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Rewari News: गया में महाबोधि विहार को बौद्ध भिक्षुओं को सौंपने की मांग
Thu, 13 Mar 2025 12:31 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Thu, 13 Mar 2025 12:31 AM IST
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फोटो : 14लघु सचिवालय में ज्ञापन देने के लिए पहुंचे सेवा स्तंभ एवं धम्म भूमि जिला इकाई के पदाध
संवाद न्यूज एजेंसी
रेवाड़ी। सेवा स्तंभ एवं धम्म भूमि जिला इकाई के पदाधिकारियों ने जिला प्रधान भगत सिंह सांभरिया के नेतृत्व में गया में महाबोधि विहार को बौद्ध भिक्षुओं को सौंपने की मांग से संबंधित ज्ञापन लघु सचिवालय में अतिरिक्त उपायुक्त अनुपमा अंजली को सौंपा।
राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन में बीटी एक्ट 1949 को निरस्त करने की मांग की गई। भगत सिंह ने बताया कि इस बारे में सर्वप्रथम आल इंडिया बुद्धिस्ट फोरम की ओर से पूर्व में 26 नवंबर 2023, 17 सितंबर 2024 एवं 26 नवंबर 2024 को ज्ञापन दिया जा चुका है। इसमें बीटी एक्ट 1949 को निरस्त कर सभी 9 सदस्यों को बौद्ध समाज से रखने की मांग की जा चुकी है। काफी उम्मीदों एवं इंतजार के बावजूद आपकी ओर से इन्हें कोई आश्वासन प्राप्त नहीं हुआ है। भारत के सभी बौद्धों की तरफ से ऑल इंडिया बुद्धिस्ट फोरम के बैनर तले अनिश्चित कालीन धरना प्रदर्शन आयोजित करने का फैसला लिया गया और ये लोग बौद्ध गया में 12 फरवरी से भंते प्रज्ञाशील महाथेरो, भंते आकाश लामा व भंते करुणाशील राहुल की अगुवाई में धरना प्रदर्शन पर बैठे हुए हैं। उम्मीद है कि सरकार बीटी एक्ट 1949 को तुरंत निरस्त करते हुए कमेटी में सभी 9 सदस्य बौद्ध समाज से रखने का कार्य करेंगी।
ज्ञापन सौंपने वालों में कांशीराम खींची, एडवोकेट राजकुमार जलवा, आरपी सिंह दहिया, महेश दत्त, अजीत सिंह बुढ़पुर, नरेंद्र मेहरा, आर के बलवारिया, जगदीश चंद्र नाथ, रणजीत रंगा, राजेश सुलखा, सतबीर गोठवाल, लक्ष्मी बाई लिसाना, विजय सिंह सिंघवैया, अमर सिंह बौद्ध आदि उपस्थित रहे।
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रेवाड़ी। सेवा स्तंभ एवं धम्म भूमि जिला इकाई के पदाधिकारियों ने जिला प्रधान भगत सिंह सांभरिया के नेतृत्व में गया में महाबोधि विहार को बौद्ध भिक्षुओं को सौंपने की मांग से संबंधित ज्ञापन लघु सचिवालय में अतिरिक्त उपायुक्त अनुपमा अंजली को सौंपा।
राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन में बीटी एक्ट 1949 को निरस्त करने की मांग की गई। भगत सिंह ने बताया कि इस बारे में सर्वप्रथम आल इंडिया बुद्धिस्ट फोरम की ओर से पूर्व में 26 नवंबर 2023, 17 सितंबर 2024 एवं 26 नवंबर 2024 को ज्ञापन दिया जा चुका है। इसमें बीटी एक्ट 1949 को निरस्त कर सभी 9 सदस्यों को बौद्ध समाज से रखने की मांग की जा चुकी है। काफी उम्मीदों एवं इंतजार के बावजूद आपकी ओर से इन्हें कोई आश्वासन प्राप्त नहीं हुआ है। भारत के सभी बौद्धों की तरफ से ऑल इंडिया बुद्धिस्ट फोरम के बैनर तले अनिश्चित कालीन धरना प्रदर्शन आयोजित करने का फैसला लिया गया और ये लोग बौद्ध गया में 12 फरवरी से भंते प्रज्ञाशील महाथेरो, भंते आकाश लामा व भंते करुणाशील राहुल की अगुवाई में धरना प्रदर्शन पर बैठे हुए हैं। उम्मीद है कि सरकार बीटी एक्ट 1949 को तुरंत निरस्त करते हुए कमेटी में सभी 9 सदस्य बौद्ध समाज से रखने का कार्य करेंगी।
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ज्ञापन सौंपने वालों में कांशीराम खींची, एडवोकेट राजकुमार जलवा, आरपी सिंह दहिया, महेश दत्त, अजीत सिंह बुढ़पुर, नरेंद्र मेहरा, आर के बलवारिया, जगदीश चंद्र नाथ, रणजीत रंगा, राजेश सुलखा, सतबीर गोठवाल, लक्ष्मी बाई लिसाना, विजय सिंह सिंघवैया, अमर सिंह बौद्ध आदि उपस्थित रहे।
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