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Kangra News: धर्मशाला अस्पताल के नेत्र विशेषज्ञ ने चंबा के पीयूष के जीवन में बिखेर दी रोशनी
Wed, 22 Jan 2025 01:53 AM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
Updated Wed, 22 Jan 2025 01:53 AM IST
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धर्मशाला। चंबा जिला के 15 वर्षीय पीयूष के जीवन में धर्मशाला अस्पताल के नेत्र विशेषज्ञ डॉ. शैलेंद्र ने रोशनी बिखेर दी। यह किशोर को बचपन से ही एक आंख से नहीं देख पाता था। डॉक्टर ने इस किशोर का ऑपरेशन कर उसकी दाईं आंख की पिछली झिल्ली में गोलाकार छेद कर लेंस डाला। अब बच्चे को दाईं आंख से करीब दो मीटर तक दिखना शुरू हो गया है। बताया जा रहा है कि धीरे-धीरे बच्चे की नजर अब तेज हो जाएगी। करीब डेढ़ माह बाद इस बच्चे की दूसरी आंख के मोतिया का भी ऑपरेशन किया जाएगा।
जानकारी के अनुसार चंबा के हिमगिरी का 15 वर्षीय पीयूष की दोनों आंखों में मोतिया था और उसको दाईं आंख से दिखाई नहीं देता था। सोमवार को पीयूष का धर्मशाला अस्पताल में ऑपरेशन किया गया। डॉ. शैलेंद्र ने कहा कि एक हफ्ते बाद बच्चे की आंख की जांच की जाएगी और इससे उनकी लेंस पावर का पता चल सकेगा। यह ऑपरेशन जिला कांगड़ा में पहली बार किया है। इससे पहले इस तरह से मरीजों को पीजीआई चंडीगढ़ भेजा जाता था। उधर, धर्मशाला अस्पताल के एसएमओ डॉ. सुनील भट्ट ने कहा कि एक दिन में दो तरह के सफल ऑपरेशन अस्पताल के लिए गर्व की बात है। मरीजों को धर्मशाला अस्पताल में बेहतर सुविधाएं मिल रही हैं और उन्हें दूसरे बड़े अस्पतालों की रुख नहीं करना पड़ेगा।
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जानकारी के अनुसार चंबा के हिमगिरी का 15 वर्षीय पीयूष की दोनों आंखों में मोतिया था और उसको दाईं आंख से दिखाई नहीं देता था। सोमवार को पीयूष का धर्मशाला अस्पताल में ऑपरेशन किया गया। डॉ. शैलेंद्र ने कहा कि एक हफ्ते बाद बच्चे की आंख की जांच की जाएगी और इससे उनकी लेंस पावर का पता चल सकेगा। यह ऑपरेशन जिला कांगड़ा में पहली बार किया है। इससे पहले इस तरह से मरीजों को पीजीआई चंडीगढ़ भेजा जाता था। उधर, धर्मशाला अस्पताल के एसएमओ डॉ. सुनील भट्ट ने कहा कि एक दिन में दो तरह के सफल ऑपरेशन अस्पताल के लिए गर्व की बात है। मरीजों को धर्मशाला अस्पताल में बेहतर सुविधाएं मिल रही हैं और उन्हें दूसरे बड़े अस्पतालों की रुख नहीं करना पड़ेगा।
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