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शिविर में टीका नहीं लगवा रहे आंदोलनकारी किसान

Fri, 19 Mar 2021 02:07 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Fri, 19 Mar 2021 02:07 AM IST
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Agitating farmers not getting vaccinated in camp
किसानों को टीका लगवाने के लिए जागरूक करते एसएमओ डॉ. विनय कुमार। - फोटो : Bahadurgarh
बहादुरगढ़। कृषि कानूनों के विरोध में आंदोलन कर रहे किसान कोरोना का टीका लगवाने को तैयार नहीं हैं। किसान नेताओं व धरनारत किसानों का कहना है कि खेतों में काम करने वाले किसानों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बहुत मजबूत है। इसलिए उन्हें कोरोना का टीका लगवाने की जरूरत ही नहीं है। किसानों के पड़ाव में लगाए गए कोरोना टीकाकरण कैंप में लगातार दूसरे दिन वीरवार को भी किसी किसान ने टीका नहीं लगवाया।
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स्वास्थ्य विभाग ने कोरोना का टीका लगाने के लिए धरनास्थल के साथ वैक्सीनेशन सेंटर बनाया है। दो दिन से सुबह से शाम तक यहां स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सकों की टीम मौजूद रहती है। बहादुरगढ़ बाईपास पर एचएल सिटी चौकी पुलिस के पास भी रेडक्रॉस सोसायटी के सौजन्य से वैक्सीनेशन सेंटर व आबजर्वेशन रूम बनाए गए हैं, लेकिन एक भी किसान यहां टीका लगवाने नहीं आया। प्रशासनिक अधिकारी व स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी भी लगातार उन्हें जागरूक कर रहे हैं। लेकिन किसानों का कहना है कि कोरोना के बहाने से सरकार उन्हें यहां से हटाना चाहती है, इसलिए उन्हें कोई टीका नहीं लगवाना।
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सिविल सर्जन डॉ. संजय दहिया की देखरेख में किसानों को टीकाकरण अभियान के लिए नोडल अधिकारी पीएमओ डॉ. प्रदीप शर्मा के नेतृत्व में एसएमओ डॉ. विनय कुमार, मेडिकल ऑफिसर डॉ. सुंदरम, डॉ. संगीता, डॉ. कुणाल बंसल व उनकी टीम किसानों को टीकाकरण करवाने को लेकर लगातार जागरूक करने की कोशिश कर रही हैं। उन्हें टीके के फायदे बता रही हैं। यह भी बताया जा रहा है यह टीका सुरक्षित है और इसका कोई साइड इफेक्ट नहीं है। लेकिन उसके बाद भी किसान टीका लगवाने से दूरी बना रहे हैं।
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बता दें कि स्वास्थ्य विभाग की ओर से वरिष्ठ नागरिकों के अलावा 45 साल से ज्यादा उम्र वाले गंभीर बीमार लोगों को टीका लगाया जा रहा है। किसान आंदोलन में काफी बुजुर्ग शामिल हैं। किसान नेता जोगिंदर सिंह का कहना है कि सरकार ने आंदोलन को खत्म करने के लिए कोरोना का डर भी दिखाया था। साढ़े तीन माह से ज्यादा समय दिल्ली के बॉर्डरों पर किसान बैठे हुए हैं, उन्हें कोई कोरोना नहीं हुआ तो अब कैसे होगा। किसान विकास और बलबीर सिंह ने कहा कि जब उन्होंने कोरोना जांच के लिए सैंपल ही नहीं दिए थे तो अब वे टीका भी किसी सूरत में नहीं लगवाएंगे। सरकार किसानों को बेवजह तंग कर रही है, लेकिन हम पीछे हटने वाले नहीं हैं। हमें सभी चुनौतियों से लड़ना आता है।
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