यमुनानगर। शादी में दहेज की मांग पूरी न होने पर ससुराल वालों ने विवाहिता को मारपीट कर घर से निकाल दिया। महिला का आरोप है कि ससुराल वालों ने उसकी बेटी समेत दो बच्चों का बीमार होने पर उपचार नहीं कराया। जिससे उनकी मौत हो गई। पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
महिला थाना पुलिस को दी शिकायत में बिलासपुर की डेहा बस्ती निवासी प्रीति ने बताया कि उसकी शादी जून 2019 में जिला अंबाला के गांव शहजादपुरा निवासी अभिषेक से हुई थी। शादी में उसके मायके वालों ने हर प्रकार का जरूरी सामान दिया था। शादी के बाद उसके पास दो साल का बेटा भी है। शादी के बाद से ही पति, सास गीता उसे दहेज के लिए प्रताड़ित करने लगे। वह मायके वालों से बुलेट की मांग करने लगे परंतु मायके वाले उनकी मांगों को पूरा करने में सक्षम नहीं थे। मांग पूरी न होने पर उसके साथ मारपीट की जाने लगी। सास कहने लगी कि यदि वह दहेज की मांग पूरी नहीं कर सकते तो उसके बेटे को तलाक दे दे। पीड़िता ने आरोप लगाया कि शादी से पहले उसके पास लड़की थी। जिसे ससुराल वाले पसंद नहीं करते थे। वह काफी बीमार थी लेकिन पति ने उसे दवाई नहीं दिलवाई, जिससे उसकी मौत हो गई। इसी तरह दूसरे बच्चे का भी इलाज नहीं कराया और वह भी मर गया। अब तीसरे बच्चे को ससुराल वालों ने उससे छीन लिया और उसे घर से बाहर निकाल दिया। सूचना पाते ही उसकी मां मौके पर पहुंची। वह मां के साथ मायके आ गई। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पति अभिषेक, ससुर पटम्बर, सास गीता व देवर पंकज के खिलाफ दहेज उत्पीड़न का केस दर्ज कर लिया।