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Yamuna Nagar News: इंस्पायर अवार्ड के लिए यमुनानगर के 618 विद्यार्थियों ने भेजे आइडिया
Sat, 19 Oct 2024 05:40 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, यमुना नगर
Updated Sat, 19 Oct 2024 05:40 AM IST
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यमुनानगर। इस बार जिले के 618 विद्यार्थियों ने विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग नई दिल्ली के अंतर्गत नेशनल इनोवेशन फाउंडेशन को इंस्पायर अवार्ड के लिए आइडिया भेजे हैं। जहां से डेढ़ से दो माह में परिणाम जारी होंगे। इसमें जिन विद्यार्थियों के आइडिया चुने जाएंगे, उन्हें मॉडल बनाने के लिए दस-दस हजार रुपये मिलेंगे। यह मॉडल अगले साल जिला स्तर पर लगने वाली प्रदर्शनी में रखे जाएंगे। जिनमें राज्य स्तरीय प्रदर्शनी के लिए चुने गये मॉडल में सुधार के लिए 50 हजार रुपये मिलेंगे। इस तरह राज्य स्तर पर चुने गये मॉडल राष्ट्र स्तर की प्रदर्शनी का हिस्सा बनेंगे, जहां सर्वश्रेष्ठ चुने गए 60 मॉडल्स बनाने वाले विद्यार्थियों को राष्ट्रपति सम्मानित करेंगे।
जानकारी के अनुसार विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने के लिए विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की ओर से इंस्पायर अवार्ड योजना चलाई जा रही है। यह योजना वित्त वर्ष 2013-14 में शुरू हुई। इसके तहत देशभर के सरकारी व निजी स्कूलों में पढ़ने वाले कक्षा छठी से 10वीं कक्षा तक के विद्यार्थियों के मौलिक विचारों और नवप्रवर्तनों के नए अद्वितीय विचार ऑनलाइन मांगे जाते हैं। प्रतियोगिता में 10 से 15 वर्ष तक के विद्यार्थी हिस्सा ले सकते हैं और एक स्कूल से पांच आइडिया भेजे जा सकते हैं। इसी तरह इस बार जिले से 618 विद्यार्थियों ने आइडिया भेजे हैं। बीते वर्ष भी 499 आइडिया भेजे गए थे, जिनमें 32 जिला स्तरीय प्रदर्शनी और तीन राज्य स्तर की प्रदर्शनी के लिए चुने गए थे। गत वर्ष राष्ट्र स्तर के लिए जिले से कोई मॉडल नहीं चुना गया, इसलिए इस बार संबंधित अफसरों ने योजना का प्रचार प्रसार कर 25 फीसद तक विद्यार्थियों का रुझान बढ़ाया है।
जिला विज्ञान विशेषज्ञ विशाल सिंघल ने बताया कि योजना के तहत विद्यार्थियों को अपने आसपास घट रही समस्याओं के निदान पर आइडिया देना हैं। इसमें जो आइडिया स्कूल स्तर से जिला स्तरीय प्रदर्शनी के लिए चयनित होंगे, उसे मॉडल का रूप देने के लिए संबंधित विद्यार्थी को दस-दस हजार रुपये मिलेंगे। इसके बाद जिला स्तर से आइडिया राज्य स्तर पर चयनित होन पर विद्यार्थी को 50 हजार रुपये मॉडल के लिए मिलेंगे। श्रेष्ठ 60 विचारों का राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए चयन होगा, जिन्हें राष्ट्रपति की ओर से सम्मानित किया जाएगा। साथ ही प्रतिभागियों के नाम से उनके मॉडल पेटेंट कराए जा सकते हैं, जिससे कोई एजेंसी या कंपनी मॉडल पर काम करती है तो उसकी पांच फीसदी रॉयल्टी संबंधित विद्यार्थियों को मिलेगी।
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जानकारी के अनुसार विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच को बढ़ावा देने के लिए विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की ओर से इंस्पायर अवार्ड योजना चलाई जा रही है। यह योजना वित्त वर्ष 2013-14 में शुरू हुई। इसके तहत देशभर के सरकारी व निजी स्कूलों में पढ़ने वाले कक्षा छठी से 10वीं कक्षा तक के विद्यार्थियों के मौलिक विचारों और नवप्रवर्तनों के नए अद्वितीय विचार ऑनलाइन मांगे जाते हैं। प्रतियोगिता में 10 से 15 वर्ष तक के विद्यार्थी हिस्सा ले सकते हैं और एक स्कूल से पांच आइडिया भेजे जा सकते हैं। इसी तरह इस बार जिले से 618 विद्यार्थियों ने आइडिया भेजे हैं। बीते वर्ष भी 499 आइडिया भेजे गए थे, जिनमें 32 जिला स्तरीय प्रदर्शनी और तीन राज्य स्तर की प्रदर्शनी के लिए चुने गए थे। गत वर्ष राष्ट्र स्तर के लिए जिले से कोई मॉडल नहीं चुना गया, इसलिए इस बार संबंधित अफसरों ने योजना का प्रचार प्रसार कर 25 फीसद तक विद्यार्थियों का रुझान बढ़ाया है।
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जिला विज्ञान विशेषज्ञ विशाल सिंघल ने बताया कि योजना के तहत विद्यार्थियों को अपने आसपास घट रही समस्याओं के निदान पर आइडिया देना हैं। इसमें जो आइडिया स्कूल स्तर से जिला स्तरीय प्रदर्शनी के लिए चयनित होंगे, उसे मॉडल का रूप देने के लिए संबंधित विद्यार्थी को दस-दस हजार रुपये मिलेंगे। इसके बाद जिला स्तर से आइडिया राज्य स्तर पर चयनित होन पर विद्यार्थी को 50 हजार रुपये मॉडल के लिए मिलेंगे। श्रेष्ठ 60 विचारों का राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए चयन होगा, जिन्हें राष्ट्रपति की ओर से सम्मानित किया जाएगा। साथ ही प्रतिभागियों के नाम से उनके मॉडल पेटेंट कराए जा सकते हैं, जिससे कोई एजेंसी या कंपनी मॉडल पर काम करती है तो उसकी पांच फीसदी रॉयल्टी संबंधित विद्यार्थियों को मिलेगी।
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