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हिमाचल: 10वीं में दो बार दे सकेंगे परीक्षा, मार्कशीट में सर्वश्रेष्ठ अंक जुड़ेंगे; तनाव से मिलेगा मुक्ति
Sun, 15 Feb 2026 12:14 PM IST
अंकेश डोगरा
विपिन चौधरी, धर्मशाला।
विपिन चौधरी, धर्मशाला।
Published by: अंकेश डोगरा
Updated Sun, 15 Feb 2026 12:14 PM IST
सार
हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड अब 10वीं कक्षा के लिए ड्यूल परीक्षा प्रणाली लागू करेगा। क्या है ये प्रणाली? जानें विस्तार से...
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हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड धर्मशाला
- फोटो : संवाद न्यूज एंजेसी
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विस्तार
हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड इस शैक्षणिक सत्र से विद्यार्थियों के हित में बड़ा बदलाव करने जा रहा है। बोर्ड अब 10वीं कक्षा के लिए ड्यूल परीक्षा प्रणाली लागू करेगा। इसके तहत छात्रों को एक ही सत्र में दो बार परीक्षा देने का अवसर मिलेगा। मार्कशीट में दोनों परीक्षाओं में से प्राप्त अधिकतम अंकों को ही मान्यता दी जाएगी।
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बोर्ड के अनुसार पहली मुख्य परीक्षा मार्च में आयोजित की जाएगी। जो परीक्षार्थी अपने मार्च के परिणाम से संतुष्ट नहीं होंगे या किसी कारणवश अपेक्षित प्रदर्शन नहीं कर पाएंगे। उन्हें मई-जून में होने वाली दूसरी परीक्षा में बैठने का विकल्प मिलेगा। छात्रों में संशय था कि यदि दूसरी परीक्षा में कम अंक आए तो क्या होगा। बोर्ड ने इस पर स्थिति स्पष्ट की है। बोर्ड के अनुसार दोनों प्रयासों में से जो अंक अधिक होंगे, वही अंतिम माने जाएंगे। यदि दूसरी परीक्षा में अंक कम आते हैं तो पहले परीक्षा में प्राप्त अधिक अंक ही मार्कशीट में दर्ज किए जाएंगे।
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सुधार का मिलेगा अवसर
इस व्यवस्था से छात्रों को दोबारा परीक्षा देने पर किसी तरह का जोखिम नहीं रहेगा। कई बार स्वास्थ्य, पारिवारिक परिस्थितियों या मानसिक दबाव के कारण छात्र भी बेहतर प्रदर्शन नहीं कर पाते। ड्यूल परीक्षा प्रणाली उन्हें आत्ममंथन और सुधार का अवसर देगी।
इस व्यवस्था से छात्रों को दोबारा परीक्षा देने पर किसी तरह का जोखिम नहीं रहेगा। कई बार स्वास्थ्य, पारिवारिक परिस्थितियों या मानसिक दबाव के कारण छात्र भी बेहतर प्रदर्शन नहीं कर पाते। ड्यूल परीक्षा प्रणाली उन्हें आत्ममंथन और सुधार का अवसर देगी।
सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन पर फोकस
नई व्यवस्था से न केवल छात्रों का आत्मविश्वास बढ़ेगा, बल्कि राज्य की मेरिट सूची भी अधिक प्रतिस्पर्धात्मक और पारदर्शी बनेगी, क्योंकि इसमें छात्रों के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन को ही प्राथमिकता दी जाएगी। -डॉ. (मेजर) विशाल शर्मा, सचिव, स्कूल शिक्षा बोर्ड, धर्मशाला
नई व्यवस्था से न केवल छात्रों का आत्मविश्वास बढ़ेगा, बल्कि राज्य की मेरिट सूची भी अधिक प्रतिस्पर्धात्मक और पारदर्शी बनेगी, क्योंकि इसमें छात्रों के सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन को ही प्राथमिकता दी जाएगी। -डॉ. (मेजर) विशाल शर्मा, सचिव, स्कूल शिक्षा बोर्ड, धर्मशाला
प्रायोगिक परीक्षाएं 1 से 20 मार्च तक
