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योजनाओं का लाभ न मिलने से लोग सड़कों पर उतरे
हरियाणा
Updated Thu, 26 Sep 2013 11:47 PM IST
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कैथल में विभिन्न योजनाओं का लाभ न मिलने से गुस्साई जनता वीरवार को सड़कों पर उतर आई। भारी संख्या में महिलाओं, बच्चों और पुरुषों ने प्रदर्शन करते हुए सरकार के नाम डीसी को ज्ञापन सौंपा।
एडीसी अरविंद मल्हान ने लोगों को समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया है। वहीं, भारी संख्या में सड़कों पर उतरे लोगों की वजह से शहर में जाम की स्थिति भी बन गई। इस कारण वाहन चालकों और राहगीरों को समस्या का सामना करना पड़ा।
इससे पहले, जिले के अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग अधिकार मंच हरियाणा के बैनर तले जवाहर पार्क में एकत्रित हुए और उन्होंने मांगो पर विचार विमर्श किया। इसके बाद वे नवग्रह-पिहोवा चौक, करनाल रोड से प्रदर्शन करते हुए लघु सचिवालय पहुंचे। प्रदर्शनकारियों में काफी संख्या में महिलाएं शामिल थीं।
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इस मौके पर मंच के प्रदेशाध्यक्ष रामेश्वर फौजी ने कहा कि दोनों योजनाओं सौ-सौ गज के प्लॉट आवंटित करने और इंदिरा गांधी प्रियदर्शनी आवास योजना में गड़बड़ी के कारण पात्र लोग योजनाओं का लाभ लेने से वंचित रह गए। वित्तायुक्त और प्रधान सचिव हरियाणा सरकार की ओर से जारी पत्र का ठीक तरह से पालन नहीं किया गया है।
कैथल में कुल 49 हजार 790 बीपीएल परिवार हैं, जिनमें से सिर्फ 17 हजार लोगों को ही प्लॉट आवंटित किए गए हैं। इसके अलावा अनुसूचित एवं पिछड़े वर्ग के हजारों की संख्या में पात्र परिवार हैं, जिनको योजना का लाभ ही नहीं दिया गया है।
वित्तायुक्त के पत्र में डीसी को दिए गए सभी निर्देशों को ताक पर रख गांव के सरपंचो और ग्राम सचिवों ने अपने चहेतों को योजनाओं को लाभ दिया।
कुछ लोगों को प्लॉट तो मिल गए हैं, लेकिन ज्यादातर को कब्जा नहीं दिलवाया गया है। प्रदर्शनकारियों में ईश्वर गुहणा, प्रताप ठेकेदार, रमेश कुतबपुर, राजेश, बली चौहान, भरत सिंह, कृष्ण लाल, लीला राम, कर्मबीर, रामफल, परसा, अजय, रोशनी देवी, शीला, भतेरी, पताशो, रामरती, बिमला, राजबाला, संतरो, प्रकाशो देवी, रेशमा, महिमा और अन्य शामिल थे।
ये हैं प्रमुख मांगे
1.जिले में आवंटित प्लॉटों पर तुरंत प्रभाव से कब्जा दिलवाया जाए, जो प्लाट आंबटित किए गए हैं उन्हें रिहायश के लायक बनाया जाए।
2.जो प्लॉट आबादी से दूर काटे गए हैं उन्हें आबादी के नजदीक स्थानांतरित किया जाए, ताकि लोग मकान बनाकर रिहायश कर सकें।
3. दोनों ही योजनाओं में सिर्फ बीपीएल परिवारों को ही लाभ दिया जा रहा है, वित्तायुक्त हरियाणा सरकार के पत्र के अनुसार अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग के पात्र परिवार को भी योजना का लाभ दिया जाए।
4. जो भी लोग वंचित रह गए हैं, उन्हें दोबारा मुनादी करवाकर योजनाओं की सही जानकारी दी जाए और निष्पक्ष जांच एजेंसी से सर्वे करवाकर सही पात्रों को योजना का लाभ दिया जाए।
