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रुड़की में अमर उजाला फाउंडेशन ने लगाया मेडिकल कैंप, 542 ग्रामीणों की स्वास्थ्य जांच
ब्यूरो/अमर उजाला, रोहतक
Updated Fri, 15 Jul 2016 02:49 AM IST
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मरीजों को बांटी निशुल्क दवा, ग्रामीण बोले- धन्यवाद अमर उजाला, बार-बार लगने चाहिए ऐसे कैंप
- फोटो : amar ujala
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अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से बृहस्पतिवार को जिला मुख्यालय से 16 किलोमीटर दूर गांव रुड़की में नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर लगाया गया। गांव के दादी भदा देवी मंदिर में लगाए गए शिविर में ग्रामीणों का ऐसा हुजूम उमड़ा कि लगा कि सेहत का मेला भर गया हो। सबसे ज्यादा तादाद बुजुर्गों और महिलाओं की रही। शिविर में 542 ग्रामीणों के स्वास्थ्य की जांच की गई और जरूरतमंदों को नि:शुल्क दवा दी गई। शिविर का शुभारंभ गांव रुड़की के सरपंच शमशेर सिंह ने किया। ग्रामीणों की शुगर, एलएफटी और केएफटी के अलावा हृदय संबंधी जांच भी की गई। शिविर में पहुंचे डॉक्टर और अतिथियों को बुके और अमर उजाला की ईयर बुक भेंटकर स्वागत किया गया। अमर उजाला ने शिविर में विशेष सहयोग करने के लिए जाट कॉलेज के पत्रकारिता विभाग के एचओडी डॉ. जसमेर हुड्डा का आभार जताया।
यूं बोले ग्रामीण
सर्द-गर्म के चलते स्वास्थ्य संबंधी समस्या हो गई है। इसका उपचार कराने आया था और दवा शिविर में मिल गई। यहां आए डॉक्टर अच्छे हैं।
- कृष्ण, 58 वर्ष।
कमर दर्द ने जीना मुहाल कर रखा है। चारपाई से भी नहीं उठ पाती हूं। गांव में शिविर लगा यह अच्छी बात है। शहर का चक्कर काटने से बच गई।
- मिश्री देवी, 65 वर्ष
मौसम की खराबी के चलते पेट संबंधी समस्या थी। शिविर में आने के बाद सारी जांच हो गई। शिविर में सारी व्यवस्थाएं अच्छी लगी।
- रामभज, 60 वर्ष
मेरी शुगर, बीपी व अन्य जांच शिविर में हो गई हैं। दो साल से सिर दर्द की समस्या से पीड़ित थी। शहर जाने का समय नहीं मिल रहा था। अब उम्मीद है ठीक हो जाऊंगी।
- कौशल्या रानी, 56 वर्ष
पैरों में लंबे समय से दर्द है। रोहतक तक जाने में काफी समस्या होती थी। गांव में शिविर लगने से काफी लाभ मिला है।
- बीरमती, 50 वर्ष
आंख और घुटनों की समस्या के साथ थकान रहती थी। शिविर में जांच के बाद डॉक्टरों ने दवा लिखी है। कहा है कि आराम हो जाएगा।
- बलजीत, 72 वर्ष
आज तक कभी जांच नहीं कराई। शिविर में पहली बार बीपी जांच करवाई तो सामान्य मिला। इसके लिए अमर उजाला की आभारी हूं, कि गांव में सुविधा उपलब्ध कराई है।
- फूलवती, 70 वर्ष
जोड़ों में दर्द की समस्या थी। डॉक्टर को दिखाया तो उन्होंने जांच कर दवा लिख दी है। शिविर में आने का लाभ मिला है।
- किताबो देवी, 65 वर्ष
गांव में ही कमर की जांच और उसके दर्द का इलाज कराने का मौका मिल गया। घर के कामों के चलते शहर जाने का समय नहीं निकल पा रहा था।
- जसवंती, 40 वर्ष
आंखों से पानी अधिक आता है। लंबे समय तक पढ़ने पर धुंधलापन छा जाता है। शिविर में जांच करवाई है, डॉक्टर ने कहा है कि जल्द आराम हो जाएगा।
- ज्योति रानी, 18 वर्ष
आंखों की समस्या है, दिखाई कम देता है। शिविर में जांच कराई है और दवा मिली है। डॉक्टरों ने बेहतर ढंग से जांच की। गांव में शिविर लगाने के लिए मैं अमर उजाला की आभारी हैं।
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- सोना देवी, 34 वर्ष
