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महिलाओं को उनके अधिकार बताने को व्हाट्सएप गु्रप का सहारा

Sun, 03 Mar 2019 01:35 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Sun, 03 Mar 2019 01:35 AM IST
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महिलाओं को उनके अधिकार बताने को व्हाट्सएप गु्रप का सहारा
महबूब अली
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रोहतक। राज्य महिला आयोग गांव-गांव जाकर महिलाओं को उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करेगा। 14 मार्च से इसकी शुरुआत होगी। योजना के तहत प्रदेशभर में विभिन्न गांवों में चौपाल लगाकर महिलाओं को इसकी जानकारी दी जाएगी। इसके साथ ही जिला स्तर पर पढ़ी लिखी महिलाओं को व्हाट्सएप ग्रुप से जोड़ा जा रहा है। व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़ीं महिलाएं भी गांव की अन्य महिलाओं को गोष्ठी के माध्यम से उनके अधिकार बताएंगी।
राज्य महिला आयोग की चेयरमैन प्रतिभा सुमन ने बताया कि आज के समय में देखने में आ रहा है कि हर जगह महिलाओं का उत्पीड़न किया जा रहा है। महिलाओं को उनके अधिकारों के बारे में जानकारी नहीं होती है। इस कारण वह मामले की शिकायत पुलिस या फिर राज्य महिला आयोग में करने से हिचकती हैं। महिलाओं को उनके अधिकारों के बारे में जानकारी देने के लिए जहां चौपाल पर चर्चा की जाएगी। वहीं प्रत्येक जिले में महिलाओं के अधिकार के नाम से व्हाट्सएप ग्रुुप बनाए जा रहे हैं। इसमें जिले की पढ़ी लिखी महिलाओं को जोड़ा जा रहा है। प्रतिभा सुमन का कहना है कि महिलाओं को उत्पीड़न सहन करने के बजाए उसके खिलाफ आवाज उठानी चाहिए। इससे उत्पीड़न करने वालों पर शिकंजा कसा जा सकेगा। बताया कि चौपाल पर चर्चा कर महिलाओं को उनके अधिकार बताने में अहम भूमिका निभाने वाली महिलाओं को आयोग सम्मानित भी करेगा।
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महिलाओं के ये हैं अधिकार
जीरो एफआईआर का अधिकार
दुष्कर्म पीड़ित महिला किसी भी थाने पर जाकर अपनी शिकायत दर्ज करा सकती है। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार कोई भी थाना पुलिस उसे यह कहकर वापस नहीं कर सकती कि यह मामला उनके थाना क्षेत्र का नहीं है।
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पुलिस स्टेशन पर न बुलाए जाने का अधिकार
सीआरपीसी की धारा 160 के अनुसार महिलाओं को पूछताछ के लिए थाने पर नहीं बुलाया जा सकता। महिला पुलिस, उसके परिवार के सदस्य या फिर मित्र की उपस्थिति में उसके घर पर ही पूछताछ कर सकती है।

किसी भी समय शिकायत दर्ज कराने का अधिकार
महिलाएं कई बार समाज की वजह से मामला होने के बाद भी शिकायत नहीं करा पाती हैं। महिलाएं किसी भी समय शिकायत दर्ज करा सकती हैं। पुलिस यह नहीं कहेगी कि इतनी देर में शिकायत दर्ज क्यों कराई।


फ्री में कानूनी सलाह प्राप्त करने का अधिकार
पुलिस स्टेशन पर शिकायत करने गई महिला को मुफ्त में कानूनी सलाह प्राप्त करने का अधिकार होता है।

इंटरनेट के माध्यम से शिकायत का अधिकार
महिलाओं को ईमेल, फैक्स से भी घर बैठे ही शिकायत का अधिकार होता है। यदि शिकायत के बावजूद पुलिस कार्रवाई नहीं करती है तो लापरवाही बरतने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई हो सकती है।
- जैसा की राज्य महिला आयोग की चेयरमैन प्रतिभा सुमन ने बताया।
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