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Rewari News: सर्वे शुरू, अवैध प्लॉटिंग पर लगेगी लगाम
Mon, 31 Mar 2025 12:51 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Mon, 31 Mar 2025 12:51 AM IST
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फोटो : 12अवैध निर्माण पर चलता बुलडोजर। स्रोत : विभाग
संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। जिले में अवैध प्लाॅटिंग पर शिकंजा कसने के लिए जिला नगर योजनाकार विभाग (डीटीपी) की टीम ने अवैध प्लॉटिंग वाले क्षेत्रों में सर्वे शुरू कर दिया है। डीसी अभिषेक मीणा ने पिछले दिनों बैठक में अवैध प्लाॅटिंग को चिह्नित करने के निर्देश दिए थे। जिले में अवैध प्लाॅटिंग और निर्माण तेजी से चल रहा है।
कई इलाकों में तो अवैध रूप से कॉलोनियां काटी जा चुकी हैं। शहर के चारों ओर प्लॉटिंग की जा रही है। प्लॉट खरीदने वाले लोग तेजी से निर्माण कर रहे हैं। शहर के साथ कस्बा बावल, धारूहेड़ा, खोरी, कुंड, कोसली व पाल्हावास आदि क्षेत्रों में भी बड़ी संख्या में प्लॉटिंग की जा रही है। प्लॉटों की रजिस्ट्री पर प्रतिबंध होने के कारण फुल पेमेंट एग्रीमेंट के आधार पर प्लॉट बेचे जा रहे हैं।
अवैध प्लॉटिंग और निर्माण पर अंकुश लगाने के लिए डीटीपी की ओर से कार्रवाई की जा रही है। पहले भी जिला नगर योजनाकार विभाग की टीम ने अवैध प्लॉटिंग और निर्माण पर कार्रवाई की थी और कई स्थानों पर निर्माण ध्वस्त कराया था। डीटीपी की ओर से 5 दर्जन से अधिक लोगों को नोटिस दिए गए हैं। जिन लोगों को नोटिस जारी हो चुके, उनके निर्माण पर कभी भी तोड़-फोड़ की कार्रवाई हो सकती है। सर्वे के बाद बड़े पैमाने पर अवैध निर्माण पर कार्रवाई की जाएगी। ऐसे में उन लोगों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा, जो डीलरों के बहकावे में आकर अनियमित कॉलोनियों में प्लाट खरीदकर निर्माण कर रहे हैं।
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वैध कॉलोनियों में तलाश रहे फर्स्ट पार्टी
अवैध कॉलोनियों में डीलरों के जरिए प्लॉट खरीदकर मकान बना चुके लोगों को वैध हुई कॉलोनियों में जमीन की रजिस्ट्री कराने के लिए फर्स्ट पार्टी की तलाश करने में पसीने छूट रहे हैं। इन कॉलोनियों में डीलरों ने पहली पार्टी से एग्रीमेंट के आधार पर जमीन खरीदने के बाद फुल पेमेंट एग्रीमेंट पर प्लॉट बेचे थे। जो कॉलोनियां वैध हो चुकी हैं, वहां खरीदारों को जमीन के असली मालिक तलाशने में मशक्कत करनी पड़ रही है। डीलर रजिस्ट्री कराने के नाम पर अतिरिक्त पैसे की मांग कर रहे हैं।
अवैध कॉलोनियों के रजिस्ट्रेशन पर पूर्ण अंकुश : डीसी
डीसी अभिषेक मीणा ने बताया कि जिला नगर योजनाकार के अधिकारियों को अवैध कॉलोनियों के रजिस्ट्रेशन पर अंकुश लगाते हुए कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को अवैध कॉलोनियों में नियमानुसार विभागीय कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। जो अवैध कालोनियां नियमितिकरण नीति के तहत नहीं आती हैं उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। डीसी ने आमजन से अपील की है कि नियंत्रण क्षेत्र, शहरी क्षेत्र में कोई भी अवैध निर्माण न करें। किसी भी प्रकार का निर्माण करने से पहले सरकार के नियमानुसार अनुमति लें। नागरिक चिह्नित की गई अवैध कॉलोनियों में खरीद-फरोख्त न करें ताकि आमजन की गाढ़ी कमाई बेकार न जाए। उन्होंने कहा कि कोई भी व्यक्ति प्लाट खरीदने से पहले कॉलोनी की वैधता बारे जिला नगर योजनाकार रेवाड़ी कार्यालय से किसी भी कार्य दिवस को छानबीन कर सकता है।
वर्जन
विभाग की ओर से ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी, जिन्होंने अनियमित कॉलोनियों में निर्माण किए हैं। लोगों से अपील है की जमीन खरीदने से पहले उसकी वैधता के बारे में जरूर जांच कर लें, ताकि बाद में पछताना न पड़े। -मंदीप सिहाग, डीटीपी रेवाड़ी।
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रेवाड़ी। जिले में अवैध प्लाॅटिंग पर शिकंजा कसने के लिए जिला नगर योजनाकार विभाग (डीटीपी) की टीम ने अवैध प्लॉटिंग वाले क्षेत्रों में सर्वे शुरू कर दिया है। डीसी अभिषेक मीणा ने पिछले दिनों बैठक में अवैध प्लाॅटिंग को चिह्नित करने के निर्देश दिए थे। जिले में अवैध प्लाॅटिंग और निर्माण तेजी से चल रहा है।
कई इलाकों में तो अवैध रूप से कॉलोनियां काटी जा चुकी हैं। शहर के चारों ओर प्लॉटिंग की जा रही है। प्लॉट खरीदने वाले लोग तेजी से निर्माण कर रहे हैं। शहर के साथ कस्बा बावल, धारूहेड़ा, खोरी, कुंड, कोसली व पाल्हावास आदि क्षेत्रों में भी बड़ी संख्या में प्लॉटिंग की जा रही है। प्लॉटों की रजिस्ट्री पर प्रतिबंध होने के कारण फुल पेमेंट एग्रीमेंट के आधार पर प्लॉट बेचे जा रहे हैं।
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अवैध प्लॉटिंग और निर्माण पर अंकुश लगाने के लिए डीटीपी की ओर से कार्रवाई की जा रही है। पहले भी जिला नगर योजनाकार विभाग की टीम ने अवैध प्लॉटिंग और निर्माण पर कार्रवाई की थी और कई स्थानों पर निर्माण ध्वस्त कराया था। डीटीपी की ओर से 5 दर्जन से अधिक लोगों को नोटिस दिए गए हैं। जिन लोगों को नोटिस जारी हो चुके, उनके निर्माण पर कभी भी तोड़-फोड़ की कार्रवाई हो सकती है। सर्वे के बाद बड़े पैमाने पर अवैध निर्माण पर कार्रवाई की जाएगी। ऐसे में उन लोगों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा, जो डीलरों के बहकावे में आकर अनियमित कॉलोनियों में प्लाट खरीदकर निर्माण कर रहे हैं।
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वैध कॉलोनियों में तलाश रहे फर्स्ट पार्टी
अवैध कॉलोनियों में डीलरों के जरिए प्लॉट खरीदकर मकान बना चुके लोगों को वैध हुई कॉलोनियों में जमीन की रजिस्ट्री कराने के लिए फर्स्ट पार्टी की तलाश करने में पसीने छूट रहे हैं। इन कॉलोनियों में डीलरों ने पहली पार्टी से एग्रीमेंट के आधार पर जमीन खरीदने के बाद फुल पेमेंट एग्रीमेंट पर प्लॉट बेचे थे। जो कॉलोनियां वैध हो चुकी हैं, वहां खरीदारों को जमीन के असली मालिक तलाशने में मशक्कत करनी पड़ रही है। डीलर रजिस्ट्री कराने के नाम पर अतिरिक्त पैसे की मांग कर रहे हैं।
अवैध कॉलोनियों के रजिस्ट्रेशन पर पूर्ण अंकुश : डीसी
डीसी अभिषेक मीणा ने बताया कि जिला नगर योजनाकार के अधिकारियों को अवैध कॉलोनियों के रजिस्ट्रेशन पर अंकुश लगाते हुए कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों को अवैध कॉलोनियों में नियमानुसार विभागीय कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। जो अवैध कालोनियां नियमितिकरण नीति के तहत नहीं आती हैं उनके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। डीसी ने आमजन से अपील की है कि नियंत्रण क्षेत्र, शहरी क्षेत्र में कोई भी अवैध निर्माण न करें। किसी भी प्रकार का निर्माण करने से पहले सरकार के नियमानुसार अनुमति लें। नागरिक चिह्नित की गई अवैध कॉलोनियों में खरीद-फरोख्त न करें ताकि आमजन की गाढ़ी कमाई बेकार न जाए। उन्होंने कहा कि कोई भी व्यक्ति प्लाट खरीदने से पहले कॉलोनी की वैधता बारे जिला नगर योजनाकार रेवाड़ी कार्यालय से किसी भी कार्य दिवस को छानबीन कर सकता है।
वर्जन
विभाग की ओर से ऐसे लोगों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी, जिन्होंने अनियमित कॉलोनियों में निर्माण किए हैं। लोगों से अपील है की जमीन खरीदने से पहले उसकी वैधता के बारे में जरूर जांच कर लें, ताकि बाद में पछताना न पड़े। -मंदीप सिहाग, डीटीपी रेवाड़ी।