सभी जांच सामान्य मिली हैं। लेकिन घुटने का दर्द लंबे समय से परेशान कर रहा है। इसकी भी जांच करवा ली है। पहली बार जांच कराई है डॉक्टर ने दवा लिख दी है।
जय नारायण, 67 वर्ष
बढ़ती उम्र के साथ घुटने में और कमर में दर्द है। गांव में शिविर लगने से यही जांच हो गई। इसका काफी लाभ मिला है। शहर के चक्कर काटने से बच गए।
ओम दत्त, 58 वर्ष
बेहतर इलाज की उम्मीद
90 साल के पालू राम ने बताया कि मैं इस उम्मीद से आया हूं कि यहां बेहतर उपचार मिलेगा। मुझे आंखों में परेशानी है। बहुत जगह जांच कराई, लेकिन जलन नहीं मिटी। जब पता चला कि गांव में ही डॉक्टर आए हैं तो जांच के लिए आ गया। उम्मीद है कि यहां बेहतर उपचार होगा। क्योंकि अमर उजाला वालों की ओर से स्वास्थ्य जांच शिविर लगवाया गया है। शिविर में जांच के बाद मिली आंखों की दवा दिखाते हुए पालू राम ने कहा कि दवा तै घणी आच्छी लागै है, बस घरा जांदे इसने आंखा में घालूंगा।
रे डॉक्टर कद ठीक हो ज्याउंगी
70 साल की एक बुजुर्ग महिला काफी देर तक कतार में अपनी बारी का इंतजार कर रही थी। जब बारी आई तो डॉक्टर से उसने सारी बात की और पूछने लगी, रे डॉक्टर मैं कद तक ठीक हो ज्याउंगी। इस पर डॉक्टर ने भी कहा कि चिंता ना करै जल्द ए ठीक हो ज्यागी ताई। इस पर महिला ने जवाब दिया कि ठीक ऐ सुणया सै अक ये कैंप आले दवा ठीके ल्या रहें सैं। इसके बाद उनकी आंखों की चमक देखते ही बनती थी।
स्वास्थ्य विभाग के डॉक्टरों ने की जांच
शिविर में स्वास्थ्य विभाग के इएनटी विशेषज्ञ डॉ. शीलकांत पजनी ने कान, नाक, गला की जांच की। आंखों की जांच डॉ. अश्वनी और संजीव राठी ने की। वहीं बतौर फिजिशियन डॉ. कुणाल ने मरीजों का स्वास्थ्य जांचा। हड्डी रोग के मरीजों की जांच डॉ. सरणजीत चौहान ने की और महिलाओं की जांच किलोई सीएचसी से आई प्रभारी डॉ. शिवानी और एलएचवी दयाकौर ने की। शिविर में वरिष्ठ सर्जन एवं पीजीआईएमएस के पूर्व विजिलेंस अधिकारी डॉ. आरएस दहिया ने भी मरीजों के स्वास्थ्य की जांच की और उन्हें विभिन्न मौसमी बीमारियों से बचने की सलाह दी।
इन्होंने दिया सहयोग
पोलंगी सरपंच संजय कुमार, सरपंच मुंगाण सुनील, सरपंच बखेता कृष्ण, पंचायत सदस्य निरंजन, सुखमेंद्र, प्रदीप नंबरदार, सुबे सिंह पीटीआई, सतबीर, ओमप्रकाश, धर्मेंद्र, अमित हुड्डा, सुरेश, बिजेंद्र बल्लू, हरदीप, कृष्ण, संजय, निशांत, साहब सिंह, मंजीत हुड्डा, दादी भदा समिति के प्रधान कृष्ण हुड्डा और खजांची साहब सिंह।
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यूं बोले ग्रामीण
सर्द-गर्म के चलते स्वास्थ्य संबंधी समस्या हो गई है। इसका उपचार कराने आया था और दवा शिविर में मिल गई। यहां आए डॉक्टर अच्छे हैं।
- कृष्ण, 58 वर्ष।
कमर दर्द ने जीना मुहाल कर रखा है। चारपाई से भी नहीं उठ पाती हूं। गांव में शिविर लगा यह अच्छी बात है। शहर का चक्कर काटने से बच गई।
- मिश्री देवी, 65 वर्ष
मौसम की खराबी के चलते पेट संबंधी समस्या थी। शिविर में आने के बाद सारी जांच हो गई। शिविर में सारी व्यवस्थाएं अच्छी लगी।
- रामभज, 60 वर्ष
मेरी शुगर, बीपी व अन्य जांच शिविर में हो गई हैं। दो साल से सिर दर्द की समस्या से पीड़ित थी। शहर जाने का समय नहीं मिल रहा था। अब उम्मीद है ठीक हो जाऊंगी।
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- कौशल्या रानी, 56 वर्ष
पैरों में लंबे समय से दर्द है। रोहतक तक जाने में काफी समस्या होती थी। गांव में शिविर लगने से काफी लाभ मिला है।
- बीरमती, 50 वर्ष
आंख और घुटनों की समस्या के साथ थकान रहती थी। शिविर में जांच के बाद डॉक्टरों ने दवा लिखी है। कहा है कि आराम हो जाएगा।
