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Panipat News: यमुना में फिर उफान, चेतावनी निशान के पास पहुंचा पानी
Thu, 28 Aug 2025 12:52 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
संवाद न्यूज एजेंसी, पानीपत
Updated Thu, 28 Aug 2025 12:52 AM IST
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खोजकीपुर गांव में कटाव रोकने कके लिए मिट्टी के कट्टे लगाते मजदूर। संवाद
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- नवादा-आर, खोजकीपुर और हथवाला में भूमि का कटाव तेज, हथिनीकुंड से छोड़ा गया है पानी
नंबर गेम-
230.50 मीटर पर पहुंचा जलस्तर
231.00 पर है चेतावनी का निशान
संवाद न्यूज एजेंसी
सनौली। हथिनीकुंड बैराज से पानी छोड़ने के बाद यमुना फिर उफान पर आ गई है जिससे जलस्तर बढ़कर 230.50 मीटर पर पहुंच गया है। यह चेतावनी निशान से आधा मीटर नीचे है। वहीं नवादा-आर, खोजकीपुर और हथवाला गांव में भूमि कटाव तेज हो गया है। सिंचाई विभाग ने खोजकीपुर गांव के पास कटाव बंद किया। जबकि नवादा-आर और हथवाला गांव में काम शुरू नहीं हो पाया है। यमुना में चेतावनी का निशान 231.00 और खतरे का निशान 231.50 मीटर है। वहीं क्षेत्र में मंगलवार रात और बुधवार दिन के समय तेज बारिश हुई। ऐसे में यमुना के साथ लगते गांवों के लोगों की चिंता बढ़ गई है।
पहाड़ों में तेज बारिश के बाद हथिनीकुंड बैराज से मंगलवार से हर घंटे पानी छोड़ा जा रहा है। बैराज से मंगलवार को छोड़ा गया करीब 69 हजार क्यूसेक पानी बुधवार दोपहर तक जिले की सीमा में पहुंच गया। इसके बाद यमुना का जलस्तर बढ़ गया। यमुना नदी में मंगलवार को जलस्तर 229.60 मीटर पर था। यह बुधवार को 230.50 मीटर पर पहुंच गया। यमुना में इस बार पानी का दबाव अधिक है। ऐसे में जिला तक पहुंचने में 24 घंटे से भी कम समय लग रहा है। पानीपत की सीमा के बाद करीब 12 घंटे बाद पानी दिल्ली की सीमा में प्रवेश करता है। केंद्रीय जल आयोग व सिंचाई विभाग के अधिकारियों का मानना है कि दो दिन तक लगातार जलस्तर चेतावनी के निशान के आसपास रह सकता है।
पॉपूलर के पेड़ बहे
नवादा-आर में करीब 20 एकड़ में कटाव हुआ है। पॉपूलर के पेड़ यमुना में बह गए हैं। वहीं खोजकीपुर और हथवाला गांव में भी कटाव जारी है। नवादा-आर गांव में कटाव तक पहुंचने के लिए रास्ता नहीं मिल पा रहा है। ऐसे में सात दिन से कटाव पर काम नहीं हो पा रहा है। खोजकीपुर गांव में बांस के स्टड बनाकर कटाव बंद करने में लगे हैं। इसमें भी सफलता नहीं मिल पा रही है।
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वर्जन :
यमुना में पानी पर निरंतर निगरानी की जा रही है। यमुना तटबंध के एसडीओ, जेई व बेलदारों की टीम लगाई है। कटाव को बंद करने का काम चल रहा है।
- सुरेश सैनी, एक्सईएन, सिंचाई विभाग
नंबर गेम-
230.50 मीटर पर पहुंचा जलस्तर
231.00 पर है चेतावनी का निशान
संवाद न्यूज एजेंसी
सनौली। हथिनीकुंड बैराज से पानी छोड़ने के बाद यमुना फिर उफान पर आ गई है जिससे जलस्तर बढ़कर 230.50 मीटर पर पहुंच गया है। यह चेतावनी निशान से आधा मीटर नीचे है। वहीं नवादा-आर, खोजकीपुर और हथवाला गांव में भूमि कटाव तेज हो गया है। सिंचाई विभाग ने खोजकीपुर गांव के पास कटाव बंद किया। जबकि नवादा-आर और हथवाला गांव में काम शुरू नहीं हो पाया है। यमुना में चेतावनी का निशान 231.00 और खतरे का निशान 231.50 मीटर है। वहीं क्षेत्र में मंगलवार रात और बुधवार दिन के समय तेज बारिश हुई। ऐसे में यमुना के साथ लगते गांवों के लोगों की चिंता बढ़ गई है।
पहाड़ों में तेज बारिश के बाद हथिनीकुंड बैराज से मंगलवार से हर घंटे पानी छोड़ा जा रहा है। बैराज से मंगलवार को छोड़ा गया करीब 69 हजार क्यूसेक पानी बुधवार दोपहर तक जिले की सीमा में पहुंच गया। इसके बाद यमुना का जलस्तर बढ़ गया। यमुना नदी में मंगलवार को जलस्तर 229.60 मीटर पर था। यह बुधवार को 230.50 मीटर पर पहुंच गया। यमुना में इस बार पानी का दबाव अधिक है। ऐसे में जिला तक पहुंचने में 24 घंटे से भी कम समय लग रहा है। पानीपत की सीमा के बाद करीब 12 घंटे बाद पानी दिल्ली की सीमा में प्रवेश करता है। केंद्रीय जल आयोग व सिंचाई विभाग के अधिकारियों का मानना है कि दो दिन तक लगातार जलस्तर चेतावनी के निशान के आसपास रह सकता है।
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पॉपूलर के पेड़ बहे
नवादा-आर में करीब 20 एकड़ में कटाव हुआ है। पॉपूलर के पेड़ यमुना में बह गए हैं। वहीं खोजकीपुर और हथवाला गांव में भी कटाव जारी है। नवादा-आर गांव में कटाव तक पहुंचने के लिए रास्ता नहीं मिल पा रहा है। ऐसे में सात दिन से कटाव पर काम नहीं हो पा रहा है। खोजकीपुर गांव में बांस के स्टड बनाकर कटाव बंद करने में लगे हैं। इसमें भी सफलता नहीं मिल पा रही है।
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वर्जन :
यमुना में पानी पर निरंतर निगरानी की जा रही है। यमुना तटबंध के एसडीओ, जेई व बेलदारों की टीम लगाई है। कटाव को बंद करने का काम चल रहा है।
- सुरेश सैनी, एक्सईएन, सिंचाई विभाग

खोजकीपुर गांव में कटाव रोकने कके लिए मिट्टी के कट्टे लगाते मजदूर। संवाद