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विद्यार्थियों ने मतदान कर दीया को चुना मंडौली स्कूल का प्रधान
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यमुनानगर। मंडौली स्थित राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय में बुधवार को विद्यार्थी ने वोट डालकर मंडौली का प्रधान चुना। दीया को गुलाब का फूल, ज्वाला को उगता सूरज व साक्षी को शेर का चुनाव चिह्न दिया गया। त्रिकोणीय चुनाव में दीया को 50 तो ज्वाला को मिले 40 वोट और साक्षी को 35 वोट मिले। इस चुनाव का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को आम चुनाव की प्रक्रिया के बारे में बताना रहा। सबसे पहले विद्यार्थियों को चुनाव व मतदान की ताकत के बारे में बताया गया। कार्यक्रम में छठी से आठवीं के विद्यार्थियों ने भाग लिया।
हिंदुस्तान स्काउट्स एवं गाइड्स के जिला प्रेस सचिव महेंद्र सिंह कलेर ने बताया कि खेल-खेल में चुनाव करवाया गया। इस काल्पनिक चुनाव में 11 विद्यार्थियों ने नामांकन किया, लेकिन अंत में सिर्फ तीन उम्मीदवार ही मैदान में रह गए। आठ ने दूसरों के समर्थन में नाम वापस ले लिए। त्रिकोणीय चुनाव प्रक्रिया बेहद रोमांचकारी रही। स्कूल प्रधान बनने के लिए तीन उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल किया और उन्हें चुनाव चिन्ह जारी किए गए। जिसमें दीया को गुलाब का फूल, ज्वाला को उगता सूरज व साक्षी को शेर का चुनाव चिह्न दिया गया। विद्यार्थियों को प्रचार करने के तरीके, मर्यादाओं व सीमाओं के बारे में बताया गया। इसके बाद पोलिंग पार्टी ने मोकपोल करके दिखाया। पोलिंग पार्टी में महेंद्र सिंह कलेर, शबनम, अक्षा व मीनू ने सक्रिय भूमिका निभाई। विद्यार्थियों को पोलिंग पार्टी के कार्यों व प्रक्रिया के बारे में बताया। दो-दो विद्यार्थियों को उम्मीदवारों का एजेंट बनाया गया। इसके साथ ही बीएलओ के बारे में बताया गया। बीएलओ की भूमिका मंतशा ने निभाई तथा पुलिस अधिकारी का किरदार सोहेल खान ने निभाया।
विद्यार्थियों ने किया मतदान
आम चुनाव की तरह स्कूल में भी पोलिंग करवाई गई। जिसमें पोलिंग ऑफिसर नंबर एक के पास मतदाता अपने नाम, बूथ नंबर व वोटर सूची क्रमांक नंबर लेकर जाता है। ऑफिसर नंबर एक उनका नाम मतदाता सूची में देखता है और नाम पुकारता है। जिसे वहां बैठे एजेंट अपनी नजर रखते हैं कि सूची में नाम देखते हैं कि सही व्यक्ति ही मतदाता करने आया है। अधिकारी मेल व फीमेल वोटर भी नोट करता है। इसके बाद पोलिंग ऑफिसर नंबर दो पहचान पत्र से पहचान करके क्रमांक नंबर लिखकर पर्ची देता है। एपीओ जांच करके बाएं हाथ की तर्जनी उंगली पर अमिट स्याही लगाता है। अंत में पीठासीन अधिकारी बेल्ट पेपर जारी करता है व सही प्रकार से मोड़कर मतदाता को देता है। इस प्रकार विद्यार्थियों को पूरी प्रक्रिया समझा कर चुनाव संपन्न कराए गए। मतदान के बाद विजेता का नाम घोषित किया। सबसे ज्यादा वोट दीया के चुनाव चिह्न के गुलाब के फूल को प्राप्त हुए। उसे स्कूल का प्रधान बनाया गया। दीया को 50 वोट, ज्वाला को 40 वोट और साक्षी 35 वोट मिले। विद्यार्थियों ने स्कूल चुनाव की तरह आम चुनाव में भी सक्रिय भागीदारी निभाने का प्रण लिया।
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हिंदुस्तान स्काउट्स एवं गाइड्स के जिला प्रेस सचिव महेंद्र सिंह कलेर ने बताया कि खेल-खेल में चुनाव करवाया गया। इस काल्पनिक चुनाव में 11 विद्यार्थियों ने नामांकन किया, लेकिन अंत में सिर्फ तीन उम्मीदवार ही मैदान में रह गए। आठ ने दूसरों के समर्थन में नाम वापस ले लिए। त्रिकोणीय चुनाव प्रक्रिया बेहद रोमांचकारी रही। स्कूल प्रधान बनने के लिए तीन उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल किया और उन्हें चुनाव चिन्ह जारी किए गए। जिसमें दीया को गुलाब का फूल, ज्वाला को उगता सूरज व साक्षी को शेर का चुनाव चिह्न दिया गया। विद्यार्थियों को प्रचार करने के तरीके, मर्यादाओं व सीमाओं के बारे में बताया गया। इसके बाद पोलिंग पार्टी ने मोकपोल करके दिखाया। पोलिंग पार्टी में महेंद्र सिंह कलेर, शबनम, अक्षा व मीनू ने सक्रिय भूमिका निभाई। विद्यार्थियों को पोलिंग पार्टी के कार्यों व प्रक्रिया के बारे में बताया। दो-दो विद्यार्थियों को उम्मीदवारों का एजेंट बनाया गया। इसके साथ ही बीएलओ के बारे में बताया गया। बीएलओ की भूमिका मंतशा ने निभाई तथा पुलिस अधिकारी का किरदार सोहेल खान ने निभाया।
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विद्यार्थियों ने किया मतदान
आम चुनाव की तरह स्कूल में भी पोलिंग करवाई गई। जिसमें पोलिंग ऑफिसर नंबर एक के पास मतदाता अपने नाम, बूथ नंबर व वोटर सूची क्रमांक नंबर लेकर जाता है। ऑफिसर नंबर एक उनका नाम मतदाता सूची में देखता है और नाम पुकारता है। जिसे वहां बैठे एजेंट अपनी नजर रखते हैं कि सूची में नाम देखते हैं कि सही व्यक्ति ही मतदाता करने आया है। अधिकारी मेल व फीमेल वोटर भी नोट करता है। इसके बाद पोलिंग ऑफिसर नंबर दो पहचान पत्र से पहचान करके क्रमांक नंबर लिखकर पर्ची देता है। एपीओ जांच करके बाएं हाथ की तर्जनी उंगली पर अमिट स्याही लगाता है। अंत में पीठासीन अधिकारी बेल्ट पेपर जारी करता है व सही प्रकार से मोड़कर मतदाता को देता है। इस प्रकार विद्यार्थियों को पूरी प्रक्रिया समझा कर चुनाव संपन्न कराए गए। मतदान के बाद विजेता का नाम घोषित किया। सबसे ज्यादा वोट दीया के चुनाव चिह्न के गुलाब के फूल को प्राप्त हुए। उसे स्कूल का प्रधान बनाया गया। दीया को 50 वोट, ज्वाला को 40 वोट और साक्षी 35 वोट मिले। विद्यार्थियों ने स्कूल चुनाव की तरह आम चुनाव में भी सक्रिय भागीदारी निभाने का प्रण लिया।
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