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कैरियर बनाने के लिए रूचि व योग्यता पर दे बल
Updated Thu, 11 Oct 2018 10:51 PM IST
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कॅरिअर बनाने के लिए रुचि और योग्यता पर बल दें विद्यार्थी
झंडूता कॉलेज में विद्यार्थियों को दिए कॅरिअर बनाने के टिप्स
अमर उजाला ब्यूरो
झंडूता (बिलासपुर)। राजकीय स्नातक महाविद्यालय झंडूता में कॅरिअर काउंसलिंग और गाइडेंस पर कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें मुख्य अतिथि के रूप में प्राचार्य प्रो. नीना वासुदेवा ने शिरकत की।
उन्होंने कहा कि उद्देश्य और लक्ष्य के बिना कोई भी काम शुरू करना गलत है, कॅरिअर बनाने के लिए उन्होंने दो बातों पर बल दिया, एक अपनी रुचि दूसरा अपनी योग्यता के अभाव में कभी भी कॅरिअर का सही चुनाव नहीं कर सकते हैं।
कार्यक्रम समन्वयक प्रो. प्रेम सिंह कटवाल ने कहा कि 1991 में हिमाचल प्रदेश में वर्क फोर्स के 22 प्रतिशत लोग गैर कृषि कार्य में लगे थे, जो कि 20 वर्षों में मात्र 3 प्रतिशत की वृद्धि हुई है यह चिंता का विषय है। पॉलिसी प्रोग्राम का समय-समय पर मूल्यांकन होना चाहिए, ताकि हमारे युवाओं को रोजगार के अवसर बढ़ें। इस अवसर पर मुख्य वक्ता के रूप में हंसराज गुप्ता, राजेश मेहता और संजीव उपस्थित रहे। विद्यार्थियों को अपने कॅरिअर के रास्ते और उनसे जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं के बारे में भी बताया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राध्यापक वर्ग में डॉ. पीएल भाटिया, प्रो. सीताराम, प्रो. अमित, डॉ. विजय प्रो. राजेश ठाकुर, प्रो. पंकज शर्मा, प्रो. दामोदर गौतम, प्रो. अमित कुमार, प्रो. नवीन कुमार, डॉ. घनश्याम एवं गैर शिक्षक वर्ग उपस्थित थे।
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झंडूता कॉलेज में विद्यार्थियों को दिए कॅरिअर बनाने के टिप्स
अमर उजाला ब्यूरो
झंडूता (बिलासपुर)। राजकीय स्नातक महाविद्यालय झंडूता में कॅरिअर काउंसलिंग और गाइडेंस पर कार्यशाला का आयोजन किया गया। इसमें मुख्य अतिथि के रूप में प्राचार्य प्रो. नीना वासुदेवा ने शिरकत की।
उन्होंने कहा कि उद्देश्य और लक्ष्य के बिना कोई भी काम शुरू करना गलत है, कॅरिअर बनाने के लिए उन्होंने दो बातों पर बल दिया, एक अपनी रुचि दूसरा अपनी योग्यता के अभाव में कभी भी कॅरिअर का सही चुनाव नहीं कर सकते हैं।
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कार्यक्रम समन्वयक प्रो. प्रेम सिंह कटवाल ने कहा कि 1991 में हिमाचल प्रदेश में वर्क फोर्स के 22 प्रतिशत लोग गैर कृषि कार्य में लगे थे, जो कि 20 वर्षों में मात्र 3 प्रतिशत की वृद्धि हुई है यह चिंता का विषय है। पॉलिसी प्रोग्राम का समय-समय पर मूल्यांकन होना चाहिए, ताकि हमारे युवाओं को रोजगार के अवसर बढ़ें। इस अवसर पर मुख्य वक्ता के रूप में हंसराज गुप्ता, राजेश मेहता और संजीव उपस्थित रहे। विद्यार्थियों को अपने कॅरिअर के रास्ते और उनसे जुड़े महत्वपूर्ण पहलुओं के बारे में भी बताया गया। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राध्यापक वर्ग में डॉ. पीएल भाटिया, प्रो. सीताराम, प्रो. अमित, डॉ. विजय प्रो. राजेश ठाकुर, प्रो. पंकज शर्मा, प्रो. दामोदर गौतम, प्रो. अमित कुमार, प्रो. नवीन कुमार, डॉ. घनश्याम एवं गैर शिक्षक वर्ग उपस्थित थे।
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