{"_id":"608322a28ebc3e59257904d9","slug":"crowds-gathered-to-get-permission-for-wedding-ceremony-yamunanagar-yamuna-nagar-news-knl68087534","type":"story","status":"publish","title_hn":"शादी समारोह की अनुमति लेने के लिए उमड़ी भीड़","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
शादी समारोह की अनुमति लेने के लिए उमड़ी भीड़
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
जगाधरी। कोरोना की नई लहर के कारण सरकार की ओर से शादी समारोह व सामूहिक कार्यक्रम में दी गई छूट समाप्त कर दी है। शादी समारोह की अनुमति लेने के लिए जिले के सभी एसडीएम कार्यालयों में लोगों की भीड़ उमड़ रही है। ऐसे में कोराना के बचाव के नियम टूट रहे हैं।
करीब ढाई महीने से डूबा विवाह का तारा रामनवमी से उदय हो गया, जिसके बाद 18 जुलाई तक शादियों का मुहूर्त है। इस अवधि में 40 दिन ऐसे हैं, जिसमें शहनाई बज सकेगी। वहीं दूसरी तरफ कोरोना की दूसरी लहर के बाद सरकार ने इसके लिए विशेष नियम बनाए हैं, जिसके अनुसार शादी के लिए संबंधित क्षेत्र के प्रशासनिक अधिकारी से अनुमति लेना आवश्यक होगा। पहले तो इसे लोगों ने जरूरी नहीं समझा, लेकिन दो दिन में मैरिज पैलेस संचालक व लड़की के पिता पर बिना अनुमति के शादी करने के मामले में केस दर्ज करने के बाद लोगों में हड़कंप मच गया है।
अब शादी समारोह के लिए अनुमति लेने वालों की एसडीएम कार्यालय में भीड़ उमड़ पड़ी है। हालात यह है कि सरकारी कार्यालय में ही शारीरिक दूरी के नियमों की धज्जियां उड़ रही हैं। लोगों का कहना है कि सरकार को इसे ऑनलाइन कर देना चाहिए। जिससे कार्यालय में भीड़ नहीं लगेगी और शारीरिक दूरी का नियम नहीं टूटेगा।
विज्ञापन
इस बारे में जगाधरी के एसडीएम सुशील कुमार ने कहा कि इसके लिए कर्मचारियों को ड्यूटी सौंप दी गई है। किसी को परेशान नहीं होने दिया जाएगा। शुरूआत में यह थोड़ा मुश्किल लग रहा है। इसे ऑनलाइन करना सरकार के आदेशों पर निर्भर करता है। लोगों के लिए व्यवस्था कर दी गई है। अब शारीरिक दूरी के अनुसार ही लोग अपना काम करवा रहे हैं।
शादी समारोह की अनुमति के लिए मारामारी
बिलासपुर। कोविड-19 की नई गाइड लाइन जारी होते ही छछरौली, साढौरा, बिलासपुर व आसपास के गांवों के लोग शादी का अनुमति पत्र बनवाने के लिए एसडीएम कार्यालय में जमा हो गए। एसडीएम बिलासपुर जसपाल सिंह गिल ने बताया कि विवाह को लेकर संबंधित परिवार के एक सदस्य को प्रार्थना पत्र के साथ अपना पहचान पत्र, शादी का कार्ड कार्यालय से मार्क करवा कर तहसीलदार व थाना परिसर से एंट्री करवा एसडीएम कार्यालय में जमा करवाना होगा। सरकार की हिदायतों के साथ विवाह समारोह की अनुमति दी जा रही है। वहीं विवाह समारोह की अनुमति लेने आए कुछ लोगों ने कहा है कि प्रदेश सरकार की नई गाइड लाइन में काफी समय बर्बाद होता है। जब प्रदेश सरकार प्रत्येक कार्य ऑनलाइन कर रही है तो अनुमति भी ऑनलाइन करनी चाहिए। संवाद
विज्ञापन
जगाधरी। कोरोना की नई लहर के कारण सरकार की ओर से शादी समारोह व सामूहिक कार्यक्रम में दी गई छूट समाप्त कर दी है। शादी समारोह की अनुमति लेने के लिए जिले के सभी एसडीएम कार्यालयों में लोगों की भीड़ उमड़ रही है। ऐसे में कोराना के बचाव के नियम टूट रहे हैं।
करीब ढाई महीने से डूबा विवाह का तारा रामनवमी से उदय हो गया, जिसके बाद 18 जुलाई तक शादियों का मुहूर्त है। इस अवधि में 40 दिन ऐसे हैं, जिसमें शहनाई बज सकेगी। वहीं दूसरी तरफ कोरोना की दूसरी लहर के बाद सरकार ने इसके लिए विशेष नियम बनाए हैं, जिसके अनुसार शादी के लिए संबंधित क्षेत्र के प्रशासनिक अधिकारी से अनुमति लेना आवश्यक होगा। पहले तो इसे लोगों ने जरूरी नहीं समझा, लेकिन दो दिन में मैरिज पैलेस संचालक व लड़की के पिता पर बिना अनुमति के शादी करने के मामले में केस दर्ज करने के बाद लोगों में हड़कंप मच गया है।
विज्ञापन
अब शादी समारोह के लिए अनुमति लेने वालों की एसडीएम कार्यालय में भीड़ उमड़ पड़ी है। हालात यह है कि सरकारी कार्यालय में ही शारीरिक दूरी के नियमों की धज्जियां उड़ रही हैं। लोगों का कहना है कि सरकार को इसे ऑनलाइन कर देना चाहिए। जिससे कार्यालय में भीड़ नहीं लगेगी और शारीरिक दूरी का नियम नहीं टूटेगा।
विज्ञापन
इस बारे में जगाधरी के एसडीएम सुशील कुमार ने कहा कि इसके लिए कर्मचारियों को ड्यूटी सौंप दी गई है। किसी को परेशान नहीं होने दिया जाएगा। शुरूआत में यह थोड़ा मुश्किल लग रहा है। इसे ऑनलाइन करना सरकार के आदेशों पर निर्भर करता है। लोगों के लिए व्यवस्था कर दी गई है। अब शारीरिक दूरी के अनुसार ही लोग अपना काम करवा रहे हैं।
शादी समारोह की अनुमति के लिए मारामारी
बिलासपुर। कोविड-19 की नई गाइड लाइन जारी होते ही छछरौली, साढौरा, बिलासपुर व आसपास के गांवों के लोग शादी का अनुमति पत्र बनवाने के लिए एसडीएम कार्यालय में जमा हो गए। एसडीएम बिलासपुर जसपाल सिंह गिल ने बताया कि विवाह को लेकर संबंधित परिवार के एक सदस्य को प्रार्थना पत्र के साथ अपना पहचान पत्र, शादी का कार्ड कार्यालय से मार्क करवा कर तहसीलदार व थाना परिसर से एंट्री करवा एसडीएम कार्यालय में जमा करवाना होगा। सरकार की हिदायतों के साथ विवाह समारोह की अनुमति दी जा रही है। वहीं विवाह समारोह की अनुमति लेने आए कुछ लोगों ने कहा है कि प्रदेश सरकार की नई गाइड लाइन में काफी समय बर्बाद होता है। जब प्रदेश सरकार प्रत्येक कार्य ऑनलाइन कर रही है तो अनुमति भी ऑनलाइन करनी चाहिए। संवाद