{"_id":"6838b1b07bb15f5efd03b986","slug":"18-buses-of-two-private-schools-were-found-unfit-during-the-investigation-rewari-news-c-198-1-rew1001-220249-2025-05-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Rewari News: जांच में दो निजी स्कूलों की 18 बसें मिलीं अनफिट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Rewari News: जांच में दो निजी स्कूलों की 18 बसें मिलीं अनफिट
Fri, 30 May 2025 12:42 AM IST
रोहतक ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, रेवाड़ी
Updated Fri, 30 May 2025 12:42 AM IST
विज्ञापन
फोटो: 3बावल के एक निजी स्कूल में बसों की जांच करते टीम। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
बावल। एसडीएम बावल के आदेश पर आरटीए ने दो निजी स्कूलों की बसों की जांच की। इस दौरान 18 बसें अनफिट पाई गईं। अनियमितता मिलने पर बसों का मौके पर चालान किया गया है। जांच में यह भी पता चला कि कई बसें कंडम स्थिति में थी।
दो स्कूलों में ही 18 बसों के अनफिट बसें मिलने का मतलब है कि स्कूल संचालक इसको लेकर गंभीर नहीं हैं। विभाग का कहना है कि ऐसे स्कूलों पर शिकंजा कसा जाएगा।
पिछले वर्ष कनीना में हुए बस हादसे के बाद निजी बस संचालक अनफिट बसों को सड़क से हटाने पर मजबूर हो गए थे। अब ऐसी बसों को फिर से बच्चों को स्कूल लाने व ले जाने के लिए दौड़ाया जा रहा है।
विज्ञापन
कंडम बसों से बच्चों को ढोना एक बार फिर बड़े हादसे का कारण बन सकता है। आरटीए स्टाफ की ओर से अगर निजी स्कूलों की बसों की नियमित जांच की जाती है, तो इन स्कूलों में बड़ी संख्या में अनफिट बसें सामने आ सकती हैं।
एक प्राइवेट स्कूल की बस पिछले वर्ष अप्रैल में दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। इस बस हादसे में 6 बच्चों की मौत हो गई थी तथा कई बच्चे घायल हो गए थे।
हादसा इतना भयानक था कि सूचना मिलने के बाद तत्कालीन शिक्षा मंत्री सीमा त्रिखा भी घायल बच्चों का हाल जानने के बाद अस्पताल पहुंच गई थीं। सरकार ने आनन-फानन में प्राइवेट स्कूल बसों की जांच कराना शुरू कर दिया था।
उस समय भी जांच के बाद बड़ी संख्या में अनफिट बसें पाई गई थीं, जिन्हें सड़कों से हटा दिया गया था। बसों की नियमित फिटनेस जांच कराने के आदेश जारी किए गए थे।
वर्जन:
दो निजी स्कूलों की बसों की जांच की गई। इसमें 18 बसें अनफिट मिली हैं, जिनका चालान किए गए है। अन्य स्कूलों की बसों की जांच भी की जाएगी। नियमों का पालन न करने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। - सुरेंद्र कुमार, सचिव, आरटीए।
-
विज्ञापन
बावल। एसडीएम बावल के आदेश पर आरटीए ने दो निजी स्कूलों की बसों की जांच की। इस दौरान 18 बसें अनफिट पाई गईं। अनियमितता मिलने पर बसों का मौके पर चालान किया गया है। जांच में यह भी पता चला कि कई बसें कंडम स्थिति में थी।
दो स्कूलों में ही 18 बसों के अनफिट बसें मिलने का मतलब है कि स्कूल संचालक इसको लेकर गंभीर नहीं हैं। विभाग का कहना है कि ऐसे स्कूलों पर शिकंजा कसा जाएगा।
विज्ञापन
पिछले वर्ष कनीना में हुए बस हादसे के बाद निजी बस संचालक अनफिट बसों को सड़क से हटाने पर मजबूर हो गए थे। अब ऐसी बसों को फिर से बच्चों को स्कूल लाने व ले जाने के लिए दौड़ाया जा रहा है।
विज्ञापन
कंडम बसों से बच्चों को ढोना एक बार फिर बड़े हादसे का कारण बन सकता है। आरटीए स्टाफ की ओर से अगर निजी स्कूलों की बसों की नियमित जांच की जाती है, तो इन स्कूलों में बड़ी संख्या में अनफिट बसें सामने आ सकती हैं।
एक प्राइवेट स्कूल की बस पिछले वर्ष अप्रैल में दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। इस बस हादसे में 6 बच्चों की मौत हो गई थी तथा कई बच्चे घायल हो गए थे।
हादसा इतना भयानक था कि सूचना मिलने के बाद तत्कालीन शिक्षा मंत्री सीमा त्रिखा भी घायल बच्चों का हाल जानने के बाद अस्पताल पहुंच गई थीं। सरकार ने आनन-फानन में प्राइवेट स्कूल बसों की जांच कराना शुरू कर दिया था।
उस समय भी जांच के बाद बड़ी संख्या में अनफिट बसें पाई गई थीं, जिन्हें सड़कों से हटा दिया गया था। बसों की नियमित फिटनेस जांच कराने के आदेश जारी किए गए थे।
वर्जन:
दो निजी स्कूलों की बसों की जांच की गई। इसमें 18 बसें अनफिट मिली हैं, जिनका चालान किए गए है। अन्य स्कूलों की बसों की जांच भी की जाएगी। नियमों का पालन न करने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। - सुरेंद्र कुमार, सचिव, आरटीए।
-