Himachal News: मुख्यमंत्री सुक्खू ने केलांग जनजातीय महोत्सव का किया शुभारंभ, पांच पुलों की आधारशिला भी रखी
लाहौल-स्पीति जिले के केलांग में जनजातीय महोत्सव का शुभारम्भ मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने किया। विधायक अनुराधा राणा ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया और उन्हें महोत्सव की विस्तृत जानकारी दी। पढ़ें पूरी खबर...
विस्तार
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह ने वीरवार को शिमला से वर्चुअल माध्यम से राज्य स्तरीय जनजातीय उत्सव केलांग का शुभारंभ किया। सुक्खू ने कहा कि प्रदेश में पहली बार किसी महोत्सव का आयोजन ‘जीरो वेस्ट’ थीम के साथ किया गया है। पर्यावरण संरक्षण की दिशा में यह प्रदेश ही नहीं, बल्कि पूरे देश के लिए एक नजीर साबित होगा। जनजातीय उत्सव में प्लास्टिक बोतलों और डिस्पोजल पर पूरी तरह बैन लगाया गया है। शुद्ध पेयजल आपूर्ति के लिए केलांग कस्बे में चंद मीटर की दूरी पर सार्वजनिक नल स्थापित किए गए हैं। जनजातीय उत्सव में लाहौल-स्पीति की समृद्ध सांस्कृतिक और आध्यात्मिक धरोहर की झलक देखने को मिलेगी।
मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि लोक निर्माण विभाग का चिनाब मंडल अब पांच लाख तक के टेंडर ऑफलाइन लगा सकेगा। पहले अधिशासी अभियंता के पास सिर्फ एक लाख रुपये तक के टेंडर लगाने की शक्तियां थीं, जिसे बढ़ाकर अब पांच लाख रुपये कर दिया गया है। इससे घाटी में विकास कार्यों के गति पकड़ने की उम्मीद है। विधायक अनुराधा राणा ने हाल ही में आई बाढ़ से सड़कों, पुलों और फसलों को हुए नुकसान को लेकर राहत राशि की मांग की। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा कि कैबिनेट मंत्री राजेश धर्माणी के नेतृत्व में टीम बनाकर जिला में हुए नुकसान की रिपोर्ट तैयार कर सरकार को भेजी जाएगी। लाहौल-स्पीति में महिला प्रशासनिक अधिकारियों को तैनात कर शक्तियों का विकेंद्रीकरण किया गया है, जिससे नारी शक्ति स्वतंत्र रूप से फैसले ले सके। लाहौल-स्पीति जिला नारी सशक्तीकरण की दिशा में आज पूरे देश के लिए मिसाल बन गया है। जिला के पारंपरिक उत्पादों को हिम-ईरा ब्रांड में शामिल कर उन्हें प्रोत्साहित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने उदयपुर उपमंडल में पीएमजीएसवाई चरण-3 के तहत 36.41 करोड़ रुपये की लागत के पांच पुलों का शिलान्यास किया। इनमें 9 करोड़ 93 लाख रुपये की निर्मित होने वाला चौखंग नाले पर 35 मीटर का सिंगल स्पैन स्टील ट्रस पुल, चिनाब नदी पर 9 करोड़ 46 लाख रुपये से निर्मित होने वाला 49 मीटर सिंगल स्पैन डबल लेन स्टील ट्रस पुल, किशोरी नाले पर 17.68 करोड़ रुपये से निर्मित होने वाला 22 मीटर सिंगल स्पैन आरसीसी-टी बीम पुल, तेलिंग नाले पर 13.35 करोड़ रुपये से निर्मित होने वाला 76 मीटर सिंगल स्पैन आरसीसी बीम पुल और मोरिंग नाले पर 1.89 करोड़ रुपये से निर्मित होने वाला 22 मीटर सिंगल स्पैन आरसीसी बीम ब्रिज शामिल हैं।
सुक्खू ने कहा कि जलवायु परिवर्तन के कारण देश व प्रदेश को कई तरह की चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। लाहौल-स्पीति जिला भी इससे अछूता नहीं है। यहां भी सामान्य से अधिक बारिश होना चिंताजनक है। प्रदेश सरकार आपदा के दौरान लोगों को राहत देने के लिए हरसंभव कदम उठा रही है। पर्यावरण संरक्षण सुनिश्चित करने व जलवायु परिवर्तन से निपटने के दृष्टिगत राज्य सरकार केंद्र सरकार से मिलकर दृढ़ता से कार्य कर रही है। प्रदेश में केंद्र के सहयोग से वैज्ञानिकों की टीम बादल फटने की घटनाओं के बारे में गहन अध्ययन कर रही है।