फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Kullu News ›   ... Life started settling again in the deserted Tandi village

Kullu News: ... उजड़ चुके तांदी गांव में फिर बसने लगी जिंदगी

Fri, 07 Mar 2025 10:41 PM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू
संवाद न्यूज एजेंसी, कुल्लू Updated Fri, 07 Mar 2025 10:41 PM IST
विज्ञापन
... Life started settling again in the deserted Tandi village
देव आज्ञा के बाद गांव के करीब 90 फीसदी लोगों ने शुरू किया घर बनाने का काम
विज्ञापन

नए स्वरूप में बसेगा गांव, कंकरीट से मकान और लकड़ी से बनेगा देवता का भंडार
भीषण अग्निकांड में 17 घर जलकर हो गए थे राख, घर के निर्माण की नींव रखी

गौरीशंकर
कुल्लू। भीषण आग से उजड़े तांदी गांव में फिर से जिंदगी बसाने की कवायद शुरू हो गई है। लोग अपने घरों को गंवाने के सदमे से बाहर निकलकर फिर से आशियाने बनाने में जुट गए हैं।
हालांकि, घटना के बाद देवी-देवताओं के स्वर्ग प्रवास और मंदिरों के कपाट बंद होने के कारण प्रभावित अपने घर के निर्माण का कार्य शुरू नहीं कर पाए थे। अब जैसे-जैसे देवी-देवता स्वर्ग प्रवास से लौटने लगे हैं तो लोगों ने देव आज्ञा मिलते ही अपने घर बनाने का काम शुरू कर दिया है।
विज्ञापन

इन दिनों करीब 90 फीसदी लोगों ने जलकर खाक हुए मकान की जगह को साफ कर यहां फिर से नए घर की नींव रखकर निर्माण शुरू कर दिया है। लिहाजा, अब धीरे-धीरे उनके घर बनने शुरू हो गए हैं। स्थानीय लोगों की मानें तो हालांकि उनके पुरानी यादों को संजोए हुए घर राख हो चुके हैं, लेकिन जीवन में आगे बढ़ते हुए नए घर का निर्माण करना जरूरी है। गौरतलब है कि भीषण अग्निकांड में तांदी गांव में 17 घर जलकर राख के ढेर में बदल गए थे।
विज्ञापन
विज्ञापन

--
आधुनिक शैली में बसेगा गांव
पुरातन भवन निर्माण शैली के घर राख होने के बाद अब यहां कंकरीट के मकान खड़े होंगे, जिससे अब पुरानी भवन निर्माण शैली का स्वरूप देखने को नहीं मिलेगा। इससे पहले बसे गांव में लकड़ी और पत्थर से बने काठकूनी शैली के घर बने थे, लेकिन अब लकड़ी के अभाव और जल्द घर बने इसको देखते हुए यहां आधुनिक भवन निर्माण शैली का गांव बसना शुरू हो गया है।
--
लकड़ी से बनेगा देवता का भंडार
लोगों की मानें तो भले ही वह अपने घरों को मजबूरी में कंकरीट से बनाएंगे, लेकिन देवता शेषनाग का भंडार लकड़ी से ही बनेगा। यह भंडार पुरातन भवन निर्माण शैली से तैयार किया जाएगा। लिहाजा, भंडार निर्माण के लिए भी पूजा अर्चना की जा चुकी है और निर्माण आरंभ कर दिया है- इसके लिए लकड़ी का प्रबंध किया जा रहा है।

--
इन्होंने शुरू किया निर्माण
स्थानीय निवासी कैप्टन किशन सिंह का कहना है कि लोगों ने अपने अपने घरों का निर्माण कार्य आरंभ कर दिया है। इसमें दलीप सिंह, रोहित राणा, रविंद्र सिंह, किशोर कुमार, चेतन सिंह, रमेश कुमार, चैन सिंह, समेर, किशन सिंह, महेंद्र सिंह, लोत राम आदि ने अपने घर को बनाने का काम शुरू कर दिया है।
--
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed