{"_id":"5b17b630f90c24e1a8009e1075fb61c8","slug":"baba-balak-nath-temple-online-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"दियोटसिद्ध मंदिर का राशन, चढ़ावा दिखेगा ऑनलाइन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दियोटसिद्ध मंदिर का राशन, चढ़ावा दिखेगा ऑनलाइन
अमर उजाला ब्यूरो, हमीरपुर
Updated Fri, 04 Dec 2015 10:50 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हमीरपुर। दियोटसिद्ध स्थित बाबा बालक नाथ मंदिर में अब राशन सहित चढ़ावे का ऑनलाइन लेखा-जोखा श्रद्धालुओं सहित सभी लोगों के लिए जल्द ही उपलब्ध होगा। इसके लिए मंदिर परिसर में विभिन्न शाखाओं को कंप्यूटरीकृत किया जा चुका है।
विज्ञापन
मंदिर परिसर में कर्मचारियों को पंद्रह के करीब लेपटॉप उपलब्ध करवाए गए हैं और मंदिर के कर्मचारियों को कंप्यूटर का प्रशिक्षण दिया गया है। बाबा बालक नाथ मंदिर परिसर को लोकल एरिया नेटवर्क के साथ जोड़ा गया है। जिसमें लंगर से बाजार में स्थित कैंटीन तक के एरिया को कवर किया गया है। दियोटसिद्ध बाबा बालक नाथ मंदिर प्रदेश का पहला एक मंदिर बन गया है जहां पर मंदिर परिसर के चढ़ावे से लेकर कर्मचारियों के वेतन इत्यादि का हिसाब किताब पूरी तरह से कंप्यूटरीकृत हुआ है। यही नहीं मंदिर ट्रस्ट के अधीन स्कूलों तथा महाविद्यालयों का पूरा रिकॉर्ड भी कंप्यूटरीकृत हो चुका है। उपायुक्त रोहन चंद ठाकुर ने शुक्रवार को दियोटसिद्ध बाबा बालक नाथ मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं के लिए सुविधाओं का निरीक्षण किया।
विज्ञापन
इससे पहले बाबा बालक नाथ मंदिर की वेबसाइट भी लांच की जा चुकी है। इस अवसर पर उपायुक्त रोहन चंद ठाकुर ने कर्मचारियों को भी पारदर्शिता के साथ कार्य करने के दिशा निर्देश दिए गए। इस अवसर पर एसडीएम अक्षय सूद, मंदिर अधिकारी सुखदेव ठाकुर सहित विभिन्न कर्मचारी तथा अधिकारी उपस्थित थे।
विज्ञापन
मंदिर की कैंटीन में रसीद भी कंप्यूटर के माध्यम से ही मिलने की सुविधा दी गई है, जबकि लंगर तथा चढ़ावा स्थान पर भी प्रतिदिन नगदी तथा अन्य सामाग्री की एंट्री तत्काल प्रभाव से कंप्यूटर पर चढ़ाना सुनिश्चित किया गया है। मंदिर परिसर में ही 45 के करीब हाई रेजूलेशन के कैमरे भी लगाए गए हैं। जिससे किसी भी स्तर पर अनियमितता न हो। उपायुक्त रोहन चंद ठाकुर ने कहा कि कंप्यूटरीकृत रिकॉर्ड को ऑनलाइन करने की दिशा में भी कदम उठाए जा रहे हैं।