{"_id":"6836051153ee24cb9e023f9d","slug":"you-dont-have-to-climb-mountains-to-talk-to-your-loved-ones-kullu-news-c-89-1-ssml1015-148482-2025-05-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kullu News: अपनों से बात करने के लिए नहीं चढ़ना पड़ेगा पहाड़","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kullu News: अपनों से बात करने के लिए नहीं चढ़ना पड़ेगा पहाड़
Wed, 28 May 2025 06:00 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
Updated Wed, 28 May 2025 06:00 AM IST
विज्ञापन
सैंज घाटी के मैल गांव में बीएसएनएल का टावर स्थापित करने का काम शुरू।-संवाद
न्यूली/सैंज कुल्लू। जिला कुल्लू की सैंज घाटी के दुर्गम गांवों के ग्रामीणों को अब अपनों से बात करने के लिए पहाड़ नहीं चढ़ना पड़ेगा। भारत संचार निगम लिमिटेड (बीएसएनएल) ने ग्रामीणों के दर्द को समझते हुए टावर स्थापित करने का निर्णय लिया है। ऐसे में घाटी के दुर्गम गांव मरौड़, मैल और शुगाड़ में बीएसएनएल नेटवर्क की सुविधा मिलेगी।
वहीं, बीएसएनएल ने मैल गांव में टावर स्थापित करने का काम शुरू कर दिया है। इससे ग्रामीणों को नेटवर्क संबंधी समस्या से जल्द निजात मिलेगी। गौर रहे कि शुगाड़, मैल और मरौड़ गांव में नेटवर्क न होने से ग्रामीणों को अपनों से बात करने के लिए पहाड़ी पर चढ़ना पड़ता है। अब टावर स्थापित होने से नेटवर्क की समस्या काफी हद तक खत्म हो जाएगी। इससे ग्रामीण अब ऑनलाइन कामकाज भी घर बैठे कर सकेंगे। स्थानीय ग्रामीणों के साथ स्कूल, काॅलेज और प्रशिक्षण संस्थानों में अध्ययनरत विद्यार्थी भी ऑनलाइन माध्यम से पढ़ाई कर सकेंगे। इस संबंध में बीएसएनएल के एजीएम सत्यम ने कहा कि जिला के दुर्गम क्षेत्रों में नेटवर्क सुविधा को सुदृढ़ किया जा रहा है। इसके चलते सैंज घाटी के दुर्गम गांवों में भी टावर स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सैंज के दुर्गम गांव मैल, मरौड़ और शुगाड़ में तीन टावर स्थापित किए जाएंगे। मैल गांव में टावर स्थापित करने का काम आरंभ कर दिया गया है।
विज्ञापन
वहीं, बीएसएनएल ने मैल गांव में टावर स्थापित करने का काम शुरू कर दिया है। इससे ग्रामीणों को नेटवर्क संबंधी समस्या से जल्द निजात मिलेगी। गौर रहे कि शुगाड़, मैल और मरौड़ गांव में नेटवर्क न होने से ग्रामीणों को अपनों से बात करने के लिए पहाड़ी पर चढ़ना पड़ता है। अब टावर स्थापित होने से नेटवर्क की समस्या काफी हद तक खत्म हो जाएगी। इससे ग्रामीण अब ऑनलाइन कामकाज भी घर बैठे कर सकेंगे। स्थानीय ग्रामीणों के साथ स्कूल, काॅलेज और प्रशिक्षण संस्थानों में अध्ययनरत विद्यार्थी भी ऑनलाइन माध्यम से पढ़ाई कर सकेंगे। इस संबंध में बीएसएनएल के एजीएम सत्यम ने कहा कि जिला के दुर्गम क्षेत्रों में नेटवर्क सुविधा को सुदृढ़ किया जा रहा है। इसके चलते सैंज घाटी के दुर्गम गांवों में भी टावर स्थापित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि सैंज के दुर्गम गांव मैल, मरौड़ और शुगाड़ में तीन टावर स्थापित किए जाएंगे। मैल गांव में टावर स्थापित करने का काम आरंभ कर दिया गया है।
विज्ञापन