5. प्रियदर्शनी योजना की पहली किस्त मिल जाने से बेघर हुए लोगों को दूसरी किस्त जारी की जाए, ताकि वे जल्दी से अपना मकान का कार्य पूरा करवा सकें।
6. योजना के तहत वंचित पात्रों परिवारों के बारे में सर्वे करवा योजना का लाभ दिया जाए।
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एडीसी अरविंद मल्हान ने लोगों को समस्याओं के समाधान का आश्वासन दिया है। वहीं, भारी संख्या में सड़कों पर उतरे लोगों की वजह से शहर में जाम की स्थिति भी बन गई। इस कारण वाहन चालकों और राहगीरों को समस्या का सामना करना पड़ा।
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इससे पहले, जिले के अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग अधिकार मंच हरियाणा के बैनर तले जवाहर पार्क में एकत्रित हुए और उन्होंने मांगो पर विचार विमर्श किया। इसके बाद वे नवग्रह-पिहोवा चौक, करनाल रोड से प्रदर्शन करते हुए लघु सचिवालय पहुंचे। प्रदर्शनकारियों में काफी संख्या में महिलाएं शामिल थीं।
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इस मौके पर मंच के प्रदेशाध्यक्ष रामेश्वर फौजी ने कहा कि दोनों योजनाओं सौ-सौ गज के प्लॉट आवंटित करने और इंदिरा गांधी प्रियदर्शनी आवास योजना में गड़बड़ी के कारण पात्र लोग योजनाओं का लाभ लेने से वंचित रह गए। वित्तायुक्त और प्रधान सचिव हरियाणा सरकार की ओर से जारी पत्र का ठीक तरह से पालन नहीं किया गया है।
कैथल में कुल 49 हजार 790 बीपीएल परिवार हैं, जिनमें से सिर्फ 17 हजार लोगों को ही प्लॉट आवंटित किए गए हैं। इसके अलावा अनुसूचित एवं पिछड़े वर्ग के हजारों की संख्या में पात्र परिवार हैं, जिनको योजना का लाभ ही नहीं दिया गया है।
वित्तायुक्त के पत्र में डीसी को दिए गए सभी निर्देशों को ताक पर रख गांव के सरपंचो और ग्राम सचिवों ने अपने चहेतों को योजनाओं को लाभ दिया।
कुछ लोगों को प्लॉट तो मिल गए हैं, लेकिन ज्यादातर को कब्जा नहीं दिलवाया गया है। प्रदर्शनकारियों में ईश्वर गुहणा, प्रताप ठेकेदार, रमेश कुतबपुर, राजेश, बली चौहान, भरत सिंह, कृष्ण लाल, लीला राम, कर्मबीर, रामफल, परसा, अजय, रोशनी देवी, शीला, भतेरी, पताशो, रामरती, बिमला, राजबाला, संतरो, प्रकाशो देवी, रेशमा, महिमा और अन्य शामिल थे।
ये हैं प्रमुख मांगे
1.जिले में आवंटित प्लॉटों पर तुरंत प्रभाव से कब्जा दिलवाया जाए, जो प्लाट आंबटित किए गए हैं उन्हें रिहायश के लायक बनाया जाए।
2.जो प्लॉट आबादी से दूर काटे गए हैं उन्हें आबादी के नजदीक स्थानांतरित किया जाए, ताकि लोग मकान बनाकर रिहायश कर सकें।
3. दोनों ही योजनाओं में सिर्फ बीपीएल परिवारों को ही लाभ दिया जा रहा है, वित्तायुक्त हरियाणा सरकार के पत्र के अनुसार अनुसूचित जाति एवं पिछड़ा वर्ग के पात्र परिवार को भी योजना का लाभ दिया जाए।
4. जो भी लोग वंचित रह गए हैं, उन्हें दोबारा मुनादी करवाकर योजनाओं की सही जानकारी दी जाए और निष्पक्ष जांच एजेंसी से सर्वे करवाकर सही पात्रों को योजना का लाभ दिया जाए।
5. प्रियदर्शनी योजना की पहली किस्त मिल जाने से बेघर हुए लोगों को दूसरी किस्त जारी की जाए, ताकि वे जल्दी से अपना मकान का कार्य पूरा करवा सकें।
6. योजना के तहत वंचित पात्रों परिवारों के बारे में सर्वे करवा योजना का लाभ दिया जाए।