{"_id":"6ae26660df354d5c7d035959","slug":"sardar-patels-foresight-led-to-the-creation-of-a-united-rohtak-news-c-198-1-rew1001-247891-2026-10-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"सरदार पटेल की दूरदर्शिता से हुआ अखंड भारत का निर्माण : दिनेश","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सरदार पटेल की दूरदर्शिता से हुआ अखंड भारत का निर्माण : दिनेश
विज्ञापन
सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती मनाते। स्रोत : संस्था
रेवाड़ी। वीर भगत सिंह युवा दल के तत्वावधान में सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के उपलक्ष्य में अखंड भारत के निर्माता सरदार पटेल विषय पर देशभक्ति कार्यक्रम आयोजित किया गया।
युवा दल के प्रधान दिनेश कपूर ने कहा कि आजादी के समय देश के सामने 500 से अधिक रियासतों के एकीकरण की बड़ी चुनौती थी। सरदार पटेल ने अपनी सूझबूझ और कुशल नेतृत्व से अधिकांश रियासतों को भारत में शामिल करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। हैदराबाद के निजाम के विरोध के बावजूद उन्होंने रियासत का भारत में विलय सुनिश्चित कराया। उनकी दूरदर्शिता के कारण देश की एकता और अखंडता मजबूत हुई।
संस्था के संरक्षक अरुण गुप्ता, उपप्रधान एवं सेवानिवृत्त सीआईडी इंस्पेक्टर अजय भारद्वाज तथा सांस्कृतिक सलाहकार संजीव आर्य ने कहा कि गुजरात के केवड़िया में स्थापित सरदार पटेल की विश्व की सबसे ऊंची प्रतिमा उनके महान व्यक्तित्व और राष्ट्र के प्रति योगदान की याद दिलाती है। उनके जन्मदिवस को राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में मनाया जाता है। कार्यक्रम में श्री श्याम दीवाना मंडल के प्रधान एडवोकेट मनोज यादव, एम्स संघर्ष समिति के प्रधान कैलाश मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
युवा दल के प्रधान दिनेश कपूर ने कहा कि आजादी के समय देश के सामने 500 से अधिक रियासतों के एकीकरण की बड़ी चुनौती थी। सरदार पटेल ने अपनी सूझबूझ और कुशल नेतृत्व से अधिकांश रियासतों को भारत में शामिल करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। हैदराबाद के निजाम के विरोध के बावजूद उन्होंने रियासत का भारत में विलय सुनिश्चित कराया। उनकी दूरदर्शिता के कारण देश की एकता और अखंडता मजबूत हुई।
विज्ञापन
संस्था के संरक्षक अरुण गुप्ता, उपप्रधान एवं सेवानिवृत्त सीआईडी इंस्पेक्टर अजय भारद्वाज तथा सांस्कृतिक सलाहकार संजीव आर्य ने कहा कि गुजरात के केवड़िया में स्थापित सरदार पटेल की विश्व की सबसे ऊंची प्रतिमा उनके महान व्यक्तित्व और राष्ट्र के प्रति योगदान की याद दिलाती है। उनके जन्मदिवस को राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में मनाया जाता है। कार्यक्रम में श्री श्याम दीवाना मंडल के प्रधान एडवोकेट मनोज यादव, एम्स संघर्ष समिति के प्रधान कैलाश मौजूद रहे।
विज्ञापन