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Yamuna Nagar News: खतरे में ब्लॉक समिति चेयरमैन की कुर्सी
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यमुनानगर। ब्लॉक समिति बिलासपुर की चेयरमैन सुनीता देवी को विधानसभा चुनाव से ठीक पहले पाला बदलना महंगा पड़ गया है। भाजपा छोड़ कर कांग्रेस में गई सुनीता देवी की कुर्सी खतरे में है।
ब्लॉक समिति के 25 में से 24 सदस्य उनके खिलाफ हो गए हैं। इसलिए सभी चेयरपर्सन के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव ला रहे हैं। इसके लिए 28 नवंबर का दिन तय किया गया है।
सभी सदस्य व्यक्तिगत रूप से पेश होकर एडीसी आयुष सिन्हा को चेयरपर्सन के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव की प्रति सौंपेंगे। इसके बाद आगामी बैठक बुलाकर नई चेयरपर्सन का चयन किया जाएगा। अविश्वास प्रस्ताव लाए जाने से सुनीता देवी की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
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सुनीता देवी ब्लॉक समिति के वार्ड चार से वर्ष 2022 में सदस्य चुनी गई थी। वह और उनके पति भूषण गुर्जर पहले कांग्रेस में ही थे। चुनाव जीतने के बाद वह दोनों भाजपा में शामिल हो गए थे।
इसका इनाम उन्हें मिला भी था। भाजपा ने सुनीता देवी को ब्लॉक समिति बिलासपुर की चेयरपर्सन नियुक्त किया था। सुनीता को चेयरपर्सन के चुनाव के लिए 25 में से 24 सदस्यों ने एकतरफा समर्थन दिया था। जबकि वार्ड नंबर नौ की सदस्य मौके पर नहीं पहुंची थी। परंतु डेढ़ माह पहले हुए विधानसभा चुनाव से ठीक पहले कांग्रेस की लहर को देखते हुए सुनीता देवी व भूषण गुर्जर दोनों भाजपा को छोड़ कर पाला बदल लिया था।
साढौरा विधायक रेनू बाला के समर्थन में कांग्रेस में शामिल हो गए थे। उनका यही निर्णय उनके गले की फांस बन गया। विधानसभा चुनाव जीतने के बाद भाजपा दोबारा सत्ता में आ गई। जिस पर ब्लॉक समिति के सारे सदस्य सुनीता देवी के खिलाफ हो गए।
पहले 18 सदस्य उनके खिलाफ थे लेकिन मंगलवार को 25 में से 24 सदस्य एकजुट हो गए। सभी ने साढौरा के पूर्व विधायक बलवंत सिंह की अध्यक्षता में अंबाला मार्ग पर उनके रिजोर्ट में बैठक की। अविश्वास प्रस्ताव को लेकर एडीसी की तरफ से सभी सदस्यों को निजी तौर पर पत्र भेजा है। इसमें उन्हें 28 नवंबर को एडीसी कार्यालय में बुलाया गया है।
समिति के 18 सदस्यों की ओर से एडीसी को पत्र लिखकर सूचित किया गया था कि मौजूदा अध्यक्ष सुनीता देवी की कार्यशैली सही नहीं है। उनकी कार्यशैली से कोई भी सदस्य संतुष्ट नहीं है। इसलिए सभी सदस्य अध्यक्ष को बदलने की मांग करते हैं।
अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव को लेकर बैठक बुलाने की मांग की गई थी। सदस्यों ने मांग की है कि नए अध्यक्ष का चुनाव जल्द किया जाए। मौजूदा समय में खंड बिलासपुर की ब्लाॅक समिति में 12 महिला सदस्य हैं। चेयरपर्सन का पद महिला के लिए आरक्षित है।
जिसे सदस्य चुनेंगे वही चेयरपर्सन होंगी : राजेश
भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश सपरा का कहना है कि ब्लॉक समिति बिलासपुर की चेयरपर्सन सुनीता देवी के खिलाफ सभी सदस्य अविश्वास प्रस्ताव लाए हैं। जिसके लिए 28 नवंबर को एडीसी ने सभी को बुलाया है। अविश्वास प्रस्ताव पारित होने के बाद बैठक कर नई चेयरपर्सन का चयन किया जाएगा।
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ब्लॉक समिति के 25 में से 24 सदस्य उनके खिलाफ हो गए हैं। इसलिए सभी चेयरपर्सन के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव ला रहे हैं। इसके लिए 28 नवंबर का दिन तय किया गया है।
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सभी सदस्य व्यक्तिगत रूप से पेश होकर एडीसी आयुष सिन्हा को चेयरपर्सन के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव की प्रति सौंपेंगे। इसके बाद आगामी बैठक बुलाकर नई चेयरपर्सन का चयन किया जाएगा। अविश्वास प्रस्ताव लाए जाने से सुनीता देवी की मुश्किलें बढ़ गई हैं।
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सुनीता देवी ब्लॉक समिति के वार्ड चार से वर्ष 2022 में सदस्य चुनी गई थी। वह और उनके पति भूषण गुर्जर पहले कांग्रेस में ही थे। चुनाव जीतने के बाद वह दोनों भाजपा में शामिल हो गए थे।
इसका इनाम उन्हें मिला भी था। भाजपा ने सुनीता देवी को ब्लॉक समिति बिलासपुर की चेयरपर्सन नियुक्त किया था। सुनीता को चेयरपर्सन के चुनाव के लिए 25 में से 24 सदस्यों ने एकतरफा समर्थन दिया था। जबकि वार्ड नंबर नौ की सदस्य मौके पर नहीं पहुंची थी। परंतु डेढ़ माह पहले हुए विधानसभा चुनाव से ठीक पहले कांग्रेस की लहर को देखते हुए सुनीता देवी व भूषण गुर्जर दोनों भाजपा को छोड़ कर पाला बदल लिया था।
साढौरा विधायक रेनू बाला के समर्थन में कांग्रेस में शामिल हो गए थे। उनका यही निर्णय उनके गले की फांस बन गया। विधानसभा चुनाव जीतने के बाद भाजपा दोबारा सत्ता में आ गई। जिस पर ब्लॉक समिति के सारे सदस्य सुनीता देवी के खिलाफ हो गए।
पहले 18 सदस्य उनके खिलाफ थे लेकिन मंगलवार को 25 में से 24 सदस्य एकजुट हो गए। सभी ने साढौरा के पूर्व विधायक बलवंत सिंह की अध्यक्षता में अंबाला मार्ग पर उनके रिजोर्ट में बैठक की। अविश्वास प्रस्ताव को लेकर एडीसी की तरफ से सभी सदस्यों को निजी तौर पर पत्र भेजा है। इसमें उन्हें 28 नवंबर को एडीसी कार्यालय में बुलाया गया है।
समिति के 18 सदस्यों की ओर से एडीसी को पत्र लिखकर सूचित किया गया था कि मौजूदा अध्यक्ष सुनीता देवी की कार्यशैली सही नहीं है। उनकी कार्यशैली से कोई भी सदस्य संतुष्ट नहीं है। इसलिए सभी सदस्य अध्यक्ष को बदलने की मांग करते हैं।
अध्यक्ष के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव को लेकर बैठक बुलाने की मांग की गई थी। सदस्यों ने मांग की है कि नए अध्यक्ष का चुनाव जल्द किया जाए। मौजूदा समय में खंड बिलासपुर की ब्लाॅक समिति में 12 महिला सदस्य हैं। चेयरपर्सन का पद महिला के लिए आरक्षित है।
जिसे सदस्य चुनेंगे वही चेयरपर्सन होंगी : राजेश
भाजपा जिलाध्यक्ष राजेश सपरा का कहना है कि ब्लॉक समिति बिलासपुर की चेयरपर्सन सुनीता देवी के खिलाफ सभी सदस्य अविश्वास प्रस्ताव लाए हैं। जिसके लिए 28 नवंबर को एडीसी ने सभी को बुलाया है। अविश्वास प्रस्ताव पारित होने के बाद बैठक कर नई चेयरपर्सन का चयन किया जाएगा।