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पुलिस और सेना के 1200 जवान रक्त देकर बचा रहे दूसरों की जिंदगी

Wed, 24 Jul 2019 02:36 AM IST
Rohtak Bureau रोहतक ब्यूरो
Updated Wed, 24 Jul 2019 02:36 AM IST
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1200 soldiers of police and army saved lives by giving blood
हरियाणा, दिल्ली, यूपी, मध्य प्रदेश और हिमाचल प्रदेश के पुलिस और सेना में तैनात 1200 से अधिक जवान पिछले चार साल से रक्त देकर लोगों की जान बचाने में जुटे हैं। सोशल मीडिया पर किसी के खून के अभाव में तड़पने की सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचकर रक्त देकर बचाते हैं। यही नहीं, ये जवान विभिन्न राज्यों में अब तक एक हजार से अधिक रक्तदान शिविर भी लगवा चुके हैं। प्रत्येक राज्यों में अलग-अलग जवानों को कमान सौंपी गई है।
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सीआईए1 के एएसआई सतीश कुमार, हेड कांस्टेबल विवेक कुमार, चरखी दादरी के दिल्ली के कोटला थाने पर तैनात हेड कांस्टेबल अमित फौगाठ और सिसाना गांव के हेड कांस्टेबल आशीष दहिया ने बताया कि करीब चार साल पूर्व ही फेसबुक और व्हाट्सएप पर सभी लोग एक दूसरे के संपर्क में आए। ‘जीवनदायिनी’ नाम से फेसबुक और व्हाट्सएप पर ग्रुप बनाए। इसमें जवान और हरियाणा, यूपी, राजस्थान और हिमाचल प्रदेश के जवान जुड़ते ही चले गए। वर्तमान में इस ग्रुप से 1200 से अधिक जवान जुड़े हुए हैं, जो किसी के भी खून के अभाव में जिंदगी और मौत से जूझने की सूचना पर अधिकारियों से अनुमति लेकर ब्लड देने के लिए पहुंच जाते है। पुलिस और सेना के अधिकारियों के अलावा कई सामाजिक संगठन भी इन जवानों को सम्मानित कर चुके हैं।
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दिल्ली, रोहतक और सोनीपत में लगवाते हैं रक्तदान शिविर
आशीष दहिया और अमित फौगाट ने बताया कि दिल्ली के अलावा रोहतक, सोनीपत में रक्तदान शिविर लगाते हैं, जिसमें लोगों का भी पूरा सहयोग मिलता है।
ग्रुप में शामिल होकर ये जवान बचा रहे लोगों की जान
सीआईए-1 के एएसआई सतीश कुमार, हेड कास्टेबल विवेक कुमार, रोहतक हरियाणा पुलिस में पीटीसी सुनारिया के हेड कांस्टेबल दीपक सिवाच, सब इंस्पेक्टर ओमप्रकाश दहिया, एएसआई सतीश कुमार सीआइए 1, सोनीपत कोर्ट में तैनात एएसआई जगत सिंह, कुरुक्षेत्र की फोरेंसिक लैब में तैनात डॉ. अशोक वर्मा, गुरुग्राम में तैनात इंस्पेक्टर अजय कुमार, हिमाचल प्रदेश के मनोज ठाकुर, हवलदार प्रदीप कुमार, रिटायर्ड एडिशनल डीजीपी लायक राम डबास, कैथल में तैनात हेड कांस्टेबल सुनील कुमार, उत्तर प्रदेश के आगरा के एसआई सुंदर कुमार, इलाहाबाद के एसआई अशीष मिश्रा, मध्य प्रदेश में तैनात एसआई गिरीश शर्मा, हरियाणा को सीआईएसएफ के इंस्पेक्टर महेश फौगाट, चरखी दादरी के बीएसएफ में तैनात इंस्पेक्टर प्रमिंदर सिंह, बीएसएफ के इंस्पेक्टर कृष्ण फौगाट आदि ।
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इन लोगों की जान बचाने में निभाई अहम भूमिका
केस नंबर-एक
वर्ष 2017 में जम्मू के रहने वाले छात्र की इंडियन आर्मी के कैप्टन ऋषभ ने दिल्ली के अस्पताल में खून देकर जान बचाई थी। सोशल मीडिया पर कैप्टन क ो छात्र के खून के अभाव में तड़पने की सूचना मिली थी।

केस नंबर-दो
सिसाना गांव के हेड कांस्टेबल आशीष दहिया और चरखी दादरी के रहने वाले हेड कांस्टेबल अमित ने 26 अक्तूबर 2018 को दिल्ली के अस्पताल में सड़क हादसे में घायल होने के बाद भर्ती सोमनाथ खन्ना की खून देकर जान बचाई थी। दोनों अधिकारियों से अनुमति के बाद ब्लड देने के लिए पहुंचे थे।
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