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दवाइयों का स्टॉक खत्म होने से 15 दिन पहले भेजनी होगी सूची
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सिविल अस्पताल में मरीजों को अब दवाइयों की कोई समस्या से निजात दिलाने के लिए स्टॉफ के लिए समय सीमा निर्धारित कर दी है। स्वास्थ्य विभाग ने जिले के सभी अस्पतालों को नोटिस जारी करते हुए दिशा निर्देश दिए हैं कि अस्पताल में दवाइयों का स्टॉक खत्म होने से 15 दिन पहले ही दवाइयों की सूची जिला स्वास्थ्य विभाग को भेजनी होगी। यदि कर्मचारी ने समय पर दवाइयों की सूची नहीं भेजी और दवाइयों का स्टॉक खत्म हो गया तो स्टॉफ पर कार्रवाई होगी। अभी तक सीएचसी व पीएचसी कर्मचारी जरूरत होने पर दवाइयां मंगवाते थे। वहीं सिविल अस्पताल सिरसा में फिट इंडिया को लेकर डॉक्टरों तथा अन्य कर्मचारियों के लिए खेल ग्राउंड तैयार किए गए हैं।
स्वास्थ्य विभाग ने जिले के सभी सीएचसी, पीएचसी को एक नोटिस जारी किया है कि अस्पताल में मरीजों को दी जाने वाली दवाइयों की कोई कमी नहीं होनी चाहिए। अस्पताल स्टॉफ को दवाइयां खत्म होने से 15 दिन पहले ही इसकी सूचना देनी होगी। ताकि दवाइयों का ऑर्डर मंगवाया जा सके।
सिरसा जिले में कुल आठ सीएचसी, 30 पीएचसी तथा 3 सीएच सेंटर हैं। स्वास्थ्य विभाग ने बीते दिनों सभी सेंटर के अधिकारियों के साथ बैठक की कि केंद्रों में मरीजों के लिए दवाइयां मंगवाने हेतु महीने में तारीखें निर्धारित की है, जिसमें कर्मचारी अपने अस्पताल में मरीजों के लिए दवाई मंगवा सकते हैं। किसी भी केंद्र में दवाई मंगवाने से पहले उस दवाई का 15 दिन का स्टॉक अस्पताल में मौजूद होना चाहिए। कर्मचारी महीने की एक से पांच तारीख तक तथा 15 से 20 तारीख तक खत्म होने वाली दवाइयों की सूची जिला स्वास्थ्य विभाग के पास भेजनी पड़ेगी। वहीं सीएमओ डॉक्टर विरेश भूषण ने बताया कि अगर किसी भी अस्पताल को आपातकाल में दवाइयों की जरूरत पड़ती है तो वह एक निर्धारित मापदंड के अनुसार निजी तौर पर दवाइयां खरीद सकता है। डॉ. भूषण ने बताया कि सभी सेंटर के लिए एक निर्धारित राशि तय की गई है जिस पर डॉक्टर वह दवाई खरीद सकता है।
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अस्पताल में 693 प्रकार की दवाइयां उपलब्ध
जिले में सभी अस्पतालों में अलग-अलग प्रकार की दवाइयां है जो मरीजों को दी जाती है। जिले के पीएचसी केंद्रों में 162 सीएचसी में 214 तथा सीएच में 317 प्रकार की दवाइयां मरीजों को विभिन्न बीमारियों की दी जाती है।
अस्पताल के समय में हुआ बदलाव
सर्दियों को ध्यान में रखते हुए 16 अक्टूबर से अस्पताल के समय में बदलाव किया जा रहा है। सीएमओ विरेश भूषण ने बताया कि 16 अक्टूबर से अस्पताल का समय सुबह नौ बजे से लेकर दोपहर तीन बजे तक कर दिया गया है। मौजूदा समय में अभी अस्पताल का समय सुबह आठ बजे से लेकर दोपहर दो बजे तक का है।
फिट इंडिया के तहत बैडमिंटन कोर्ट तथा ट्रेडमिल लगाया
सीएमओ ने बताया कि फिट इंडिया के तहत अस्पताल में बैडमिंटन कोर्ट तथा ट्रेडमिल लाई गई है। जिससे अस्पताल में काम कर रहे डॉक्टर तथा अन्य कर्मचारी खेल के माध्यम से अपना तनाव दूर कर सकते हैं। डॉ. भूषण ने बताया कि बैडमिंटन कोर्ट का उद्घाटन कर दिया गया है। कोई भी कर्मचारी आकर यहां पर खेल सकता है। डॉ. भूषण ने बताया कि इस कारण से तनाव में रहने वाले कर्मचारी तथा डॉक्टर खेल की माध्यम से स्वस्थ होंगे तथा पूरे दिन ऊर्जा के साथ काम करेंगे।
डॉ. गौरव भाटी साइकिल पर पहुंचते हैं अस्पताल
सिविल अस्पताल में एमबीबीएस डॉ. गौरव भाटी ने स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता को लेकर शुरूआत कर दी है। डॉ. गौरव ने बताया कि उन्होंने पिछले दो दिनों से अपने घर से अस्पताल तक साइकिल पर आना शुरू किया है। इस पर डॉ. गौरव ने बताया कि अपने शरीर को ऊर्जावान तथा तनाव को दूर करने के लिए साइकिल लेकर अपनी ड्यूटी पर आते हैं।
