फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Yamuna Nagar News ›   Sponsorship scheme hits a roadblock; children await the budget

Yamuna Nagar News: स्पॉन्सरशिप स्कीम पर लगा ग्रहण, बच्चों को बजट का इंतजार

Fri, 14 Aug 2026 01:03 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर Updated Fri, 14 Aug 2026 01:03 AM IST
विज्ञापन
Sponsorship scheme hits a roadblock; children await the budget
जिला बाल संरक्षण इकाई कार्यालय। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

यमुनानगर। मिशन वात्सल्य योजना के अंतर्गत चलाई जा रही स्पॉन्सरशिप स्कीम पर बजट का ग्रहण लग गया है। जिले में योजना के तहत पात्र 93 बच्चों को जनवरी 2025 से आर्थिक सहायता का इंतजार है। ऐसे में जरूरतमंद परिवारों के सामने बच्चों की पढ़ाई और अन्य जरूरी खर्चों को पूरा करने की चुनौती बढ़ गई है।
स्पॉन्सरशिप स्कीम का उद्देश्य ऐसे बच्चों को आर्थिक सहारा देना है, जिन्हें पारिवारिक परिस्थितियों के कारण विशेष मदद की जरूरत है। योजना के तहत पात्र बच्चे को 4,000 रुपये प्रतिमाह की वित्तीय सहायता सरकार की ओर से दी जाती है। यह सहायता बच्चे के 18 वर्ष की आयु तक जारी रहती है। जिले के 93 बच्चे फिलहाल इस योजना के पात्र हैं।
विज्ञापन

जनवरी 2025 से बजट नहीं मिलने के कारण इन बच्चों की करीब 70 से 80 लाख रुपये की सहायता राशि अटकी होने की बात सामने आई है। स्पॉन्सरशिप योजना मुख्य रूप से ऐसे एकल, अनाथ और जरूरतमंद बच्चों की पढ़ाई व पालन-पोषण में आर्थिक सहयोग देने के उद्देश्य से शुरू की गई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

योजना के तहत उन बच्चों को भी लाभ दिया जाता है, जो अपने माता-पिता के बजाय बुआ-फूफा, नाना-नानी, मामा-मामी या शादीशुदा बहन के पास रह रहे हैं। ऐसे बच्चों को आर्थिक सहायता देकर उनकी शिक्षा जारी रखने और बेहतर भविष्य की राह आसान करने का प्रयास किया जाता है।
इसके अलावा जिन बच्चों के माता-पिता जेल में बंद हैं और सजा काट रहे हैं, वे भी निर्धारित पात्रता पूरी करने पर योजना का लाभ ले सकते हैं। गंभीर परिस्थितियों से जूझ रहे बच्चों को भी योजना के दायरे में रखा गया है। इनमें ऐसे बच्चे शामिल हैं, जिनके माता-पिता एड्स या कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से पीड़ित हैं।
बजट मिलने का इंतजार
योजना के तहत मिलने वाली 4,000 रुपये प्रतिमाह की राशि जरूरतमंद बच्चों के परिवारों के लिए महत्वपूर्ण सहारा है। लंबे समय से राशि नहीं मिलने के कारण बच्चों की शिक्षा, किताबें, कपड़े और अन्य जरूरतों पर इसका असर पड़ा है। लाभार्थी परिवारों को अब सरकार की ओर से बजट जारी होने का इंतजार है।

स्पॉन्सरशिप स्कीम का बजट जारी करने के लिए मुख्यालय लिखा हुआ है। जैसे ही बजट आएगा यह राशि बच्चों के खातों में भेज दी जाएगी। - तरविंद्र कौर, कार्यवाहक जिला परियोजना अधिकारी, यमुनानगर।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed