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Yamuna Nagar News: मंत्री के हलके में बंतो हारीं, यमुनानगर में जीतीं
Wed, 05 Jun 2024 03:16 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Wed, 05 Jun 2024 03:16 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। मुख्यमंत्री नायब सैनी की सरकार में कृषि मंत्री और तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल की सरकार में विधानसभा स्पीकर व शिक्षा मंत्री रहे कंवरपाल गुर्जर के विधानसभा क्षेत्र में जगाधरी में भाजपा कोई खास अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाई। भाजपा प्रत्याशी बंतो कटारिया को जगाधरी विधानसभा में हार का सामना करना पड़ा।
जगाधरी विधानसभा में डाले गए वोट की गिनती करने के लिए कुल 19 राउंड हुए। इनमें से सात राउंड ही ऐसे रहे जिनमें बंतो कटारिया कांग्रेस के प्रत्याशी वरुण चौधरी से आगे निकल पाई। इनमें दो राउंड तो ऐसे हैं, जिनमें दोनों प्रत्याशियों को मिले वोट का अंतर बहुत कम है। वहीं 2019 में हुए लोकसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी रत्न लाल कटारिया ने 20 राउंड में से 16 में ज्यादा वोट हासिल किए थे।
जगाधरी विधानसभा में बंतो कटारिया को कुल 74989 वोट मिले। वहीं वरूण चौधरी को 90435 वोट मिले हैं। वरूण चौधरी ने बंतो कटारिया के मुकाबले 15446 वोट ज्यादा हासिल किए। मंत्री की विधानसभा में भाजपा प्रत्याशी को कम वोट मिलना जिलेभर में चर्चा का विषय बना रहा। 2019 के चुनावों में भाजपा ने गांवों में अच्छा प्रदर्शन किया था।
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वैसा प्रभाव इस बार देखने को नहीं मिला। भाजपा केवल शहरी क्षेत्र से ही आगे रही। जिससे कयास लगाया जा रहा है कि गांवों में भाजपा की पकड़ पहले के मुकाबले कमजोर हुई है। मंत्री कंवरपाल ने बंतो कटारिया के चुनाव प्रचार में अपनी तरफ से कोई कसर नहीं छोड़ी थी। उन्होंने गांव-गांव जाकर लोगों से वोट मांगे और रोड शो भी किए। फिर भी उनकी मेहनत रंग नहीं ला पाई।
यमुनानगर में भाजपा का अच्छा प्रदर्शन
जगाधरी के मुकाबले यमुनानगर विधानसभा क्षेत्र में भाजपा का प्रदर्शन अच्छा रहा। यहां से घनश्याम दास अरोड़ा भाजपा के विधायक हैं। यमुनानगर विधानसभा में कुल 155640 वोट पोल हुए थे। यहां बंतो कटारिया ने 24675 ज्यादा वोट हासिल किए। कांग्रेस प्रत्याशी वरूण चौधरी को यहां से 61848 वोट मिले, जबकि बंतो कटारिया ने 86523 वोट हासिल किए।
साढौरा में कांग्रेस रही बेहतर
साढौरा विधानसभा में कांग्रेस का उम्मीद से बढ़कर प्रदर्शन रहा। वरुण चौधरी ने अंबाला लोकसभा में 47060 वोट से जीत दर्ज की। जिसमें से 40055 ज्यादा वोट तो उन्हें केवल साढौरा विधानसभा से ही मिले। यानि वरूण की जीत में साढौरा विधानसभा की बड़ी भूमिका रही। साढौरा विधानसभा में रेण बाला कांंग्रेस की विधायक हैं। यहां कुल 166664 वोट पोल हुए थे। इनमें से वरूण चौधरी को 98531 और बंतो कटारिया को 58476 वोट मिले। भाजपा प्रत्याशी से 40055 ज्यादा वोट मिलने से कांग्रेस पार्टी में रेणू बाला का भी कद बढ़ा है।
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यमुनानगर। मुख्यमंत्री नायब सैनी की सरकार में कृषि मंत्री और तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल की सरकार में विधानसभा स्पीकर व शिक्षा मंत्री रहे कंवरपाल गुर्जर के विधानसभा क्षेत्र में जगाधरी में भाजपा कोई खास अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाई। भाजपा प्रत्याशी बंतो कटारिया को जगाधरी विधानसभा में हार का सामना करना पड़ा।
जगाधरी विधानसभा में डाले गए वोट की गिनती करने के लिए कुल 19 राउंड हुए। इनमें से सात राउंड ही ऐसे रहे जिनमें बंतो कटारिया कांग्रेस के प्रत्याशी वरुण चौधरी से आगे निकल पाई। इनमें दो राउंड तो ऐसे हैं, जिनमें दोनों प्रत्याशियों को मिले वोट का अंतर बहुत कम है। वहीं 2019 में हुए लोकसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी रत्न लाल कटारिया ने 20 राउंड में से 16 में ज्यादा वोट हासिल किए थे।
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जगाधरी विधानसभा में बंतो कटारिया को कुल 74989 वोट मिले। वहीं वरूण चौधरी को 90435 वोट मिले हैं। वरूण चौधरी ने बंतो कटारिया के मुकाबले 15446 वोट ज्यादा हासिल किए। मंत्री की विधानसभा में भाजपा प्रत्याशी को कम वोट मिलना जिलेभर में चर्चा का विषय बना रहा। 2019 के चुनावों में भाजपा ने गांवों में अच्छा प्रदर्शन किया था।
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वैसा प्रभाव इस बार देखने को नहीं मिला। भाजपा केवल शहरी क्षेत्र से ही आगे रही। जिससे कयास लगाया जा रहा है कि गांवों में भाजपा की पकड़ पहले के मुकाबले कमजोर हुई है। मंत्री कंवरपाल ने बंतो कटारिया के चुनाव प्रचार में अपनी तरफ से कोई कसर नहीं छोड़ी थी। उन्होंने गांव-गांव जाकर लोगों से वोट मांगे और रोड शो भी किए। फिर भी उनकी मेहनत रंग नहीं ला पाई।
यमुनानगर में भाजपा का अच्छा प्रदर्शन
जगाधरी के मुकाबले यमुनानगर विधानसभा क्षेत्र में भाजपा का प्रदर्शन अच्छा रहा। यहां से घनश्याम दास अरोड़ा भाजपा के विधायक हैं। यमुनानगर विधानसभा में कुल 155640 वोट पोल हुए थे। यहां बंतो कटारिया ने 24675 ज्यादा वोट हासिल किए। कांग्रेस प्रत्याशी वरूण चौधरी को यहां से 61848 वोट मिले, जबकि बंतो कटारिया ने 86523 वोट हासिल किए।
साढौरा में कांग्रेस रही बेहतर
साढौरा विधानसभा में कांग्रेस का उम्मीद से बढ़कर प्रदर्शन रहा। वरुण चौधरी ने अंबाला लोकसभा में 47060 वोट से जीत दर्ज की। जिसमें से 40055 ज्यादा वोट तो उन्हें केवल साढौरा विधानसभा से ही मिले। यानि वरूण की जीत में साढौरा विधानसभा की बड़ी भूमिका रही। साढौरा विधानसभा में रेण बाला कांंग्रेस की विधायक हैं। यहां कुल 166664 वोट पोल हुए थे। इनमें से वरूण चौधरी को 98531 और बंतो कटारिया को 58476 वोट मिले। भाजपा प्रत्याशी से 40055 ज्यादा वोट मिलने से कांग्रेस पार्टी में रेणू बाला का भी कद बढ़ा है।