कर्मचारियों को स्वस्थ रखने तथा तनावमुक्त रखने के लिए यहां पर खेलने के लिए कोर्ट बनाया गया है। इसके साथ ही जिले के सभी अस्पताल में कर्मचारियों को बताया गया है कि वह मरीजों के लिए दवाइयां केवल महीने में दो बार ही मंगवा सकते हैं।
-डॉ. वीरेश भूषण, सीएमओ सिविल अस्पताल सिरसा।
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स्वास्थ्य विभाग ने जिले के सभी सीएचसी, पीएचसी को एक नोटिस जारी किया है कि अस्पताल में मरीजों को दी जाने वाली दवाइयों की कोई कमी नहीं होनी चाहिए। अस्पताल स्टॉफ को दवाइयां खत्म होने से 15 दिन पहले ही इसकी सूचना देनी होगी। ताकि दवाइयों का ऑर्डर मंगवाया जा सके।
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सिरसा जिले में कुल आठ सीएचसी, 30 पीएचसी तथा 3 सीएच सेंटर हैं। स्वास्थ्य विभाग ने बीते दिनों सभी सेंटर के अधिकारियों के साथ बैठक की कि केंद्रों में मरीजों के लिए दवाइयां मंगवाने हेतु महीने में तारीखें निर्धारित की है, जिसमें कर्मचारी अपने अस्पताल में मरीजों के लिए दवाई मंगवा सकते हैं। किसी भी केंद्र में दवाई मंगवाने से पहले उस दवाई का 15 दिन का स्टॉक अस्पताल में मौजूद होना चाहिए। कर्मचारी महीने की एक से पांच तारीख तक तथा 15 से 20 तारीख तक खत्म होने वाली दवाइयों की सूची जिला स्वास्थ्य विभाग के पास भेजनी पड़ेगी। वहीं सीएमओ डॉक्टर विरेश भूषण ने बताया कि अगर किसी भी अस्पताल को आपातकाल में दवाइयों की जरूरत पड़ती है तो वह एक निर्धारित मापदंड के अनुसार निजी तौर पर दवाइयां खरीद सकता है। डॉ. भूषण ने बताया कि सभी सेंटर के लिए एक निर्धारित राशि तय की गई है जिस पर डॉक्टर वह दवाई खरीद सकता है।
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अस्पताल में 693 प्रकार की दवाइयां उपलब्ध
जिले में सभी अस्पतालों में अलग-अलग प्रकार की दवाइयां है जो मरीजों को दी जाती है। जिले के पीएचसी केंद्रों में 162 सीएचसी में 214 तथा सीएच में 317 प्रकार की दवाइयां मरीजों को विभिन्न बीमारियों की दी जाती है।
अस्पताल के समय में हुआ बदलाव
सर्दियों को ध्यान में रखते हुए 16 अक्टूबर से अस्पताल के समय में बदलाव किया जा रहा है। सीएमओ विरेश भूषण ने बताया कि 16 अक्टूबर से अस्पताल का समय सुबह नौ बजे से लेकर दोपहर तीन बजे तक कर दिया गया है। मौजूदा समय में अभी अस्पताल का समय सुबह आठ बजे से लेकर दोपहर दो बजे तक का है।
फिट इंडिया के तहत बैडमिंटन कोर्ट तथा ट्रेडमिल लगाया
सीएमओ ने बताया कि फिट इंडिया के तहत अस्पताल में बैडमिंटन कोर्ट तथा ट्रेडमिल लाई गई है। जिससे अस्पताल में काम कर रहे डॉक्टर तथा अन्य कर्मचारी खेल के माध्यम से अपना तनाव दूर कर सकते हैं। डॉ. भूषण ने बताया कि बैडमिंटन कोर्ट का उद्घाटन कर दिया गया है। कोई भी कर्मचारी आकर यहां पर खेल सकता है। डॉ. भूषण ने बताया कि इस कारण से तनाव में रहने वाले कर्मचारी तथा डॉक्टर खेल की माध्यम से स्वस्थ होंगे तथा पूरे दिन ऊर्जा के साथ काम करेंगे।
डॉ. गौरव भाटी साइकिल पर पहुंचते हैं अस्पताल
सिविल अस्पताल में एमबीबीएस डॉ. गौरव भाटी ने स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता को लेकर शुरूआत कर दी है। डॉ. गौरव ने बताया कि उन्होंने पिछले दो दिनों से अपने घर से अस्पताल तक साइकिल पर आना शुरू किया है। इस पर डॉ. गौरव ने बताया कि अपने शरीर को ऊर्जावान तथा तनाव को दूर करने के लिए साइकिल लेकर अपनी ड्यूटी पर आते हैं।
कर्मचारियों को स्वस्थ रखने तथा तनावमुक्त रखने के लिए यहां पर खेलने के लिए कोर्ट बनाया गया है। इसके साथ ही जिले के सभी अस्पताल में कर्मचारियों को बताया गया है कि वह मरीजों के लिए दवाइयां केवल महीने में दो बार ही मंगवा सकते हैं।
-डॉ. वीरेश भूषण, सीएमओ सिविल अस्पताल सिरसा।