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भीतर के डर को खत्म कर बढ़ें आगे
Kullu
Updated Thu, 18 Oct 2012 12:00 PM IST
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कुल्लू/पतलीकूहल। खुद पर विश्वास और अपने गुणों की पहचान कर समय की कीमत समझ ली तो मंजिल पाना मुश्किल नहीं। दूसरों में बुराई ढूंढने के बजाए उसके अच्छे गुणों की परख कर उसे अपनाकर भी आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है तथा नेतृत्व करने की क्षमता में इजाफा होता है। यह टिप्स युवाओं को कुल्लू में चल रहे व्यक्तित्व विकास शिविर में दिए गए। शिविर का आयोजन जिला युवा सेवाएं एवं खेल विभाग करवा रहा है।
बुधवार को व्यक्तित्व विकास की प्रेक्टिकल एक्सरसाइज भी करवाई गई। उन्होंने कहा कि सीखने की कोई उम्र नहीं होती। अपने आसपास के माहौल से भी काफी कुछ सीखा जा सकता है। उन्होंने कहा कि व्यक्तित्व निर्माण जरूरी है। वक्ताओं ने कहा कि सोच को हमेशा सकारात्मक रखें। कुदरत के दिए प्रदान गुणों को पहचानने की ताकत होना चाहिए। दूसरों में बुराई देखने के बजाए उनकी अच्छाईयों को ग्रहण करने की आदत विकसित करनी चाहिए। अपने भीतर के डर को अपने ऊपर हावी न होने दें।
एमचंद्र और कुमारी राधिका ने युवा मंडलों को आर्थिक पक्ष सुदृढ़ करने की दिशा में काम करने को प्रेरित किया। आय सृजन परियोजना से जुड़ी जानकारी भी दी। इसके बाद शिविर के प्रतिभागियों के बीच समूह चर्चा और विभिन्न विषयों पर वादविवाद करवाया गया। पर्यावरण संरक्षण के उपाय, पंचायतीराज एवं उसकी व्यवस्था के पर विचार रखे। प्रतिभागियों की समूह चर्चा के बाद रिपार्ट प्रस्तुत की गई। इसे आगामी युवा मंडल कार्य मंडल कार्य योजना का महत्वपूर्ण का हिस्सा बनाया जाएगा। जिला युवा सेवाएं एवं खेल अधिकारी संजय शर्मा ने बताया कि युवाओं के विकास को भविष्य में भी ऐसे कैंप आयोजित किए जाएंगे।
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बुधवार को व्यक्तित्व विकास की प्रेक्टिकल एक्सरसाइज भी करवाई गई। उन्होंने कहा कि सीखने की कोई उम्र नहीं होती। अपने आसपास के माहौल से भी काफी कुछ सीखा जा सकता है। उन्होंने कहा कि व्यक्तित्व निर्माण जरूरी है। वक्ताओं ने कहा कि सोच को हमेशा सकारात्मक रखें। कुदरत के दिए प्रदान गुणों को पहचानने की ताकत होना चाहिए। दूसरों में बुराई देखने के बजाए उनकी अच्छाईयों को ग्रहण करने की आदत विकसित करनी चाहिए। अपने भीतर के डर को अपने ऊपर हावी न होने दें।
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एमचंद्र और कुमारी राधिका ने युवा मंडलों को आर्थिक पक्ष सुदृढ़ करने की दिशा में काम करने को प्रेरित किया। आय सृजन परियोजना से जुड़ी जानकारी भी दी। इसके बाद शिविर के प्रतिभागियों के बीच समूह चर्चा और विभिन्न विषयों पर वादविवाद करवाया गया। पर्यावरण संरक्षण के उपाय, पंचायतीराज एवं उसकी व्यवस्था के पर विचार रखे। प्रतिभागियों की समूह चर्चा के बाद रिपार्ट प्रस्तुत की गई। इसे आगामी युवा मंडल कार्य मंडल कार्य योजना का महत्वपूर्ण का हिस्सा बनाया जाएगा। जिला युवा सेवाएं एवं खेल अधिकारी संजय शर्मा ने बताया कि युवाओं के विकास को भविष्य में भी ऐसे कैंप आयोजित किए जाएंगे।
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