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Rewari News: ठंड ने बढ़ाया संक्रमण का खतरा, गर्भवती महिलाएं रहें सावधान
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फोटो संख्या:58-एमपीएचडब्ल्यू पुष्पा--- संवाद
- फोटो : काउंटर पर दवा लेने के लिए लगी मरीजों की भीड़।
महेंद्रगढ़। जिले में बदलते मौसम और लगातार गिरते तापमान से गर्भवतियों की सेहत पर अधिक असर हो रहा है। ठंड में गर्भवती महिलाएं अपनी सेहत और खानपान का विशेष ध्यान रखें। स्त्री रोग विशेषज्ञों का कहना है कि ठंड के मौसम में संक्रामक रोग अधिक होते हैं।
एमपीएचडब्ल्यू पुष्पा ने बताया कि ठंड में सर्दी और फीवर का खतरा अधिक रहता है। इसका सबसे ज्यादा असर गर्भवतियों पर पड़ता है। इससे महिला के साथ शिशु के विकास पर असर पड़ता है। महिला की इम्यूनिटी कमजोर होने के कारण शिशु का विकास अच्छे से नहीं हो पाता है।
ठंड में महिलाओं को सिरदर्द, आंखों के आगे धुंधलापन, पैरों व चेहरे पर सूजन, चक्कर आना जैसे संकेत दिखाई दे सकते हैं। इस मौसम में महिलाएं ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े पहनें और पौष्टिक आहार लें। इसमें हरी सब्जियां, चना, गुड़ आदि खा सकते हैं।
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उचित मात्र में पानी पीएं। सुबह और रात के समय ठंडी हवा से बचें। दिन में आवश्यकतानुसार धूप लगाएं। किसी प्रकार की बीमारी होने या तबीयत खराब होने पर चिकित्सक से परामर्श लें।
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एमपीएचडब्ल्यू पुष्पा ने बताया कि ठंड में सर्दी और फीवर का खतरा अधिक रहता है। इसका सबसे ज्यादा असर गर्भवतियों पर पड़ता है। इससे महिला के साथ शिशु के विकास पर असर पड़ता है। महिला की इम्यूनिटी कमजोर होने के कारण शिशु का विकास अच्छे से नहीं हो पाता है।
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ठंड में महिलाओं को सिरदर्द, आंखों के आगे धुंधलापन, पैरों व चेहरे पर सूजन, चक्कर आना जैसे संकेत दिखाई दे सकते हैं। इस मौसम में महिलाएं ठंड से बचाव के लिए गर्म कपड़े पहनें और पौष्टिक आहार लें। इसमें हरी सब्जियां, चना, गुड़ आदि खा सकते हैं।
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उचित मात्र में पानी पीएं। सुबह और रात के समय ठंडी हवा से बचें। दिन में आवश्यकतानुसार धूप लगाएं। किसी प्रकार की बीमारी होने या तबीयत खराब होने पर चिकित्सक से परामर्श लें।