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सोनीपत: पेपर सॉल्वर गैंग का सदस्य सीबीआई कर्मी गिरफ्तार, आठ राज्यों में फैला है जाल

Tue, 22 Feb 2022 11:53 AM IST
निवेदिता वर्मा संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत (हरियाणा)
संवाद न्यूज एजेंसी, सोनीपत (हरियाणा) Published by: निवेदिता वर्मा Updated Tue, 22 Feb 2022 11:53 AM IST
सार

आरोपी दिशांत सोनीपत के गांव पिपली का है। मामले में अब तक 23 आरोपी गिरफ्तार हो चुके हैं। हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र समेत आठ राज्यों में सरकारी नौकरी के लिए पेपर सॉल्व करने का जाल फैला है। 

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STF Sonipat has arrested the main accused of paper solver gang
एसटीएफ की गिरफ्त में आरोपी। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी।

विस्तार

हरियाणा के सोनीपत में पेपर सॉल्वर गैंग के मुख्य आरोपी सीबीआई कर्मी को एसटीएफ सोनीपत ने गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपी सोनीपत के गांव पिपली का रहने वाला दिशांत उर्फ रॉकी उर्फ ऑकी है। आरोपी सीबीआई के दिल्ली स्थित मुख्यालय में लोअर डिविजन क्लर्क के पद नियुक्त था। आरोपी को सीबीआई की टीम जेईई मेंस का पेपर लीक करने के मामले में पहले गिरफ्तार कर चुकी थी और वह अब जमानत पर आया था। उसे अब एसटीएफ ने गिरफ्तार कर पांच दिन के रिमांड पर लिया है। 

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एसटीएफ सोनीपत के प्रभारी इंस्पेक्टर सतीश देशवाल ने बताया कि पानीपत में दर्ज पेपर लीक मामले में दिशांत को उसके गांव पिपली से गिरफ्तार किया गया है। वह पेपर लीक गिरोह के मुख्य सरगना रोबिन का साथी है। वह लंबे समय से उसके साथ जुड़ा था। आरोपियों का जाल हरियाणा के साथ ही पंजाब, उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र समेत अन्य राज्यों में फैला है।
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मामलेे में 6 अक्तूबर, 2021 को पानीपत के सेक्टर-13/17 में पानीपत के सुरक्षा शाखा प्रभारी प्रमोद के बयान पर मुकदमा दर्ज किया गया था। इस मामले के आरोपी हैकिंग सॉफ्टवेयर का प्रयोग कर नौकरी लगवाने के नाम पर लोगों से पैसे लेते हैं। आरोपी वर्ष 2013 से अपना गिरोह चला रहे हैं।
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इस मामले के सरगना दिल्ली पुलिस के सिपाही रोबिन को पुलिस पहले काबू कर चुकी है। दिशांत उसकी करीबी टीम में शामिल था। वह वर्ष 2016 से उनके साथ जुड़ा है। दिशांत से पहले इस मामले में एसटीएफ 22 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है।

आरोपी कई विभागों की परीक्षा पास करवाने की एवज में तीन लाख से 10 लाख रुपये तक लेते थे। पुलिस ने आरोपी दिशांत को अदालत में पेश कर पांच दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है, जिससे उसके अन्य साथियों का पता लगाने के साथ ही मामले से जुड़े सभी साक्ष्य जुटाए जा सके। 

स्क्रीन हैक कर सॉल्व कराते थे पेपर 
केंद्र सरकार व अन्य राज्यों द्वारा आयोजित सरकारी नौकरी की ऑनलाइन परीक्षा में आरोपी किराये पर लैब लेकर स्क्रीन हैक कर धांधली कराते थे। ट्रस्ट बनाकर कॉलेज व स्कूलों की कंप्यूटर लैब किराये पर ली जाती थी। रैकेट की देशभर में 19 लैब हैं, जहां से पूरा धंधा चलाया जाता था।

इनकी सोनीपत व पानीपत में कई लैब हैं। गिरफ्तार आरोपी 14 पेपर सॉल्व करने के मामलों में संलिप्तता कुबूल कर चुके हैं। गैंग एसएससी, एमटीएस, एचएसएल, सीजीएल, आरपीएफ, वन विभाग, यूजीसी नेट, जेईई, आरबीआई, एसबीआई, एम्स पीजी, दिल्ली फॉरेस्ट गार्ड, बैंक प्रमोशन आईडीबीआई समेत अन्य विभागों के पेपर साल्व कराता था।

वर्ष 2016 में सीबीआई में हुआ था भर्ती 
एसटीएफ के अनुसार, आरोपी दिशांत वर्ष 2016 में सीबीआई में बतौर एलडीसी नियुक्त हुआ था। उसके बाद ही वह इस गिरोह से जुड़ गया। अब रिमांड के दौरान पता लगाया जाएगा कि उसने एलडीसी का टेस्ट उत्तीर्ण करने के लिए इस गिरोह की मदद तो नहीं ली थी। हालांकि एसटीएफ का कहना है कि यह रिमांड के दौरान पता किया जाएगा। 

लैब किराये पर लेने के लिए आरोपी ने खर्च कर रखे हैं 40 लाख रुपये 
एसटीएफ प्रभारी सतीश देशवाल ने बताया कि आरोपी दिशांत ने भी लैब किराये पर लेने के लिए करीब 40 लाख रुपये खर्च कर रखे हैं। वह गिरोह के सक्रिय सदस्यों में एक है। गिरोह ने हजारों लोगों को नौकरी दिलाने के नाम पर उनसे पैसे लेकर पेपर सॉल्व कराए हैं। आरोपी से भी पूछताछ कर अन्य सदस्यों का पता लगाने के साथ ही जानकारी जुटाई जाएगी कि उन्होंने किसके पेपर सॉल्व कराए हैं। 

पैसे के साथ रसूख के लिए कराने लगे पेपर लीक
एसटीएफ का कहना है कि शुरुआती पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी पैसे के साथ रसूख के लिए पेपर लीक गैंग से जुड़ गए। उन्हें पेपर सॉल्व कराकर नौकरी लगवाने के लिए पैसे तो मिलते ही थे, साथ ही उनका रसूख भी बढ़ रहा था। लोग अपने सगे-संबंधियों के पेपर सॉल्व कराने के लिए आरोपियों के पास चक्कर लगाते रहते थे। 

एसटीएफ ने पेपर लीक मामले में सीबीआई कर्मी को गिरफ्तार किया है। आरोपी को पांच दिन के रिमांड पर लिया है। उससे कई अहम खुलासे हो सकते हैं। आरोपी पूरा रैकेट चला रहे थे। इनके कई साथी पुलिस की रडार पर हैं। उन्हें भी शीघ्र ही गिरफ्तार किया जाएगा। - इंस्पेक्टर सतीश देशवाल, प्रभारी एसटीएफ सोनीपत

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