{"_id":"5b917f2d867a5501363bc8ea","slug":"15362619194-yamuna-nagar-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"स्टेट पेज के लिए, स्पीकर कंवरपाल गुर्जर पर खनन माफिया से मिलीभगत के गंभीर आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
स्टेट पेज के लिए, स्पीकर कंवरपाल गुर्जर पर खनन माफिया से मिलीभगत के गंभीर आरोप
Updated Fri, 07 Sep 2018 12:55 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
स्पीकर कंवरपाल गुर्जर पर खनन माफिया से मिलीभगत के गंभीर आरोप
-पूर्व विधायक व पूर्व जिप चेयरमैन ने एसपी कार्यालय के बाहर जताया विरोध
-एसपी से बोले लोग, स्पीकर के दबाव में काम करती है जिला पुलिस
-एसपी की आरोपों पर चुप्पी। सिर्फ इतना कहा-मुझे पूरे मामले का पता नहीं, जो दोषी होगा उस पर होगी कार्रवाई।
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर।
स्पीकर कंवरपाल गुर्जर पर एक बार फिर अवैध खनन और ओवरलोड करने वालों को संरक्षण देने के गंभीर आरोप लगाया गया है। गुरुवार को पूर्व विधायक राजपाल भूखड़ी और पूर्व जिप चेयरमैन श्याम सुंदर बत्रा ने एसपी को शिकायत देकर स्पीकर के भाई शिवकुमार, देवधर गांव के पूर्व सरपंच ओमकार सिंह, तिम्मो के बंसीलाल सैनी व दामोपुरा के प्रीतपाल के खिलाफ अपने बेटे मुकेश बतरा व सुरेंद्र कुमार पर जानलेवा हमले के मामले में कार्रवाई करने की मांग की। इतना ही नहीं उन्होंने एसपी को बताया कि पुलिस अधिकारी भी स्पीकर के दबाव में काम कर रहे हैं और वे खनन माफिया के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होने देते। राजपाल भूखड़ी व एसएस बत्रा ने लघु सचिवालय के बाहर प्रदर्शन कर अपना विरोध जताया और खुलकर कहा कि पुलिस स्पीकर के दबाव में काम करती है। दबाव होने के कारण एरिया में अवैध खनन जारी है। करीब चार महीने पहले पूर्व मंत्री निर्मल सिंह ने भी स्पीकर पर अवैध खनन को लेकर आरोप लगाया था। उस मामले में निर्मल सिंह को जेल भी जाना पड़ा था।
बॉक्स
ये है मामला
श्याम सुंदर बतरा के मुताबिक 46.5 एकड़ जमीन गांव बेलगढ़ में है। स्पीकर के भाई ने कुछ लोगों के साथ मिलकर हमारी जमीन पर जेसीबी से खुदाई कर दी और रास्ते में भी खाई खोद दी। विरोध करने पर उन्होंने मेरे बेटे के साथ हाथापाई व जान से मारने की धमकी भी दी। जिस जगह पर सत्ता पक्ष के दम पर खाई खुदवाई है उस पर हाईकोर्ट से 2015 से स्टे लगा हुआ है और यह केस विचाराधीन है। ऐसे में यहां खुदाई नहीं की जा सकती।
बॉक्स
वह खुद करवा रहा अवैध माइनिंग
उधर स्पीकर के भाई शिवकुमार का कहना है कि इस मामले में मेरा कोई रोल नहीं है। मुझे इसलिए जानबूझ कर फंसाया जा रहा है, क्योंकि मैं स्पीकर साहब का भाई हूं। श्याम सुंदर बतरा खुद अवैध माइनिंग करवा रहे हैं और उनके खिलाफ पहले ही माइनिंग के पांच केस दर्ज हैं।
विज्ञापन
-मेरे पास दोनों पक्षों की शिकायत आई है। जगाधरी डीएसपी को मामले की जांच का जिम्मा सौंपा गया है। जो भी दोषी पाया गया, उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। पुलिस पर किसी का कोई दबाव नहीं है।
-कुलदीप सिंह, एसपी, यमुनानगर
-मेरे ऊपर लगाए गए सारे आरोप गलत है। अवैध माइनिंग करने वालों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। मैं खुद इसके खिलाफ हूं। बत्रा ने खुद जमीनों पर कब्जा किया हुआ है। अगर उसे लग रहा है कि कुछ गलत हुआ है तो वह कोर्ट में जाएं।
-कंवरपाल गुर्जर, विधानसभा स्पीकर
विज्ञापन
-पूर्व विधायक व पूर्व जिप चेयरमैन ने एसपी कार्यालय के बाहर जताया विरोध
-एसपी से बोले लोग, स्पीकर के दबाव में काम करती है जिला पुलिस
-एसपी की आरोपों पर चुप्पी। सिर्फ इतना कहा-मुझे पूरे मामले का पता नहीं, जो दोषी होगा उस पर होगी कार्रवाई।
अमर उजाला ब्यूरो
यमुनानगर।
स्पीकर कंवरपाल गुर्जर पर एक बार फिर अवैध खनन और ओवरलोड करने वालों को संरक्षण देने के गंभीर आरोप लगाया गया है। गुरुवार को पूर्व विधायक राजपाल भूखड़ी और पूर्व जिप चेयरमैन श्याम सुंदर बत्रा ने एसपी को शिकायत देकर स्पीकर के भाई शिवकुमार, देवधर गांव के पूर्व सरपंच ओमकार सिंह, तिम्मो के बंसीलाल सैनी व दामोपुरा के प्रीतपाल के खिलाफ अपने बेटे मुकेश बतरा व सुरेंद्र कुमार पर जानलेवा हमले के मामले में कार्रवाई करने की मांग की। इतना ही नहीं उन्होंने एसपी को बताया कि पुलिस अधिकारी भी स्पीकर के दबाव में काम कर रहे हैं और वे खनन माफिया के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होने देते। राजपाल भूखड़ी व एसएस बत्रा ने लघु सचिवालय के बाहर प्रदर्शन कर अपना विरोध जताया और खुलकर कहा कि पुलिस स्पीकर के दबाव में काम करती है। दबाव होने के कारण एरिया में अवैध खनन जारी है। करीब चार महीने पहले पूर्व मंत्री निर्मल सिंह ने भी स्पीकर पर अवैध खनन को लेकर आरोप लगाया था। उस मामले में निर्मल सिंह को जेल भी जाना पड़ा था।
बॉक्स
ये है मामला
श्याम सुंदर बतरा के मुताबिक 46.5 एकड़ जमीन गांव बेलगढ़ में है। स्पीकर के भाई ने कुछ लोगों के साथ मिलकर हमारी जमीन पर जेसीबी से खुदाई कर दी और रास्ते में भी खाई खोद दी। विरोध करने पर उन्होंने मेरे बेटे के साथ हाथापाई व जान से मारने की धमकी भी दी। जिस जगह पर सत्ता पक्ष के दम पर खाई खुदवाई है उस पर हाईकोर्ट से 2015 से स्टे लगा हुआ है और यह केस विचाराधीन है। ऐसे में यहां खुदाई नहीं की जा सकती।
विज्ञापन
बॉक्स
वह खुद करवा रहा अवैध माइनिंग
उधर स्पीकर के भाई शिवकुमार का कहना है कि इस मामले में मेरा कोई रोल नहीं है। मुझे इसलिए जानबूझ कर फंसाया जा रहा है, क्योंकि मैं स्पीकर साहब का भाई हूं। श्याम सुंदर बतरा खुद अवैध माइनिंग करवा रहे हैं और उनके खिलाफ पहले ही माइनिंग के पांच केस दर्ज हैं।
विज्ञापन
-मेरे पास दोनों पक्षों की शिकायत आई है। जगाधरी डीएसपी को मामले की जांच का जिम्मा सौंपा गया है। जो भी दोषी पाया गया, उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। पुलिस पर किसी का कोई दबाव नहीं है।
-कुलदीप सिंह, एसपी, यमुनानगर
-मेरे ऊपर लगाए गए सारे आरोप गलत है। अवैध माइनिंग करने वालों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। मैं खुद इसके खिलाफ हूं। बत्रा ने खुद जमीनों पर कब्जा किया हुआ है। अगर उसे लग रहा है कि कुछ गलत हुआ है तो वह कोर्ट में जाएं।
-कंवरपाल गुर्जर, विधानसभा स्पीकर