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Chamba News: दिल्ली, पंजाब के पांच सितारा होटलों में छाई चंबा की लाल और पीली मिर्च
Thu, 09 May 2024 09:55 PM IST
शिमला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
संवाद न्यूज एजेंसी, चम्बा
Updated Thu, 09 May 2024 09:55 PM IST
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चंबा के साहो में पॉलियो हाउस में शिमला मिर्च के पौधों की देखरेख करता किसान।संवाद
साहो (चंबा)। दिल्ली, चंडीगढ़, जालंधर और लुधियाना के पांच सितारा होटलों और पिज्जा बनाने के लिए साहो क्षेत्र के अधीन आते क्षेत्रों में उगाई जाने वाली लाल और पीली शिमला मिर्च की खूब मांग है।
जिले के अधिकांश किसान पीली और लाल शिमला मिर्च को अपने पॉली हाउस में तैयार कर मांग के अनुसार होटलों में भेजकर खूब मुनाफा कमा रहे हैं। इससे क्षेत्र के किसानों की आर्थिकी सुदृढ़ हो रही हैं। वर्तमान में साहो क्षेत्र के अधीन आते बंजल, कीड़ी, चचोह, खलनेरा, पधरूई के किसानों की ओर से पॉलीहाउस में लाल और पीली शिमला मिर्च की पनीरी तैयार की जा रही है। इसके लिए किसानों को कड़ी मेहनत तक करनी पड़ रही है।
लाल और पीली शिमला मिर्च होटलों में खाने समेत सलाद के रूप में खूब उपयोग की जाती है। इतना ही नहीं, पिज्जा बनाने में भी इसका इस्तेमाल किया जाता है। अन्य शिमला मिर्च की अपेक्षा बाजार में लाल और पीली शिमला मिर्च 150 से 400 रुपये प्रति किलोग्राम के हिसाब से हाथोंहाथ बिक जाती है। लाल और पीली शिमला मिर्च को केवल पॉलीहाउस में ही तैयार किया जा सकता है। इसका बीज और पनीरी भी किसानों को दूसरे जिलों जैसे शिमला से महंगे दामों पर मंगवानी पड़ती है।
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किसानों में संजीव कुमार, कविंद्र, राकेश कुमार, मोहिंद्र कुमार, संजीव कुमार, विपिन, राकेश कुमार, धारो राम और कर्म चंद ने बताया कि पीली और लाल शिमला मिर्च की पनीरी उन्होंने शिमला से मंगवाई है। शिमला में प्रति बूटी उन्हें 12 से 15 रुपये में मिली है। पॉली हाउस में तैयार होने वाली इस शिमला मिर्च को तैयार करने में उन्हें कड़ी मेहनत करनी पड़ती है। इसके लिए अनुकूल तापमान और पानी की आवश्यकता रहती है। बहरहाल, इस बार जिस हिसाब से पीली और लाल शिमला मिर्च को तैयार किया गया है। उससे अच्छी फसल और मुनाफे की उन्हें उम्मीद है।
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उधर, कृषि विभाग के उपनिदेशक डॉ. कुलदीप धीमान ने बताया कि उनके पास किसानों की मांग नहीं आई है। किसान क्षेत्र में करीब आधा किलो तक पीली और लाल शिमला मिर्च का बीज रोपते हैं। यदि किसान छह माह पहले पीली और लाल शिमला मिर्च को लेकर मांग भेजें तो उन्हें बीज और पनीरी समय पर मुहैया करवाई जा सकती है।
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जिले के अधिकांश किसान पीली और लाल शिमला मिर्च को अपने पॉली हाउस में तैयार कर मांग के अनुसार होटलों में भेजकर खूब मुनाफा कमा रहे हैं। इससे क्षेत्र के किसानों की आर्थिकी सुदृढ़ हो रही हैं। वर्तमान में साहो क्षेत्र के अधीन आते बंजल, कीड़ी, चचोह, खलनेरा, पधरूई के किसानों की ओर से पॉलीहाउस में लाल और पीली शिमला मिर्च की पनीरी तैयार की जा रही है। इसके लिए किसानों को कड़ी मेहनत तक करनी पड़ रही है।
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लाल और पीली शिमला मिर्च होटलों में खाने समेत सलाद के रूप में खूब उपयोग की जाती है। इतना ही नहीं, पिज्जा बनाने में भी इसका इस्तेमाल किया जाता है। अन्य शिमला मिर्च की अपेक्षा बाजार में लाल और पीली शिमला मिर्च 150 से 400 रुपये प्रति किलोग्राम के हिसाब से हाथोंहाथ बिक जाती है। लाल और पीली शिमला मिर्च को केवल पॉलीहाउस में ही तैयार किया जा सकता है। इसका बीज और पनीरी भी किसानों को दूसरे जिलों जैसे शिमला से महंगे दामों पर मंगवानी पड़ती है।
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किसानों में संजीव कुमार, कविंद्र, राकेश कुमार, मोहिंद्र कुमार, संजीव कुमार, विपिन, राकेश कुमार, धारो राम और कर्म चंद ने बताया कि पीली और लाल शिमला मिर्च की पनीरी उन्होंने शिमला से मंगवाई है। शिमला में प्रति बूटी उन्हें 12 से 15 रुपये में मिली है। पॉली हाउस में तैयार होने वाली इस शिमला मिर्च को तैयार करने में उन्हें कड़ी मेहनत करनी पड़ती है। इसके लिए अनुकूल तापमान और पानी की आवश्यकता रहती है। बहरहाल, इस बार जिस हिसाब से पीली और लाल शिमला मिर्च को तैयार किया गया है। उससे अच्छी फसल और मुनाफे की उन्हें उम्मीद है।
उधर, कृषि विभाग के उपनिदेशक डॉ. कुलदीप धीमान ने बताया कि उनके पास किसानों की मांग नहीं आई है। किसान क्षेत्र में करीब आधा किलो तक पीली और लाल शिमला मिर्च का बीज रोपते हैं। यदि किसान छह माह पहले पीली और लाल शिमला मिर्च को लेकर मांग भेजें तो उन्हें बीज और पनीरी समय पर मुहैया करवाई जा सकती है।