फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Haryana ›   Yamuna Nagar News ›   39042 cusecs water record in Yamuna, rainy rivers also in spate

यमुना में 39042 क्यूसेक पानी रिकॉर्ड, बरसाती नदियां में भी उफान

Amar Ujala Bureau अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 10 Jul 2022 02:27 AM IST
विज्ञापन
39042 cusecs water record in Yamuna, rainy rivers also in spate
यमुना का जलस्तर बढ़ा, 39042 क्यूसेक पानी रिकॉर्ड
विज्ञापन

छछरौली और प्रतापनगर की गलियों और खेतों में भरा नदियों का पानी
फोटो- 37, 38, 39
संवाद न्यूज एजेंसी
प्रतापनगर/छछरौली। कैचमेंट एरिया व पहाड़ों में हो रही बारिश के चलते यमुना का जलस्तर भी बढ़ रहा है। हथिनीकुंड बैराज पर शनिवार शाम छह बजे यमुना नदी में अधिकतम 39042 क्यूसेक पानी रिकॉर्ड हुआ। प्रतापनगर और छछरौली एरिया में नदियों के उफान पर होने के कारण कई गांव में फसलें जलमग्न होने के साथ गलियों और घरों में भी पानी आया। जहां घंटों तक ग्रामीणों को परेशानी झेलनी पड़ी।
---------------
हाई अलर्ट : यमुना के जलस्तर की पल-पल की खबर रख रहे कर्मचारी
यमुना नदी में अधिक जलस्तर पर बाढ़ की आशंका रहती है, इसलिए जिला प्रशासन यमुना के जलस्तर पर नजर बनाए हुए हैं। सिंचाई विभाग के कर्मचारियों की अलग-अलग शिफ्ट में ड्यूटी है, जो यमुना के जलस्तर का रिकॉर्ड रख रहे हैं। शनिवार शाम छह बजे जैसे ही यमुना नदी में अधिकतम 39042 क्यूसेक पानी आया। इस पर बैराज पर हाई अलर्ट जारी हुआ। 39042 क्यूसेक पानी में से हरियाणा में से निकल रही पश्चिमी यमुना नहर में 10505 क्यूसेक, यूपी जा रही पूर्वी यमुना नहर में 2606 क्यूसेक और यमुना नदी में 26131 क्यूसेक पानी दिया गया।
विज्ञापन

------------------
पथराला नदी में उफन, फसलें जलमग्न होने से किसान परेशान
शनिवार को पथराला नदी उफान पर आई तो पास लगते कई गांवों में भी नदी का पानी आ गया। जहां खेतों में खड़ी फसलें जलमग्न हो गईं। ग्रामीण राजेश, राम कुमार, स्वर्ण सिंह, रमेश, धीरज, पवन, गुलशेर, शौकत व रमजान ने कहा कि हर साल बरसाती सीजन में बाढ़ के पानी से फसलें जलमग्न होकर खराब हो जाती हैं। उन्होंने प्रशासन से पथराला नदी के किनारे ऊंची पटरी बनाने की मांग की। उधर, प्रतापनगर में भी छोटी-बड़ी बरसाती नदियां में उफान रहा, जिससे मुजाफत खुर्द, भंगेड़ा, भंगेड़ी, प्रतापनगर, तिहमो, हाफजी, हाफिजपुर, बरौली माजरा, रायपुर, डमौली, उर्जनी, हडोली गांवों में पानी आने से फसलें जलमग्न हुईं। जहां ग्रामीणों ने प्रशासन से मुआवजे व निकासी के स्थायी प्रबंध करने की गुहार लगाई।
विज्ञापन
विज्ञापन

---------------
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed