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Rewari News: वैध नहीं हुईं सात कॉलोनियां, सुविधाओं का टोटा
Mon, 26 Aug 2024 11:52 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Mon, 26 Aug 2024 11:52 AM IST
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फोटो : 01रेवाड़ी। नगर परिषद रेवाड
संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। शहर क्षेत्र से बाहर बसीं 9 कॉलोनियां जून के अंतिम सप्ताह में वैध हो गई थीं लेकिन नगर परिषद क्षेत्र की 7 कॉलोनियां वैध नहीं हो पाईं। हालांकि इसके लिए आपत्तियां दूर की गईं। लोगों को आश्वासन दिया गया था कि जल्द ही कॉलोनियां वैध होंगी लेकिन ऐसा नहीं हुआ। इन कॉलोनियों के लोगों को बुनियादी सुविधाओं के लिए तरसना पड़ रहा है।
विधानसभा चुनाव के चलते आचार संहिता लागू होने से अब सात कॉलोनियों के वैध होेने का इंतजार अब बढ़ गया है। अब जो भी कार्य होगा चुनाव बीतने के बाद ही होगा। सज्जन लोक कॉलोनी, थथेरा कॉलोनी गोकलगढ़, गोकुल धाम कॉलोनी, शिव नगर पार्ट ए, राम विहार कॉलोनी, शास्त्री नगर कुतुबपूर मोला कॉलोनी, सज्जन सोसाइटी कॉलोनी में बुनियादी सुविधाएं नहीं हैं जिससे यहां के लोग परेशान हैं। इन कालोनियों में 30 हजार से अधिक लोग रहते हैं। वहीं, शहरी एरिया से बाहर की कॉलोनियां वैध होने से नगर परिषद के अंतर्गत आने वाली अवैध कॉलोनियां के लोग काफी हैरान हैं। लोगों का कहना है कि शहर की कॉलोनियां वैध ना होना नगर परिषद की उदासीनता है। जब बाहर की कॉलोनी सरकारी नियमों पर खरा उतर रही है तो शहर की कॉलोनियां क्यों नहीं हो सकती।
रेवाड़ी नगर परिषद की कुल 17 कॉलोनियों को रेगुलर करने की प्रक्रिया लंबे समय से चल रही थी। निदेशालय के अनुसार 5 कॉलोनियां शर्तें पूरी नहीं करतीं, इसलिए सूची से बाहर हो गई। 5 कॉलोनी पहले नियमित हो चुकी हैं। बची हुई 7 कॉलोनियों में स्पष्टीकरण की जरूरत थी। जो 7 कॉलोनियां रेगुलर नहीं हुईं, उनमें किसी का एरिया तो किसी की सड़कें गलत दशाई गई थी। खाली एरिया जोड़ने पर भी आपत्ति लगाई गई थी।
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आपत्तियों को दूर करके नगर परिषद ने नहीं भेजी थी फाइल
शहरी स्थानीय निवास निदेशालय की ओर से 18 जनवरी को डीएमसी रेवाड़ी को पत्र भेज कर आपत्तियों को जल्द से जल्द दूर करने को कहा था। 31 जनवरी तक सभी शर्तें पूरी करने वाली कॉलोनियों को नियमित करना था। नगर परिषद के अधिकारियों की लापरवाही के कारण 8 फरवरी को सभी आपत्तियों दूर करके फाइल भेजी गई था। पार्षदों का आरोप था कि समय पर फाइल ना भेजने की वजह से उस समय भी यही परेशानी हुई थी और उसके बाद जब फाइल भेजी तो उसका कोई अर्थ ही नहीं था। अब आचार संहिता लग चुकी है।
ये 9 कालोनियां हुईं थी 21 जून को वैध
रेवाड़ी शहर से लगते गांव रामपुरा की राव तुलाराम विहार फेस-2 कॉलोनी, गज्जीवास के राजस्व क्षेत्र की यूनिक विहार फेस-1 कॉलोनी, महेश्वरी गांव के राजस्व क्षेत्र की गोयल कॉलोनी/निरंजन कॉलोनी, मालपुरा की मालपुरा कॉलोनी नजदीक शनि मंदिर, सुठानी गांव की अटल कॉलोनी, कोसली की तहसील के सामने एचडीएफसी कॉलोनी, पदैयावास व ढालियावास गांव की युगल बिहार, शक्ति नगर पार्ट 1 व 2 कॉलोनी,अलावलपुर राजस्व क्षेत्र की रामजस नगर शामिल हैं।
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वर्जन :
बची हुई कॉलोनियों के वैध कराने को लेकर प्रक्रिया चल रही है। प्रक्रिया अंतिम चरण में है। प्रयास किया जा रहा है। लोगों को किसी प्रकार की परेशानी फिलहाल नहीं होने दी जाएगी।-पूनम यादव, चेयरपर्सन, नगर परिषद रेवाड़ी।
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रेवाड़ी। शहर क्षेत्र से बाहर बसीं 9 कॉलोनियां जून के अंतिम सप्ताह में वैध हो गई थीं लेकिन नगर परिषद क्षेत्र की 7 कॉलोनियां वैध नहीं हो पाईं। हालांकि इसके लिए आपत्तियां दूर की गईं। लोगों को आश्वासन दिया गया था कि जल्द ही कॉलोनियां वैध होंगी लेकिन ऐसा नहीं हुआ। इन कॉलोनियों के लोगों को बुनियादी सुविधाओं के लिए तरसना पड़ रहा है।
विधानसभा चुनाव के चलते आचार संहिता लागू होने से अब सात कॉलोनियों के वैध होेने का इंतजार अब बढ़ गया है। अब जो भी कार्य होगा चुनाव बीतने के बाद ही होगा। सज्जन लोक कॉलोनी, थथेरा कॉलोनी गोकलगढ़, गोकुल धाम कॉलोनी, शिव नगर पार्ट ए, राम विहार कॉलोनी, शास्त्री नगर कुतुबपूर मोला कॉलोनी, सज्जन सोसाइटी कॉलोनी में बुनियादी सुविधाएं नहीं हैं जिससे यहां के लोग परेशान हैं। इन कालोनियों में 30 हजार से अधिक लोग रहते हैं। वहीं, शहरी एरिया से बाहर की कॉलोनियां वैध होने से नगर परिषद के अंतर्गत आने वाली अवैध कॉलोनियां के लोग काफी हैरान हैं। लोगों का कहना है कि शहर की कॉलोनियां वैध ना होना नगर परिषद की उदासीनता है। जब बाहर की कॉलोनी सरकारी नियमों पर खरा उतर रही है तो शहर की कॉलोनियां क्यों नहीं हो सकती।
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रेवाड़ी नगर परिषद की कुल 17 कॉलोनियों को रेगुलर करने की प्रक्रिया लंबे समय से चल रही थी। निदेशालय के अनुसार 5 कॉलोनियां शर्तें पूरी नहीं करतीं, इसलिए सूची से बाहर हो गई। 5 कॉलोनी पहले नियमित हो चुकी हैं। बची हुई 7 कॉलोनियों में स्पष्टीकरण की जरूरत थी। जो 7 कॉलोनियां रेगुलर नहीं हुईं, उनमें किसी का एरिया तो किसी की सड़कें गलत दशाई गई थी। खाली एरिया जोड़ने पर भी आपत्ति लगाई गई थी।
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आपत्तियों को दूर करके नगर परिषद ने नहीं भेजी थी फाइल
शहरी स्थानीय निवास निदेशालय की ओर से 18 जनवरी को डीएमसी रेवाड़ी को पत्र भेज कर आपत्तियों को जल्द से जल्द दूर करने को कहा था। 31 जनवरी तक सभी शर्तें पूरी करने वाली कॉलोनियों को नियमित करना था। नगर परिषद के अधिकारियों की लापरवाही के कारण 8 फरवरी को सभी आपत्तियों दूर करके फाइल भेजी गई था। पार्षदों का आरोप था कि समय पर फाइल ना भेजने की वजह से उस समय भी यही परेशानी हुई थी और उसके बाद जब फाइल भेजी तो उसका कोई अर्थ ही नहीं था। अब आचार संहिता लग चुकी है।
ये 9 कालोनियां हुईं थी 21 जून को वैध
रेवाड़ी शहर से लगते गांव रामपुरा की राव तुलाराम विहार फेस-2 कॉलोनी, गज्जीवास के राजस्व क्षेत्र की यूनिक विहार फेस-1 कॉलोनी, महेश्वरी गांव के राजस्व क्षेत्र की गोयल कॉलोनी/निरंजन कॉलोनी, मालपुरा की मालपुरा कॉलोनी नजदीक शनि मंदिर, सुठानी गांव की अटल कॉलोनी, कोसली की तहसील के सामने एचडीएफसी कॉलोनी, पदैयावास व ढालियावास गांव की युगल बिहार, शक्ति नगर पार्ट 1 व 2 कॉलोनी,अलावलपुर राजस्व क्षेत्र की रामजस नगर शामिल हैं।
वर्जन :
बची हुई कॉलोनियों के वैध कराने को लेकर प्रक्रिया चल रही है। प्रक्रिया अंतिम चरण में है। प्रयास किया जा रहा है। लोगों को किसी प्रकार की परेशानी फिलहाल नहीं होने दी जाएगी।-पूनम यादव, चेयरपर्सन, नगर परिषद रेवाड़ी।