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पांगी ते किलाड़ा री सैरा नाटी पर जमकर झूमे घाटीवासी
ब्यूरो, अमर उजाला/ (चंबा)।
Updated Sun, 14 Feb 2016 11:37 PM IST
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पांगी घाटी के प्रसिद्ध जुकारू उत्सव का आयोजन रविवार को चंबा में किया गया। इस मौके पर चंबा में रह रहे घाटी के लोगों ने बड़ी संख्या में शामिल होकर उत्सव का आनंद उठाया।
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उत्सव में पांगी की संस्कृति और सभ्यता से जुड़े लोकनृत्य प्रस्तुत किए गए। इस मौके पर पांगी कल्याण संघ के अध्यक्ष पीएल ठाकुर ने बताया कि पांगी में इस उत्सव को सर्दियों की समाप्ति के तौर पर मनाया जाता है और सबकी मंगलकामना उत्सव के जरिये की जाती है। घाटी में यह परंपरा सदियों से चली आ रही है। लेकिन जो लोग पांगी से बाहर रहते हैं वे भी अपनी संस्कृति को भूले नहीं हैं और हर साल इस उत्सव का आयोजन करते हैं।
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इस मौके पर कॉलेज के विद्यार्थियों ने पारंपरिक लोकनृत्य पेश किए। जिसमें पांगी ते किलाड़ा री सैरा गीत पर प्रस्तुत नृत्य ने मौजूद लोगों को झूमने पर मजबूर कर दिया। कार्यक्रम में लोनिवि के अधिशासी अभियंता जीत सिंह ठाकुर ने बताया कि युवाओं को संस्कृति से जोड़े रखने के लिए ऐसे उत्सव बेहद जरूरी है। आयोजन ने सबके मन में घाटी की यादों को ताजा कर दिया है। जुकारू में महिलाओं ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया।
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