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Yamuna Nagar News: संरक्षण के दावे अपार, फिर भी सड़कों पर पशु लाचार

Fri, 15 Aug 2025 01:50 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर Updated Fri, 15 Aug 2025 01:50 AM IST
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There are many claims of protection, yet animals are helpless on the roads
छछरौली- पांवटा हाईवे पर बैठे बेसहारा गोवंश। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
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यमुनानगर। पशुओं के संरक्षण के लिए सरकार दावे तो बहुत कर रही है, लेकिन धरातल पर स्थिति कुछ और ही बयां कर रही है। लेकिन अधिकारियों की अनदेखी का खामियाजा वाहन चालकों को भुगतना पड़ रहा है। बीच सड़क पर घूमते बेसहारा गोवंश अक्सर हादसे का कारण बनते हैं और आए दिन वाहन चालक उनसे टकरा कर घायल हो रहे हैं।
सड़कों पर बेसहारा गोवंशों की संख्या लगातार बढ़ रही है। जिनसे राहगीर व वाहन चालक परेशान हो चुके हैं। यह गोवंश हर गली, चौक चौराहों, बस अड्डे, सब्जी मंडी व मेन बाजार के अलावा मंदिरों के बाहर झुंड बनाकर बैठे रहते हैं। हालांकि नगर निगम ने अभियान भी चलाया है। इसके बाद भी गोवंश सड़कों पर घूम रहे हैं, जो दुर्घटनाओं का कारण भी बन रहे।
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विभिन्न एरिया में पशुओं को घूमता हुए देखा जा रहा है। नगर निगम के साथ ही जिला प्रशासन को ग्रामीण क्षेत्रों की ओर भी ध्यान देना चाहिए, क्योंकि लावारिस पशुओं की संख्या ग्रामीण में भी बड़ी संख्या में हैं। पशु खेतों में फसलों को बर्बाद करते हैं और सड़कों पर दुघर्टनाओं का कारण भी बनते हैं। ग्रामीण क्षेत्रद के राजेश, माम चंद, अशोक, प्रवीन का कहना है कि प्रशासन को शहर के साथ ही गांवों की ओर भी ध्यान देना चाहिए।
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दिक्कत केवल शहर में ही नहीं बल्कि गांव में भी होती है। सबसे ज्यादा लावारिस पशु ईएसआई अस्पताल के नजदीक सड़क के किनारे बैठे रहते हैं। फव्वारा चौक की तरफ से जगाधरी की तरफ जाने वाले चालकों के लिए परेशानी का कारण बनते हैं। इसके साथ ही सेक्टर 17 में लावारिस पशुओं की भरमार है।
सदन की बैठक में भी उठा था मुद्दा
दो-तीन पहले नगर निगम हाउस की बैठक हुई थी। उस दौरान पार्षदों के साथ-साथ शहरवासियों को भी उम्मीद थी कि बैठक में इनका कोई समाधान निकलेगा, लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं हुआ। पार्षदों ने तो लोगों का दर्द सदन की बैठक में पूरे जोर से बताया, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। सीएसआई अनिल नैन ने कहा कि यदि उन्हें गोवंश को गोशाला तक ले जाने के लिए एक वाहन और स्टाफ मिल जाए तो वह एक माह में शहर को कैटल फ्री कर देंगे। फिलहाल उनके पास एक ही वाहन है और इस पर पांच-छह कर्मचारियों का स्टाफ है। निगम आयुक्त अखिल पिलानी ने सभी पार्षदों से कहा कि वह अपने-अपने वार्ड में अनुमानित बेसहारा गोवंश की संख्या बता दें, ताकि उसी प्रकार से काम किया जा सके।

हम लगातार बेसहारा पशुओं को पकड़ने का प्रयास कर रहे हैं। बड़ी संख्या में हमने गोवंशों को पकड़ कर गोशालाओं में भेजा है। पशुओं को पकड़ने का यह अभियान लगातार आगे भी जारी रहेगा। -अखिल पिलानी, नगर निगम आयुक्त, यमुनानगर।
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