फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Himachal Pradesh ›   Kangra News ›   Farmers are neither getting fertilizers nor wheat seeds

Kangra News: किसानों को न खाद मिल रही न गेहूं का बीज

Sun, 09 Nov 2025 12:35 AM IST
Shimla Bureau शिमला ब्यूरो
Updated Sun, 09 Nov 2025 12:35 AM IST
विज्ञापन
Farmers are neither getting fertilizers nor wheat seeds
कांगड़ा। जिले में रबी सीजन की शुरुआत के साथ ही गेहूं की बिजाई भी शुरू हो गई है लेकिन किसानों को इस बार खाद की कमी का सामना करना पड़ रहा है। 12-32-16 खाद के लिए किसान डिपुओं के चक्कर काट रहे हैं। कुछ सहकारी समितियों में सीमित मात्रा में खाद पहुंची भी लेकिन स्टॉक इतना कम था कि एक ही दिन में खत्म हो गया। वहीं, गेहूं के बीज की मांग को पूरा करने के लिए कृषि विभाग ने इस बार 26 हजार क्विंटल बीज की मांग भेजी थी, जिनमें से अब तक लगभग 20 हजार क्विंटल बीज ही पहुंचा है। यह बीज विभिन्न ब्लॉकों और सहकारी समितियों में बिक्री के लिए भेज दिया गया है।
विज्ञापन

किसानों को इस वर्ष बीज पर 10 रुपये प्रति किलो की दर से अनुदान दिया जा रहा है। कृषि विभाग के अनुसार 15 अक्तूबर से 15 नवंबर तक का समय कांगड़ा में गेहूं की बिजाई के लिए सबसे उपयुक्त माना जाता है। हालांकि, कई बार बरसात में देरी होने से किसान 15 दिसंबर तक भी बिजाई करते हैं लेकिन देर से बीजी गई फसल की पैदावार घट जाती है। जिला कांगड़ा में करीब एक लाख हेक्टेयर भूमि खेती योग्य है, जिसमें से 92 हजार हेक्टेयर क्षेत्र में गेहूं की खेती होती है। इनमें से केवल 36 प्रतिशत क्षेत्र में ही सिंचाई सुविधा उपलब्ध है, जबकि बाकी किसान वर्षा पर निर्भर हैं। किसानों सुरेंद्र, नरेश कुमार, संजय और प्रताप शर्मा ने संबंधित विभाग से बीज और खाद जल्द उपलब्ध करवाने की मांग की है। उधर, इंडियन फार्मर्स फर्टिलाइजर कोऑपरेटिव लिमिटेड (इफ्को) के जिला प्रबंधक श्रेय सूद से जब खाद के बारे में जानकारी लेनी चाही तो उन्होंने फोन नहीं उठाया।
विज्ञापन




ये हैं गेहूं बीज की मुख्य किस्में

इस बार कांगड़ा के लिए गेहूं के बीज की कई किस्मों का बीज किसानाें काे उपलब्ध करवाया जा रहा है। इनमें से मुख्यतः डीवीडब्ल्यू-187, डीवीडब्ल्यू-222, एचडी-3226, पीवीडब्ल्यू- 550, डीवीडब्ल्यू-303 और एचडी-3056 आदि किस्में बिक्री केंद्र में उपलव्ध हैं। यह गेहूं का बीज कृषि विक्रय केंद्राें के अतिरिक्त बीज लाइसेंस धारक कृषि सेवा सहकारी समितियों में भी उपलव्ध रहेगा। कोई भी किसान कृषि विक्रय केंद्र में अपना आधार कार्ड दिखा कर गेहूं का बीज प्राप्त कर सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

10 हजार बैग खाद की मांग मुख्यालय में भेजी हुई है। जैसे ही खाद का स्टॉक उपलब्ध होगा, वैसे ही किसानों को वितरित कर दी जाएगी।
-प्रदीप शर्मा, क्षेत्रीय प्रबंधक, हिमफेड कांगड़ा
जिले के लिए 26 हजार क्विंटल गेहूं बीज की मांग भेजी गई थी। उसमें से 20 हजार क्विंटल गेहूं बिक्री के लिए विभिन्न साेसायटियाें और ब्लॉकाें में भेज दी है। जिले में कृषि के 15 ब्लॉक हैं। छह हजार क्विंटल गेहूं का बीच जल्द कांगड़ा पहुंच जाएगा। 15 अक्तूबर से 15 नवंबर गेहूं की बिजाई के लिए उपयुक्त समय है



-डॉ कुलदीप धीमान, उप कृषि निदेशक, कृषि विभाग पालमपुर
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed