{"_id":"6050ec438ebc3ecad7079a2c","slug":"jail-in-cheque-bouns-case-bilaspur-news-sml364479859","type":"story","status":"publish","title_hn":"चेक बाउंस के मामले में 6 माह का कारावास, 1.40 लाख जुर्माना","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चेक बाउंस के मामले में 6 माह का कारावास, 1.40 लाख जुर्माना
विज्ञापन
भगेड़ (बिलासपुर)। घुमारवीं की न्यायिक दंडाधिकारी दीपाली गंभीर की अदालत ने चेक बाउंस मामले में दोषी भाग सिंह पुत्र छज्जू राम निवासी गांव बजोहा तहसील घुमारवीं को 6 माह के कारावास और शिकायतकर्ता को एक लाख 40 हजार रुपये अदा करने की सजा सुनाई है।
शिकायतकर्ता के वकील सुमन सिंह चंदेल ने बताया कि आरोपी भाग सिंह ने पंजाब नेशनल बैंक घुमारवीं शाखा में कृषक साथी ऋण के लिए आवेदन किया था। 22 फरवरी 2013 को बैंक ने आरोपी को एक लाख रुपये का कृषक साथी लोन जारी कर दिया। आरोपी ने ऋण की राशि को नहीं लौटाया। बैंक के अधिकारियों ने 20 अक्तूबर 2015 को आरोपी को पैसे लौटाने के लिए कहा। आरोपी ने बैंक के नाम 1 लाख 7 हजार 117 रुपये का चेक जारी कर दिया। बैंक ने चेक को अदायगी के लिए लगा दिया। लेकिन आरोपी के खाते में पर्याप्त धनराशि न होने के चलते चेक बाउंस हो गया।
इसके बाद बैंक प्रबंधक ने आरोपी को उपरोक्त धनराशि जमा करवाने के लिए लीगल नोटिस जारी किया, लेकिन आरोपी ने न तो उपरोक्त धनराशि को जमा करवाया और न ही लीगल नोटिस का कोई जवाब दिया। बैंक ने आरोपी के खिलाफ अदालत में शिकायत पत्र दाखिल कर दिया। शिकायतकर्ता के वकील सुमन सिंह चंदेल ने बताया कि अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
शिकायतकर्ता के वकील सुमन सिंह चंदेल ने बताया कि आरोपी भाग सिंह ने पंजाब नेशनल बैंक घुमारवीं शाखा में कृषक साथी ऋण के लिए आवेदन किया था। 22 फरवरी 2013 को बैंक ने आरोपी को एक लाख रुपये का कृषक साथी लोन जारी कर दिया। आरोपी ने ऋण की राशि को नहीं लौटाया। बैंक के अधिकारियों ने 20 अक्तूबर 2015 को आरोपी को पैसे लौटाने के लिए कहा। आरोपी ने बैंक के नाम 1 लाख 7 हजार 117 रुपये का चेक जारी कर दिया। बैंक ने चेक को अदायगी के लिए लगा दिया। लेकिन आरोपी के खाते में पर्याप्त धनराशि न होने के चलते चेक बाउंस हो गया।
विज्ञापन
इसके बाद बैंक प्रबंधक ने आरोपी को उपरोक्त धनराशि जमा करवाने के लिए लीगल नोटिस जारी किया, लेकिन आरोपी ने न तो उपरोक्त धनराशि को जमा करवाया और न ही लीगल नोटिस का कोई जवाब दिया। बैंक ने आरोपी के खिलाफ अदालत में शिकायत पत्र दाखिल कर दिया। शिकायतकर्ता के वकील सुमन सिंह चंदेल ने बताया कि अदालत ने आरोपी को दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है।
विज्ञापन