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Chamba News: उपप्रधानों को हाजिरी जांचने का अधिकार देने पर विवाद
Fri, 17 Jul 2026 10:54 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Fri, 17 Jul 2026 10:54 PM IST
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मैहला (चंबा)। विकास खंड में खंड विकास अधिकारी की ओर से जारी एक आदेश को लेकर विवाद हो गया है। पंचायतों के उपप्रधानों को पंचायत कर्मचारियों की हाजिरी सत्यापित करने की जिम्मेदारी सौंपे जाने के बाद इस फैसले पर सवाल उठने लगे हैं। पूर्व प्रधान उमेश कुमार ने इस आदेश को हिमाचल प्रदेश पंचायती राज अधिनियम, 2017 के विपरीत बताते हुए जांच की मांग उठाई है।
उमेश कुमार ने कहा कि पंचायती राज अधिनियम में उपप्रधानों के अधिकार और जिम्मेदारियां स्पष्ट रूप से तय हैं। अधिनियम में कहीं भी उपप्रधानों को पंचायत कर्मचारियों की उपस्थिति प्रमाणित करने का अधिकार नहीं दिया गया है। ऐसे में किसी प्रशासनिक आदेश के माध्यम से उन्हें यह शक्ति देना नियमों के अनुरूप नहीं है। बीडीओ ने कुछ चुनिंदा उपप्रधानों को अतिरिक्त अधिकार देकर पंचायती राज व्यवस्था के निर्धारित नियमों को नजरअंदाज किया है। वह इस मामले को जल्द ही पंचायती राज विभाग के सचिव सी पालरासु के समक्ष उठाएंगे। संवाद
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उमेश कुमार ने कहा कि पंचायती राज अधिनियम में उपप्रधानों के अधिकार और जिम्मेदारियां स्पष्ट रूप से तय हैं। अधिनियम में कहीं भी उपप्रधानों को पंचायत कर्मचारियों की उपस्थिति प्रमाणित करने का अधिकार नहीं दिया गया है। ऐसे में किसी प्रशासनिक आदेश के माध्यम से उन्हें यह शक्ति देना नियमों के अनुरूप नहीं है। बीडीओ ने कुछ चुनिंदा उपप्रधानों को अतिरिक्त अधिकार देकर पंचायती राज व्यवस्था के निर्धारित नियमों को नजरअंदाज किया है। वह इस मामले को जल्द ही पंचायती राज विभाग के सचिव सी पालरासु के समक्ष उठाएंगे। संवाद
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