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Chamba News: छतराड़ी जातर की स्टार नाइट में इशांत भारद्वाज ने बांधा समां
Wed, 23 Sep 2026 10:19 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Wed, 23 Sep 2026 10:19 PM IST
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‘मणिमहेश चल चलिए’ से शुरू हुआ कार्यक्रम, लोकगीतों पर देर रात तक झूमे दर्शक
कैलाश की धरती की संस्कृति और भजनों ने माहौल को बनाया भक्तिमय
संवाद न्यूज एजेंसी
भरमौर/धरवाला, चंबा। छतराड़ी जातर की सांस्कृतिक संध्या में आयोजित स्टार नाइट हिमाचली लोक गायक ईशांत भारद्वाज के नाम रही। मंच संभालते ही ईशांत का दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट से स्वागत किया।
उन्होंने भजनों और पहाड़ी लोकगीतों की शानदार प्रस्तुतियों से देर रात तक दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया।
ईशांत भारद्वाज ने कार्यक्रम की शुरुआत ‘मणिमहेश चल चलिए’ भजन से की। इसके बाद उन्होंने ‘केलंग रा वासा’, ‘मड़िया रा जोगी’ और ‘ऊंचे कैलाशा रा राजा’ समेत एक के बाद एक लोकगीत और भजन प्रस्तुत किए। उनकी मधुर आवाज और पहाड़ी लोकधुनों ने सांस्कृतिक संध्या में ऐसा रंग भरा कि दर्शक अपने स्थानों पर खड़े होकर नाचने लगे। युवाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला, जबकि बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी ने कार्यक्रम का आनंद लिया।
इससे पहले लोक गायक पवन ने भगवान शिव को समर्पित भजनों और हिमाचली लोकगीतों की प्रस्तुतियों से माहौल भक्तिमय बनाया। कार्यक्रम के दौरान कलाकारों ने हिमाचल की लोक संस्कृति और परंपराओं से जुड़े गीत भी प्रस्तुत किए। दर्शकों ने तालियों और सीटियों के साथ कलाकारों का उत्साह बढ़ाया। जातर के अवसर पर आयोजित सांस्कृतिक संध्या में आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे।
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कैलाश की धरती की संस्कृति और भजनों ने माहौल को बनाया भक्तिमय
संवाद न्यूज एजेंसी
भरमौर/धरवाला, चंबा। छतराड़ी जातर की सांस्कृतिक संध्या में आयोजित स्टार नाइट हिमाचली लोक गायक ईशांत भारद्वाज के नाम रही। मंच संभालते ही ईशांत का दर्शकों ने तालियों की गड़गड़ाहट से स्वागत किया।
उन्होंने भजनों और पहाड़ी लोकगीतों की शानदार प्रस्तुतियों से देर रात तक दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया।
ईशांत भारद्वाज ने कार्यक्रम की शुरुआत ‘मणिमहेश चल चलिए’ भजन से की। इसके बाद उन्होंने ‘केलंग रा वासा’, ‘मड़िया रा जोगी’ और ‘ऊंचे कैलाशा रा राजा’ समेत एक के बाद एक लोकगीत और भजन प्रस्तुत किए। उनकी मधुर आवाज और पहाड़ी लोकधुनों ने सांस्कृतिक संध्या में ऐसा रंग भरा कि दर्शक अपने स्थानों पर खड़े होकर नाचने लगे। युवाओं में विशेष उत्साह देखने को मिला, जबकि बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक सभी ने कार्यक्रम का आनंद लिया।
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इससे पहले लोक गायक पवन ने भगवान शिव को समर्पित भजनों और हिमाचली लोकगीतों की प्रस्तुतियों से माहौल भक्तिमय बनाया। कार्यक्रम के दौरान कलाकारों ने हिमाचल की लोक संस्कृति और परंपराओं से जुड़े गीत भी प्रस्तुत किए। दर्शकों ने तालियों और सीटियों के साथ कलाकारों का उत्साह बढ़ाया। जातर के अवसर पर आयोजित सांस्कृतिक संध्या में आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग पहुंचे।
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