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पटाखे न चलाकर बच्चों ने पैसे बचाए, गोशाला में दान किए
रोहतक/ब्यूरो
Updated Sat, 16 Nov 2013 10:26 PM IST
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मॉडल स्कूल के विद्यार्थियों ने मिसाल पेश की है। उन्होंने इस दिवाली पटाखे
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न बजाकर उक्त राशि को नौ गोशालाओं को दान दिया। चार वर्षों से मॉडल स्कूल
ने इस ग्रीन दिवाली की ईको फ्रेंडली परंपरा को अपना रखा है।
प्रत्येक वर्ष इस दान राशि को बढ़ाते हुए इस वर्ष स्कूल के विद्यार्थियों और स्टॉफ ने एक लाख 35 हजार की राशि एकत्रित कर विभिन्न गो सेवा के लिए दान की।
गोशालाएं डीघल, मोखरा, सिसाना, पहरावर, खिडवाली, बैंसी, गोकर्ण, वैश्य व्यायामशाला व गोशाला और लावारिस पीड़ित पशु सेवा संघ को दान स्वरूप यह राशि दी गई। तीसरी कक्षा के अश्मित सांगवान ने स्कूल के विद्यार्थियों में सबसे अधिक 2100 की राशि दान की। इसके अतिरिक्त पांचवीं कक्षा के यमन व रितिक ने 11-11 सौ की राशि दान की।
अपनी कक्षा में अधिकतम राशि देने वाले चिन्मय, मिष्ठी, अक्षित गोयल, अर्ष, अक्षि, प्राची, भावना, मेहंदी, रितिक, भुवनेश, आरव और सारांश शामिल रहे। मॉडल स्कूल के सीईओ कर्नल महेंद्र सिंह राठी ने बताया कि इस परंपरा के जरिये बच्चों में समाजसेवा और पर्यावरण सुरक्षा की भावना को भी जगाया जा रहा है।
प्रत्येक वर्ष इस दान राशि को बढ़ाते हुए इस वर्ष स्कूल के विद्यार्थियों और स्टॉफ ने एक लाख 35 हजार की राशि एकत्रित कर विभिन्न गो सेवा के लिए दान की।
गोशालाएं डीघल, मोखरा, सिसाना, पहरावर, खिडवाली, बैंसी, गोकर्ण, वैश्य व्यायामशाला व गोशाला और लावारिस पीड़ित पशु सेवा संघ को दान स्वरूप यह राशि दी गई। तीसरी कक्षा के अश्मित सांगवान ने स्कूल के विद्यार्थियों में सबसे अधिक 2100 की राशि दान की। इसके अतिरिक्त पांचवीं कक्षा के यमन व रितिक ने 11-11 सौ की राशि दान की।
अपनी कक्षा में अधिकतम राशि देने वाले चिन्मय, मिष्ठी, अक्षित गोयल, अर्ष, अक्षि, प्राची, भावना, मेहंदी, रितिक, भुवनेश, आरव और सारांश शामिल रहे। मॉडल स्कूल के सीईओ कर्नल महेंद्र सिंह राठी ने बताया कि इस परंपरा के जरिये बच्चों में समाजसेवा और पर्यावरण सुरक्षा की भावना को भी जगाया जा रहा है।