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डंपिंग साइट को लेकर बढ़ा तनाव] एफआईआर दर्ज, धारा 144 लागू
Updated Sun, 16 Sep 2018 09:44 PM IST
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प्रदर्शन
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो
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अमर उजाला ब्यूरो
मौहल (कुल्लू)। जिला मुख्यालय के साथ लगते मौहल के पिरड़ी में कूड़ा संयंत्र के विरोध से तनाव बढ़ गया है। लगातार दूसरे दिन ग्रामीणों ने संयंत्र को जाने वाले मार्ग को बंद कर जोरदार प्रदर्शन किया। लोगाें को शांत करने की कोशिशें नाकाम रहने पर प्रशासन ने इलाके में धारा 144 लागू कर दी है। प्रशासन के कामकाज में दखल देने के आरोप में लोगाें के खिलाफ थाने में एफआईआर भी दर्ज कर ली गई है।
दूसरे दिन भी लोगों व प्रशासन के बीच बातचीत बेनतीजा रही। मौके पर पहुंचे प्रशासनिक अधिकारियों व पुलिस बल ने रास्ता खुलवाने की तमाम कोशिशें की जो नाकाम रहीं। नगर परिषद कुल्लू व नगर पंचायत भुंतर की कूड़ा उठाने वाली कोई भी गाड़ी डंपिंग साइट तक नहीं पहुंच पाई। आखिरकार अब मामले में पुलिस थाना कुल्लू में सरकारी काम में बाधा पहुंचाने का मामला दर्ज करवाया गया है। एफआईआर में किसी व्यक्ति विशेष को शामिल नहीं किया गया है। इसमें लोगों की ओर से सरकारी काम में पहुंचाने और सड़क में गड्ढे बनाने व पत्थर रखने का भी हवाला दिया है। वन अधिकार समिति के सदस्य एनजीटी के जून 2017 के आदेशों के मुताबिक अपनी बात पर अड़े रहे। जबकि कानूनी तौर पर इस मुद्दे पर प्रशासन कमजोर दिखा। इससे पहले प्रशासन ने ग्रामीणों से छह माह का समय मांगा तथा कहा कि मनाली में बनने वाले विद्युत उत्पादन प्लांट बनने के उपरांत पिरड़ी में कूड़ा डंप नहीं किया जाएगा। इस पर मौहल के अरुण शर्मा ने कहा कि इलाके के निवासी 20 वर्षों से बदबू का सामना कर रहे हैं। वन अधिकार समिति के प्रधान जोगिंदर ने कहा कि बल्ह पंचायत की ओर से 1996 में अनुमति इस आधार पर दी गई थी कि कूड़ा जमीन के नीचे दबाया जाएगा। संयंत्र में वैज्ञानिक तरीके से कूड़ा निष्पादन नहीं किया जा रहा है। एनजीटी के आदेशों की अवहेलना की जा रही है। एनजीटी की अवहेलना करने की एवज में नगर परिषद पर एफआईआर दर्ज की जानी चाहिए। इस दौरान अभय, नवीन, पिकेश, टिक्कम, चुन्नी, लवेश, होमिंद्र, दलीप, खुशाल, सन्नी, बेअंत सिंह, नवनीत सूद, विक्रांत, मोहित बाली, अनिलकांत, सूर्यकांत, राजीव शर्मा, अरुण शर्मा, अशोक, मीरा, पूजा, चंद्र, टिक्कम राम, महेंद्र सिंह, अनिल, केएन नेगी, जीत राम, संत राम, डॉ. दीपक कपूर आदि मौजूद रहे।
मामला नहीं सुलझने से बढ़ा विवाद
कुल्लू। नगर परिषद कुल्लू ने डंपिंग साइट पर सफाई कर्मियों के साथ मारपीट व सरकारी में बाधा पहुंचाने, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की आशंका के चलते एसडीएम को पत्र लिखा था। बल्ह पंचायत के कुछ लोगों व वन अधिकार समिति ने डंपिंग साइट को जाने वाले संपर्क मार्ग को बंद कर रखा है। नगर परिषद ने कहा कि मामले को सुलझाने का प्रयास किया गया। लेकिन विवाद और बढ़ने से यहां धारा 144 लगाई जाए। एसडीएम कुल्लू डॉ. अमित गुलेरिया ने कहा कि पिरड़ी क्षेत्र में धारा 144 लगा दी है।
