{"_id":"6730b4b05b48eb6f730c5d52","slug":"what-kind-of-facility-is-this-farmers-are-pleading-to-sell-paddy-kangra-news-c-95-1-ssml1021-154027-2024-11-10","type":"story","status":"publish","title_hn":"Kangra News: शिव मंदिर बैजनाथ में वैकुंठ चौदस पर होगी अखरोटों की बारिश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Kangra News: शिव मंदिर बैजनाथ में वैकुंठ चौदस पर होगी अखरोटों की बारिश
Mon, 11 Nov 2024 06:56 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
Updated Mon, 11 Nov 2024 06:56 AM IST
विज्ञापन
ऐतिहासिक शिव मंदिर पर बरसाए जाएंगे 15 हजार अखरोट
भगवान विष्णु के मत्स्य अवतार धारण के अवसर होगा कार्यक्रम
संवाद न्यूज एजेंसी
बैजनाथ (कांगड़ा)। ऐतिहासिक शिव मंदिर बैजनाथ में वीरवार को वैकुंठ चौदस पर वर्षों से चली आ रही रीत के तहत अखरोटों की बारिश होगी। वैकुंठ चौदस पर इस बार शिव मंदिर से 15 हजार अखरोटों की बारिश की जाएगी। मंदिर के पुजारी देर शाम को होने वाली आरती के बाद मंदिर के दाई ओर स्थित मां पीतांबरी देवी की मूर्ति की पूजा-अर्चना के बाद मंदिर के ऊपर से अखरोटों की बारिश को अंजाम देंगे और मंदिर परिसर के अंदर और बाहर पार्क में मौजूद सैकड़ों श्रद्धालु इन अखरोटों को प्रसाद के रूप में ग्रहण करेंगे।
मंदिर पुजारी सुरेंद्र आचार्य ने बताया कि पौराणिक मान्यताओं के अनुसार संखासुर नामक राक्षस ने सभी देवताओं का राज पाठ छीन लिया और भगवान इंद्र के सिंहासन पर बैठकर राज करने लगा। इतना सब होने के बाद भी शंखासुर को लगा कि राज पाठ छीने जाने के बाद भी देवता खुश हैं, तब उसने देवताओं के बीज मंत्र छीनने की योजना बनाई। यह सब जान कर सभी देवता भगवान ब्रह्मा की शरण में चले गए और सहायता की गुहार लगाई। भगवान ब्रह्मा ने सुप्त शैय्या पर विराजमान भगवान विष्णु को देवताओं की सहायता करने को कहा। तब भगवान विष्णु ने मत्स्य रूप धारण कर शंखासुर राक्षस का वध कर देवताओं को उनका राज पाठ वापस किया। इसी उपलक्ष्य में हर साल वैकुंठ चौदस पर यह समारोह आयोजित किया जाता है। मंदिर न्यास के ट्रस्टी घनश्याम अवस्थी, मिलाप राणा, इंद्र नंदा, सुरेश शर्मा आदि ने बताया कि इस बार 15 हजार से अधिक अखरोट बारिश के दौरान बरसाए जाएंगे। उधर, एसडीएम देवी चंद ठाकुर ने बताया कि समारोह को लेकर सोमवार को दिशा निर्देश जारी किए जाएंगे।
विज्ञापन
भगवान विष्णु के मत्स्य अवतार धारण के अवसर होगा कार्यक्रम
संवाद न्यूज एजेंसी
बैजनाथ (कांगड़ा)। ऐतिहासिक शिव मंदिर बैजनाथ में वीरवार को वैकुंठ चौदस पर वर्षों से चली आ रही रीत के तहत अखरोटों की बारिश होगी। वैकुंठ चौदस पर इस बार शिव मंदिर से 15 हजार अखरोटों की बारिश की जाएगी। मंदिर के पुजारी देर शाम को होने वाली आरती के बाद मंदिर के दाई ओर स्थित मां पीतांबरी देवी की मूर्ति की पूजा-अर्चना के बाद मंदिर के ऊपर से अखरोटों की बारिश को अंजाम देंगे और मंदिर परिसर के अंदर और बाहर पार्क में मौजूद सैकड़ों श्रद्धालु इन अखरोटों को प्रसाद के रूप में ग्रहण करेंगे।
मंदिर पुजारी सुरेंद्र आचार्य ने बताया कि पौराणिक मान्यताओं के अनुसार संखासुर नामक राक्षस ने सभी देवताओं का राज पाठ छीन लिया और भगवान इंद्र के सिंहासन पर बैठकर राज करने लगा। इतना सब होने के बाद भी शंखासुर को लगा कि राज पाठ छीने जाने के बाद भी देवता खुश हैं, तब उसने देवताओं के बीज मंत्र छीनने की योजना बनाई। यह सब जान कर सभी देवता भगवान ब्रह्मा की शरण में चले गए और सहायता की गुहार लगाई। भगवान ब्रह्मा ने सुप्त शैय्या पर विराजमान भगवान विष्णु को देवताओं की सहायता करने को कहा। तब भगवान विष्णु ने मत्स्य रूप धारण कर शंखासुर राक्षस का वध कर देवताओं को उनका राज पाठ वापस किया। इसी उपलक्ष्य में हर साल वैकुंठ चौदस पर यह समारोह आयोजित किया जाता है। मंदिर न्यास के ट्रस्टी घनश्याम अवस्थी, मिलाप राणा, इंद्र नंदा, सुरेश शर्मा आदि ने बताया कि इस बार 15 हजार से अधिक अखरोट बारिश के दौरान बरसाए जाएंगे। उधर, एसडीएम देवी चंद ठाकुर ने बताया कि समारोह को लेकर सोमवार को दिशा निर्देश जारी किए जाएंगे।
विज्ञापन