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Yamuna Nagar News: रूस भेजने के नाम पर लाखों की धोखाधड़ी
Mon, 15 Apr 2024 03:56 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Mon, 15 Apr 2024 03:56 AM IST
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संवाद न्यूज एजेंसी
यमुनानगर। शाहपुर के मांगेराम से रूस भेजने के नाम पर साढ़े पांच लाख रुपये ठग लिए गए। आरोप बिलासपुर के रणजीत सैनी पर लगा है। मांगेराम की शिकायत पर थाना बिलासपुर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस को दी शिकायत अनुसार मांगेराम जब अपने पासपोर्ट के सिलसिले में बिलासपुर में फोटोस्टेट की दुकान चला रहे रणजीत सैनी के पास गया था। आरोप है कि रणजीत सैनी ने कहा कि वह लोगों को विदेश भेजने का भी काम करता है। उसका चंडीगढ़ में गोल्डी नाम का दोस्त है। उसके माध्यम से यह काम होता है। रणजीत ने विश्वास दिलाया और रशिया भेजने के नाम पर साढ़े चार लाख रुपये मांगे। उ
सकी बातों में आकर अलग-अलग कर उसे यह राशि दी। साथ ही एक लाख रुपये अलग से दस्तावेजों का खर्च बताकर ले लिए। कुछ दिन बाद रणजीत ने उसकी टिकट होने की बात कही, पर वह कैंसिल हो गई। इसके बाद दोबारा उसकी टिकट कराई और उसे एयरपोर्ट भेज दिया। मांगेराम ने बताया कि एयरपोर्ट पर उसे रोक लिया गया। जब इस बारे में रणजीत से बात करने के लिए कॉल की तो उसने कॉल रिसीव नहीं की। लौटकर उसकी दुकान पर गया और रुपये वापस मांगे तो उसने देने से इंकार कर दिया।
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यमुनानगर। शाहपुर के मांगेराम से रूस भेजने के नाम पर साढ़े पांच लाख रुपये ठग लिए गए। आरोप बिलासपुर के रणजीत सैनी पर लगा है। मांगेराम की शिकायत पर थाना बिलासपुर पुलिस ने आरोपी के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस को दी शिकायत अनुसार मांगेराम जब अपने पासपोर्ट के सिलसिले में बिलासपुर में फोटोस्टेट की दुकान चला रहे रणजीत सैनी के पास गया था। आरोप है कि रणजीत सैनी ने कहा कि वह लोगों को विदेश भेजने का भी काम करता है। उसका चंडीगढ़ में गोल्डी नाम का दोस्त है। उसके माध्यम से यह काम होता है। रणजीत ने विश्वास दिलाया और रशिया भेजने के नाम पर साढ़े चार लाख रुपये मांगे। उ
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सकी बातों में आकर अलग-अलग कर उसे यह राशि दी। साथ ही एक लाख रुपये अलग से दस्तावेजों का खर्च बताकर ले लिए। कुछ दिन बाद रणजीत ने उसकी टिकट होने की बात कही, पर वह कैंसिल हो गई। इसके बाद दोबारा उसकी टिकट कराई और उसे एयरपोर्ट भेज दिया। मांगेराम ने बताया कि एयरपोर्ट पर उसे रोक लिया गया। जब इस बारे में रणजीत से बात करने के लिए कॉल की तो उसने कॉल रिसीव नहीं की। लौटकर उसकी दुकान पर गया और रुपये वापस मांगे तो उसने देने से इंकार कर दिया।
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