- बलजीत, 72 वर्ष
आज तक कभी जांच नहीं कराई। शिविर में पहली बार बीपी जांच करवाई तो सामान्य मिला। इसके लिए अमर उजाला की आभारी हूं, कि गांव में सुविधा उपलब्ध कराई है।
- फूलवती, 70 वर्ष
जोड़ों में दर्द की समस्या थी। डॉक्टर को दिखाया तो उन्होंने जांच कर दवा लिख दी है। शिविर में आने का लाभ मिला है।
- किताबो देवी, 65 वर्ष
गांव में ही कमर की जांच और उसके दर्द का इलाज कराने का मौका मिल गया। घर के कामों के चलते शहर जाने का समय नहीं निकल पा रहा था।
- जसवंती, 40 वर्ष
आंखों से पानी अधिक आता है। लंबे समय तक पढ़ने पर धुंधलापन छा जाता है। शिविर में जांच करवाई है, डॉक्टर ने कहा है कि जल्द आराम हो जाएगा।
- ज्योति रानी, 18 वर्ष
आंखों की समस्या है, दिखाई कम देता है। शिविर में जांच कराई है और दवा मिली है। डॉक्टरों ने बेहतर ढंग से जांच की। गांव में शिविर लगाने के लिए मैं अमर उजाला की आभारी हैं।
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- सोना देवी, 34 वर्ष
सभी जांच सामान्य मिली हैं। लेकिन घुटने का दर्द लंबे समय से परेशान कर रहा है। इसकी भी जांच करवा ली है। पहली बार जांच कराई है डॉक्टर ने दवा लिख दी है।
जय नारायण, 67 वर्ष
बढ़ती उम्र के साथ घुटने में और कमर में दर्द है। गांव में शिविर लगने से यही जांच हो गई। इसका काफी लाभ मिला है। शहर के चक्कर काटने से बच गए।
ओम दत्त, 58 वर्ष
बेहतर इलाज की उम्मीद
90 साल के पालू राम ने बताया कि मैं इस उम्मीद से आया हूं कि यहां बेहतर उपचार मिलेगा। मुझे आंखों में परेशानी है। बहुत जगह जांच कराई, लेकिन जलन नहीं मिटी। जब पता चला कि गांव में ही डॉक्टर आए हैं तो जांच के लिए आ गया। उम्मीद है कि यहां बेहतर उपचार होगा। क्योंकि अमर उजाला वालों की ओर से स्वास्थ्य जांच शिविर लगवाया गया है। शिविर में जांच के बाद मिली आंखों की दवा दिखाते हुए पालू राम ने कहा कि दवा तै घणी आच्छी लागै है, बस घरा जांदे इसने आंखा में घालूंगा।
रे डॉक्टर कद ठीक हो ज्याउंगी
70 साल की एक बुजुर्ग महिला काफी देर तक कतार में अपनी बारी का इंतजार कर रही थी। जब बारी आई तो डॉक्टर से उसने सारी बात की और पूछने लगी, रे डॉक्टर मैं कद तक ठीक हो ज्याउंगी। इस पर डॉक्टर ने भी कहा कि चिंता ना करै जल्द ए ठीक हो ज्यागी ताई। इस पर महिला ने जवाब दिया कि ठीक ऐ सुणया सै अक ये कैंप आले दवा ठीके ल्या रहें सैं। इसके बाद उनकी आंखों की चमक देखते ही बनती थी।
स्वास्थ्य विभाग के डॉक्टरों ने की जांच
शिविर में स्वास्थ्य विभाग के इएनटी विशेषज्ञ डॉ. शीलकांत पजनी ने कान, नाक, गला की जांच की। आंखों की जांच डॉ. अश्वनी और संजीव राठी ने की। वहीं बतौर फिजिशियन डॉ. कुणाल ने मरीजों का स्वास्थ्य जांचा। हड्डी रोग के मरीजों की जांच डॉ. सरणजीत चौहान ने की और महिलाओं की जांच किलोई सीएचसी से आई प्रभारी डॉ. शिवानी और एलएचवी दयाकौर ने की। शिविर में वरिष्ठ सर्जन एवं पीजीआईएमएस के पूर्व विजिलेंस अधिकारी डॉ. आरएस दहिया ने भी मरीजों के स्वास्थ्य की जांच की और उन्हें विभिन्न मौसमी बीमारियों से बचने की सलाह दी।
इन्होंने दिया सहयोग
पोलंगी सरपंच संजय कुमार, सरपंच मुंगाण सुनील, सरपंच बखेता कृष्ण, पंचायत सदस्य निरंजन, सुखमेंद्र, प्रदीप नंबरदार, सुबे सिंह पीटीआई, सतबीर, ओमप्रकाश, धर्मेंद्र, अमित हुड्डा, सुरेश, बिजेंद्र बल्लू, हरदीप, कृष्ण, संजय, निशांत, साहब सिंह, मंजीत हुड्डा, दादी भदा समिति के प्रधान कृष्ण हुड्डा और खजांची साहब सिंह।