया। संघर्ष समिति को उम्मीद है कि सही तथ्य दिल्ली भेजे जाने के बाद संस्थान को केंद्रीय सहायता मिलेगी और किसानों की सुविधाएं बहाल होंगी।
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