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लिंग जांच गंभीर अपराध, पकड़े जाने पर होगी सजा और जुर्माना

Thu, 28 Mar 2019 09:06 PM IST
Devender Devender Kumar Kumar
Updated Thu, 28 Mar 2019 09:06 PM IST
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लिंग जांच गंभीर अपराध, पकड़े जाने पर होगी सजा और जुर्माना
घुमारवीं (बिलासपुर)। घुमारवीं अस्पताल में अमर उजाला के अपराजिता 100 मिलियन स्माइल कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में आंगबाड़ी कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। स्रोत वक्ता के रूप में बीएमओ घुमारवीं एके सिंह और महिला अधिवक्ता मनोरमा चौहान मौजूद रहे।
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खंड चिकित्सा अधिकारी घुमारवीं डॉ. एके सिंह ने महिलाओं को स्वास्थ्य और उनके अधिकारों के बारे में जागरूक किया। उन्होंने कहा कि लिंग की जांच कानूनी अपराध है। लिंग की जांच करने वाले डॉक्टर और करवाने वालों के लिए सजा का प्रावधान है। महिलाएं लिंग जांच की बीएमओ और महिला थाने में शिकायत कर सकती हैं। गर्भपात तभी करवाया जा सकता है जब मां या बच्चे को कुछ खतरा हो। 0 से 6 वर्ष तक दिसंबर 2018 का लिंग अनुपात घुमारवीं खंड में 1000 लड़कों पर 958 लड़कियां हैं। यदि इसी तरह लड़कियों की संख्या कम होती रही तो समाज के लिए यह घातक साबित होगा। सरकार ने इंदिरा गांधी बालिका सुरक्षा योजना चलाई है। एक बालिका पर परिवार नियोजन का ऑपरेशन करवाने पर 35 हजार की एफडी और दो बालिकाओं पर ऑपरेशन करवाने पर 25 हजार की एफडी बेटियों के नाम की जा रही है।
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वहीं, अधिवक्ता मनोरमा चौहान ने महिलाओं को नि:शुल्क कानूनी सहायता के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि गाली-गलौच व अभद्र व्यवहार घरेलू हिंसा में आता है। महिलाएं पुलिस के पास शिकायत दर्ज करवा सकती हैं। कोई भी महिला नि:शुल्क सहायता प्राप्त कर सकती है, इसके लिए कोर्ट में आवेदन करना होता है। अगर महिला चाहती है कि उसकी वकील महिला हो तो वह भी मुहैया होता है। कार्यक्रम में 65 के करीब महिलाओं ने भाग लिया।
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खंड स्वास्थ्य शिक्षक सुरेश चंदेल ने बताया कि महिलाओं को हिंसा के खिलाफ आवाज उठानी चाहिए। स्वास्थ्य कर्मचारी सोनिका कपूर ने बताया कि यदि लड़का-लड़की में भेदभाव न करें और लड़कियों को अच्छी शिक्षा दें तो हम महिला हिंसा को रोक सकते हैं।
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