मंडी। हिमाचल प्रदेश राजकीय कॉलेज प्राध्यापक संघ ने सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को लागू करने की मांग करते हुए प्रेक्टिकल परीक्षाओं का बहिष्कार शुरू कर दिया है। वहीं, महाविद्यालय के प्राध्यापकों ने पूरे प्रदेश स्तर पर बीए, बीएससी, बीकॉम सहित सभी परीक्षाओं की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन का बहिष्कार जारी रखा है।
राज्य कमेटी के आह्वान पर बुधवार को वल्लभ राजकीय महाविद्यालय मंडी इकाई की बैठक की अध्यक्षता करते हुए प्रधान डॉ. जसवंत सिंह ठाकुर ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार से आश्वासन मिलने के बावजूद कई वर्षों से यूनिवर्सिटी ग्रांट कमिशन (यूजीसी) के सातवें वेतन आयोग की सिफारिशों को महाविद्यालय और विश्वविद्यालयों के प्राध्यापकों के लिए लागू नहीं किया गया।
वहीं, लगभग सभी राज्यों में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के मुताबिक सातवां वेतन आयोग लागू हो चुका है। महासचिव प्रो. अर्चना शुक्ला ने कहा कि एचजीसीटीए की राज्य कमेटी के बुधवार से उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन और प्रेक्टिकल परीक्षाओं का बहिष्कार प्रारंभ कर दिया है। बैठक में प्रो. संजय सहगल, प्रो. ओपी ठाकुर प्रोफेसर, प्रो. मेहर चंद, प्रो.ज्योत्स्ना, प्रो शकुंतला, प्रो. राजकुमार, आदि मौजूद रहे।