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होली का चोली जंगल बना दिया डंपिंग साइट
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होली के जंगल में पेड़ों के बीच फेंका गया मलबा।
- फोटो : Chamba
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होली (चंबा)। चोली में एक जलविद्युत परियोजना के निर्माण कार्य के दौरान नियमों को ठेंगा दिखाया जा रहा है। परियोजना के टनल निर्माण से निकलने वाले टनों के हिसाब से मलबे और पत्थरों को चिह्नित जगह पर न फेंक कर कंपनी प्रबंधन की ओर से इसे पास लगते जंगल में ठिकाने लगाया जा रहा है। इससे अमूल्य वन संपदा को भी नुकसान पहुंच रहा है। हैरानी की बात यह है कि वन विभाग के कर्मचारी भी कंपनी की इस मनमानी के आगे मौन हैं। समय रहते कंपनी प्रबंधन की मनमानी पर अंकुश न लगाया गया तो चोली स्थित जंगल पूरी तरह नष्ट हो जाएगा।
गौरतलब है कि होली उपमंडल के तहत चन्हौता पंचायत के चोली में पांच मेगावाट क्षमता की एक निजी जल विद्युत कंपनी टनल और पावर हाउस का निर्माण करवा रही है। यहां निर्माण कार्य के दौरान कंपनी नियमों को ताक पर रखकर कार्य करवा रही है। चोली जंगल में टनों के हिसाब से मलबे और पत्थरों को ठिकाने लगाने से ग्रामीणों को अपने मवेशियों के लिए घास और जलाने के लिए सूखी लकड़ी की दिक्कत होने लगी है। जंगल में फेंके गए मलबे से वन के कई पेड़ भी जमींदोज हो चुके हैं। जबकि, कई नष्ट होने की कगार पर हैं।
संबंधित क्षेत्र के वन रक्षक सोनू कुमार ने बताया कि कई बार कंपनी प्रबंधन को जंगल में मलबा न फेंकने के लिए कहा गया है। बावजूद इसके कंपनी प्रबंधन की मनमानी जारी है। कंपनी निदेशक अनुज कुमार ने कहा कि जंगल में मलबा नहीं फेंका जा रहा है। कहा कि पहले मलबा फेंका गया था, जिसका जुर्माना भर दिया गया है।
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गौरतलब है कि होली उपमंडल के तहत चन्हौता पंचायत के चोली में पांच मेगावाट क्षमता की एक निजी जल विद्युत कंपनी टनल और पावर हाउस का निर्माण करवा रही है। यहां निर्माण कार्य के दौरान कंपनी नियमों को ताक पर रखकर कार्य करवा रही है। चोली जंगल में टनों के हिसाब से मलबे और पत्थरों को ठिकाने लगाने से ग्रामीणों को अपने मवेशियों के लिए घास और जलाने के लिए सूखी लकड़ी की दिक्कत होने लगी है। जंगल में फेंके गए मलबे से वन के कई पेड़ भी जमींदोज हो चुके हैं। जबकि, कई नष्ट होने की कगार पर हैं।
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संबंधित क्षेत्र के वन रक्षक सोनू कुमार ने बताया कि कई बार कंपनी प्रबंधन को जंगल में मलबा न फेंकने के लिए कहा गया है। बावजूद इसके कंपनी प्रबंधन की मनमानी जारी है। कंपनी निदेशक अनुज कुमार ने कहा कि जंगल में मलबा नहीं फेंका जा रहा है। कहा कि पहले मलबा फेंका गया था, जिसका जुर्माना भर दिया गया है।
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