रोहतक मारुति प्लांट हादसा: मृतक अर्जुन के चाचा बोले- शार्ट सर्किट से लगी आग, दम घुटने से हुई मौत
मृतकों के परिजनों ने भी घटना को हादसा ही माना है। परिजन पोस्टमार्टम के बाद शव ले गए। पुलिस ने मामले में किसी तरह का केस दर्ज नहीं किया है।
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हरियाणा के रोहतक में आईएमटी स्थित मारुति के रिसर्च प्लांट में जान गंवाने वाले श्रमिक मनोज व अर्जुन के परिजन मंगलवार को रोहतक पहुंचे। साथ ही पुलिस के सामने श्रमिकों की मौत को हादसा मानकर शवों का पोस्टमार्टम कराया। पुलिस ने मामले में किसी तरह का केस दर्ज नहीं किया है।
सोमवार दोपहर करीब तीन बजे मारुति प्लांट में अचानक आग लग गई थी। फायर ब्रिगेड की चार गाड़ी मौके पर पहुंची और मारुति की अग्निशमन टीम के साथ मिलकर आग पर काबू पाया। प्लांट के जिस चैंबर में आग लगी थी, उसके अंदर से दो श्रमिकों के शव निकले। मृतकों की पहचान बिहार के चंपारण निवासी अर्जुन ठाकुर व यूपी के लखनऊ निवासी मनोज के तौर पर हुई थी।
मंगलवार को दोनों के परिजन रोहतक पहुंचे। मृतक अर्जुन के चाचा देवा सिंह ने पुलिस के सामने बयान दर्ज कराए। बताया कि अचानक प्लांट के चैंबर में शार्ट सर्किट से धमाका हुआ। आग लगने से धुआं फैल गया। उस समय अर्जुन व मनोज काम कर रहे थे। वे समय पर बाहर नहीं निकल सके और धुएं के चलते दम घुटने से बेहोश हो गए। बाद में उनकी मौत हो गई।
मृतकों के परिजनों के बयान दर्ज कर हादसे की कार्रवाई की गई है। किसी तरह का लापरवाही का आरोप नहीं लगाया गया है। हालांकि विसरा जांच के लिए मधुबन भेजा गया है। वहां से रिपोर्ट आने के बाद पता लग सकेगा कि श्रमिकों की मौत दम घुटने या करंट लगने से हुई है। - इंस्पेक्टर कैलाश चंद, थाना प्रभारी आईएमटी