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Kangra News: खड्ड पर पुल बनाने और पंचायत घर की मांग पर अड़ीं पूर्व प्रधान
Mon, 07 Sep 2026 07:42 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
Updated Mon, 07 Sep 2026 07:42 AM IST
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लंबागांव/जालग (कांगड़ा)। कोसरी पंचायत के उम्बर बल्ही, बल्ह और महाराज नगर (दबाटा) गांवों को जोड़ने वाली खड्ड पर पुल निर्माण और टंबर में पंचायत घर की मांग को लेकर पूर्व प्रधान नेहा वर्मा की भूख हड़ताल रविवार को चौथे दिन भी जारी रही। बल्ह गांव में चल रहे इस आंदोलन को स्थानीय ग्रामीणों और महिला मंडलों का भरपूर समर्थन मिल रहा है।
नेहा वर्मा ने कहा कि बरसात में खड्ड का जलस्तर बढ़ने से ग्रामीणों का संपर्क मुख्य सड़क से कट जाता है। सबसे ज्यादा परेशानी बुजुर्गों, बच्चों और गर्भवती महिलाओं को झेलनी पड़ती है। कई बार मरीजों को पालकी या चारपाई पर उठाकर जोखिम भरे पानी से पार करवाना पड़ता है। उन्होंने साफ कहा कि समस्या दशकों पुरानी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
भूख हड़ताल के तीसरे दिन तहसीलदार ललित ठाकुर ने मौके पर पहुंचकर बातचीत की थी। हालांकि नेहा वर्मा ने मौखिक आश्वासन को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने दो टूक कहा कि जब तक प्रशासन दोनों मांगों पर ठोस लिखित आश्वासन नहीं देता, अनशन खत्म नहीं होगा। डॉक्टरों की टीम लगातार उनके स्वास्थ्य की निगरानी कर रही है।
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रविवार को आंदोलन को समर्थन देने आम आदमी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता काली दास कोली और भाजपा महामंत्री राजेश रानू भी पहुंचे। आप प्रवक्ता काली दास कोली ने कहा कि हाल ही में प्रसूता को चारपाई पर और एक महिला के शव को हाथों में उठाकर नदी पार करवानी पड़ी, जो बेहद शर्मनाक है। उन्होंने सरकार से तुरंत लिखित आश्वासन देकर अनशन समाप्त करवाने की मांग की।
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नेहा वर्मा ने कहा कि बरसात में खड्ड का जलस्तर बढ़ने से ग्रामीणों का संपर्क मुख्य सड़क से कट जाता है। सबसे ज्यादा परेशानी बुजुर्गों, बच्चों और गर्भवती महिलाओं को झेलनी पड़ती है। कई बार मरीजों को पालकी या चारपाई पर उठाकर जोखिम भरे पानी से पार करवाना पड़ता है। उन्होंने साफ कहा कि समस्या दशकों पुरानी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।
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भूख हड़ताल के तीसरे दिन तहसीलदार ललित ठाकुर ने मौके पर पहुंचकर बातचीत की थी। हालांकि नेहा वर्मा ने मौखिक आश्वासन को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने दो टूक कहा कि जब तक प्रशासन दोनों मांगों पर ठोस लिखित आश्वासन नहीं देता, अनशन खत्म नहीं होगा। डॉक्टरों की टीम लगातार उनके स्वास्थ्य की निगरानी कर रही है।
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रविवार को आंदोलन को समर्थन देने आम आदमी पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता काली दास कोली और भाजपा महामंत्री राजेश रानू भी पहुंचे। आप प्रवक्ता काली दास कोली ने कहा कि हाल ही में प्रसूता को चारपाई पर और एक महिला के शव को हाथों में उठाकर नदी पार करवानी पड़ी, जो बेहद शर्मनाक है। उन्होंने सरकार से तुरंत लिखित आश्वासन देकर अनशन समाप्त करवाने की मांग की।