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मौहल (कुल्लू)। जिला मुख्यालय के साथ लगते मौहल के पिरड़ी में कूड़ा संयंत्र के विरोध से तनाव बढ़ गया है। लगातार दूसरे दिन ग्रामीणों ने संयंत्र को जाने वाले मार्ग को बंद कर जोरदार प्रदर्शन किया। लोगाें को शांत करने की कोशिशें नाकाम रहने पर प्रशासन ने इलाके में धारा 144 लागू कर दी है। प्रशासन के कामकाज में दखल देने के आरोप में लोगाें के खिलाफ थाने में एफआईआर भी दर्ज कर ली गई है।
दूसरे दिन भी लोगों व प्रशासन के बीच बातचीत बेनतीजा रही। मौके पर पहुंचे प्रशासनिक अधिकारियों व पुलिस बल ने रास्ता खुलवाने की तमाम कोशिशें की जो नाकाम रहीं। नगर परिषद कुल्लू व नगर पंचायत भुंतर की कूड़ा उठाने वाली कोई भी गाड़ी डंपिंग साइट तक नहीं पहुंच पाई। आखिरकार अब मामले में पुलिस थाना कुल्लू में सरकारी काम में बाधा पहुंचाने का मामला दर्ज करवाया गया है। एफआईआर में किसी व्यक्ति विशेष को शामिल नहीं किया गया है। इसमें लोगों की ओर से सरकारी काम में पहुंचाने और सड़क में गड्ढे बनाने व पत्थर रखने का भी हवाला दिया है। वन अधिकार समिति के सदस्य एनजीटी के जून 2017 के आदेशों के मुताबिक अपनी बात पर अड़े रहे। जबकि कानूनी तौर पर इस मुद्दे पर प्रशासन कमजोर दिखा। इससे पहले प्रशासन ने ग्रामीणों से छह माह का समय मांगा तथा कहा कि मनाली में बनने वाले विद्युत उत्पादन प्लांट बनने के उपरांत पिरड़ी में कूड़ा डंप नहीं किया जाएगा। इस पर मौहल के अरुण शर्मा ने कहा कि इलाके के निवासी 20 वर्षों से बदबू का सामना कर रहे हैं। वन अधिकार समिति के प्रधान जोगिंदर ने कहा कि बल्ह पंचायत की ओर से 1996 में अनुमति इस आधार पर दी गई थी कि कूड़ा जमीन के नीचे दबाया जाएगा। संयंत्र में वैज्ञानिक तरीके से कूड़ा निष्पादन नहीं किया जा रहा है। एनजीटी के आदेशों की अवहेलना की जा रही है। एनजीटी की अवहेलना करने की एवज में नगर परिषद पर एफआईआर दर्ज की जानी चाहिए। इस दौरान अभय, नवीन, पिकेश, टिक्कम, चुन्नी, लवेश, होमिंद्र, दलीप, खुशाल, सन्नी, बेअंत सिंह, नवनीत सूद, विक्रांत, मोहित बाली, अनिलकांत, सूर्यकांत, राजीव शर्मा, अरुण शर्मा, अशोक, मीरा, पूजा, चंद्र, टिक्कम राम, महेंद्र सिंह, अनिल, केएन नेगी, जीत राम, संत राम, डॉ. दीपक कपूर आदि मौजूद रहे।
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मामला नहीं सुलझने से बढ़ा विवाद
कुल्लू। नगर परिषद कुल्लू ने डंपिंग साइट पर सफाई कर्मियों के साथ मारपीट व सरकारी में बाधा पहुंचाने, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की आशंका के चलते एसडीएम को पत्र लिखा था। बल्ह पंचायत के कुछ लोगों व वन अधिकार समिति ने डंपिंग साइट को जाने वाले संपर्क मार्ग को बंद कर रखा है। नगर परिषद ने कहा कि मामले को सुलझाने का प्रयास किया गया। लेकिन विवाद और बढ़ने से यहां धारा 144 लगाई जाए। एसडीएम कुल्लू डॉ. अमित गुलेरिया ने कहा कि पिरड़ी क्षेत्र में धारा 144 लगा दी है।
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