शिमला। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय ने स्नातक कक्षाओं की वार्षिक प्रायोगिक परीक्षाओं का कार्यक्रम जारी कर दिया है। बीए, बीएससी और बीकॉम प्रथम, द्वितीय और तृतीय वर्ष की प्रायोगिक परीक्षाएं 1 से 20 मार्च के बीच होंगी। विश्वविद्यालय के अनुसार प्रायोगिक परीक्षा के अंक उसी दिन ऑनलाइन अपलोड किए जाएंगे। इससे परिणाम तैयार करने में देरी नहीं होगी। परीक्षक अंकतालिकाएं और उपस्थिति पत्रक सीलबंद लिफाफे में संबंधित कॉलेज में जमा कराएंगे, ताकि रिकॉर्ड सटीक रहे और बाद में किसी तरह की शिकायत की गुंजाइश कम हो।
शिमला। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय ने स्नातक कक्षाओं की वार्षिक प्रायोगिक परीक्षाओं का कार्यक्रम जारी कर दिया है। बीए, बीएससी और बीकॉम प्रथम, द्वितीय और तृतीय वर्ष की प्रायोगिक परीक्षाएं 1 से 20 मार्च के बीच होंगी। विश्वविद्यालय के अनुसार प्रायोगिक परीक्षा के अंक उसी दिन ऑनलाइन अपलोड किए जाएंगे। इससे परिणाम तैयार करने में देरी नहीं होगी। परीक्षक अंकतालिकाएं और उपस्थिति पत्रक सीलबंद लिफाफे में संबंधित कॉलेज में जमा कराएंगे, ताकि रिकॉर्ड सटीक रहे और बाद में किसी तरह की शिकायत की गुंजाइश कम हो।
कॉलेजों को निर्देश दिए हैं कि थ्योरी परीक्षाओं से एक सप्ताह पहले आंतरिक मूल्यांकन के अंक अनिवार्य रूप से अपलोड कर दें। समय पर यह प्रक्रिया पूरी नहीं होने पर छात्रों को प्रवेश पत्र डाउनलोड करने में परेशानी हो सकती है। परीक्षा नियंत्रक श्याम लाल कौशल ने बताया कि परीक्षाएं पहले की तरह कॉलेजों में ही कराई जाएंगी। इसके लिए वरिष्ठ और योग्य अध्यापकों की ड्यूटी लगेगी।
इग्नू में प्रवेश के लिए आवेदन आज तक
शिमला। इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) में जनवरी सत्र में प्रवेश के लिए रविवार अंतिम दिन है। इसके बाद नए दाखिले और पुनः पंजीकरण प्रक्रिया बंद कर दी जाएगी। विश्वविद्यालय में स्नातक, स्नातकोत्तर, डिप्लोमा और प्रमाण पत्र स्तर के कई पाठ्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। विश्वविद्यालय प्रबंधन की ओर से पहले ही आवेदन की समय सीमा बढ़ाई जा चुकी थी। अब स्पष्ट किया गया है कि सामान्य पाठ्यक्रमों के लिए आज के बाद कोई आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। हालांकि कुछ विशेष पाठ्यक्रमों के लिए अलग तिथि निर्धारित है, लेकिन अधिकतर डिग्री और डिप्लोमा कार्यक्रमों में प्रवेश का यह अंतिम अवसर है। जिन विद्यार्थियों ने अब तक आवेदन नहीं किया है, उन्हें बिना देरी किए प्रक्रिया पूरी करने की सलाह दी गई है, ताकि सत्र की पढ़ाई समय पर शुरू हो सके और आगे की शैक्षणिक योजनाओं पर कोई असर न पड़े।
शिमला। इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) में जनवरी सत्र में प्रवेश के लिए रविवार अंतिम दिन है। इसके बाद नए दाखिले और पुनः पंजीकरण प्रक्रिया बंद कर दी जाएगी। विश्वविद्यालय में स्नातक, स्नातकोत्तर, डिप्लोमा और प्रमाण पत्र स्तर के कई पाठ्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। विश्वविद्यालय प्रबंधन की ओर से पहले ही आवेदन की समय सीमा बढ़ाई जा चुकी थी। अब स्पष्ट किया गया है कि सामान्य पाठ्यक्रमों के लिए आज के बाद कोई आवेदन स्वीकार नहीं किया जाएगा। हालांकि कुछ विशेष पाठ्यक्रमों के लिए अलग तिथि निर्धारित है, लेकिन अधिकतर डिग्री और डिप्लोमा कार्यक्रमों में प्रवेश का यह अंतिम अवसर है। जिन विद्यार्थियों ने अब तक आवेदन नहीं किया है, उन्हें बिना देरी किए प्रक्रिया पूरी करने की सलाह दी गई है, ताकि सत्र की पढ़ाई समय पर शुरू हो सके और आगे की शैक्षणिक योजनाओं पर कोई असर न पड़े।